Haryana News: हरियाणा के सरकारी स्कूलों में प्रतिनियुक्ति यानी डेपुटेशन पर कार्यरत शिक्षकों और अधिकारियों के लिए स्कूल शिक्षा विभाग की ओर से राहत भरा आदेश जारी किया गया है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि जिन शिक्षकों, प्राथमिक स्कूल मुख्याध्यापकों, हेडमास्टरों और प्रिंसिपलों की नियुक्ति वर्तमान में डेपुटेशन के आधार पर सरकारी स्कूलों में की गई है, उनकी प्रतिनियुक्ति अवधि को आगे बढ़ा दिया गया है।
यह फैसला उन कर्मचारियों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है, जो सक्षम प्राधिकारी या मुख्यमंत्री की स्वीकृति के बाद किसी अन्य स्कूल में प्रतिनियुक्ति पर कार्य कर रहे हैं। विभाग के इस आदेश से ऐसे शिक्षकों और स्कूल प्रमुखों को फिलहाल अपने वर्तमान स्थान पर काम जारी रखने की अनुमति मिल गई है।
Haryana News: पानी-सीवर की समस्या पर CM सख्त, 2,534 करोड़ के प्रोजेक्ट्स को हरी झंडी
30 सितंबर 2026 तक जारी रहेगी व्यवस्था
स्कूल शिक्षा विभाग के प्रधान सचिव विजय सिंह दहिया की ओर से जारी आधिकारिक पत्र के अनुसार, प्रतिनियुक्ति पर तैनात कर्मचारियों को 30 सितंबर 2026 तक राहत दी गई है। आदेश में कहा गया है कि जिन शिक्षकों और अधिकारियों को अभी तक उनके वर्तमान स्कूलों से कार्यमुक्त नहीं किया गया है, वे अपने मौजूदा पदों पर बने रहेंगे।
इसका मतलब है कि विभाग की ओर से ऐसे कर्मचारियों को फिलहाल उनके वर्तमान स्कूलों से हटाया नहीं जाएगा। वे पहले की तरह अपनी सेवाएं जारी रख सकेंगे। यह व्यवस्था 30 सितंबर 2026 तक लागू रहेगी, बशर्ते इससे पहले संबंधित कैडर की ऑनलाइन तबादला प्रक्रिया पूरी न हो जाए।
ऑनलाइन तबादला प्रक्रिया
विभाग ने अपने आदेश में यह भी स्पष्ट किया है कि यदि संबंधित कैडर की ऑनलाइन ट्रांसफर ड्राइव 30 सितंबर 2026 से पहले पूरी हो जाती है, तो यह आदेश उसी तारीख तक प्रभावी रहेगा। यानी जो भी स्थिति पहले आएगी, वही लागू मानी जाएगी।
उदाहरण के तौर पर, अगर किसी कैडर की ऑनलाइन तबादला प्रक्रिया 30 सितंबर 2026 से पहले पूरी हो जाती है, तो संबंधित शिक्षकों और अधिकारियों की प्रतिनियुक्ति अवधि उसी प्रक्रिया के अनुसार समाप्त या परिवर्तित हो सकती है। वहीं अगर तबादला प्रक्रिया तय तारीख तक पूरी नहीं होती, तो वे 30 सितंबर 2026 तक अपने मौजूदा स्कूलों में सेवाएं देते रहेंगे।
मोर्चरी में बदइंतजामी का खुलासा, डी-फ्रिज खराब होने से महिला का शव सड़ा
शिक्षकों और अधिकारियों को मिली अस्थायी राहत
इस आदेश से उन शिक्षकों, प्राथमिक स्कूल मुख्याध्यापकों, हेडमास्टरों और प्रिंसिपलों को अस्थायी राहत मिली है, जो फिलहाल डेपुटेशन पर कार्यरत हैं और जिन्हें अभी तक कार्यमुक्त नहीं किया गया है। विभाग का यह निर्णय स्कूलों में प्रशासनिक व्यवस्था को बनाए रखने और पढ़ाई के कामकाज में निरंतरता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से भी देखा जा रहा है।










