West Bengal Cabinet : बंगाल में सोमवार को होगा कैबिनेट विस्तार, स्वपन दासगुप्ता बन सकते हैं शिक्षा मंत्री

पश्चिम बंगाल में ऐतिहासिक जीत के बाद मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी सोमवार को अपने मंत्रिमंडल का पहला बड़ा विस्तार करने जा रहे हैं। राजभवन में होने वाले इस शपथ ग्रहण समारोह में वरिष्ठ पत्रकार और विधायक स्वपन दासगुप्ता को शिक्षा मंत्री बनाए जाने की अटकलों के बीच, आखिर कौन-कौन से नए चेहरे इस कैबिनेट में शामिल होंगे?

West Bengal Cabinet

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

मई 31, 2026

पश्चिम बंगाल में नई सरकार के ऐतिहासिक गठन को अब करीब एक महीना पूरा होने वाला है, लेकिन राज्य में अभी तक पूर्ण कैबिनेट का गठन नहीं हो पाया है। वर्तमान में सरकार का कामकाज बेहद सीमित मंत्रियों के भरोसे चल रहा है क्योंकि अब तक मुख्यमंत्री के अलावा केवल 5 मंत्रियों ने ही पद और गोपनीयता की शपथ ली है। इन शुरुआती मंत्रियों में दिलीप घोष, अग्निमित्रा पॉल, निशिथ प्रमाणिक, अशोक कीर्तनिया और खुदीराम टुडू जैसे प्रमुख नाम शामिल हैं, जबकि मंत्रिमंडल के बाकी सभी पद अब तक खाली पड़े हैं।

हालांकि, अब इस राजनीतिक शून्यता को भरने और कैबिनेट विस्तार को लेकर सत्ता के गलियारों में चर्चाएं बेहद तेज हो गई हैं। राजनैतिक सूत्रों से मिली प्रामाणिक जानकारी के मुताबिक, आगामी सोमवार को राज्य कैबिनेट का बड़ा विस्तार होने जा रहा है, जिसमें तपस रॉय और स्वपन दासगुप्ता के अलावा कई अन्य नवनिर्वाचित विधायकों को भी मंत्री पद की शपथ दिलाई जा सकती है।

कुल 33 सदस्यों की हो सकती है कैबिनेट

अंदरूनी सूत्रों और राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, पश्चिम बंगाल की इस नई कैबिनेट में मुख्यमंत्री सहित कुल 33 सदस्य शामिल हो सकते हैं, जिससे प्रशासनिक कामकाज को गति मिलेगी। नए मंत्रियों की इस संभावित सूची में कई दिग्गज और नए चेहरों के नामों की सरगर्मी से चर्चा हो रही है, जिनमें बीजेपी के वरिष्ठ नेता स्वपन दासगुप्ता का नाम सबसे आगे और पहले नंबर पर चल रहा है। राजनीतिक हलकों में यह कयास लगाए जा रहे हैं कि स्वपन दासगुप्ता को मंत्रिमंडल में कोई बहुत महत्वपूर्ण और वजनदार जिम्मेदारी सौंपी जा सकती है।

भारतीय जनता पार्टी के बेहद अनुभवी और वरिष्ठ राजनेता स्वपन दासगुप्ता वर्तमान में राश बिहारी विधानसभा क्षेत्र से विधायक हैं। खास बात यह है कि मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी पहले ही उन्हें अनौपचारिक रूप से शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी दे चुके हैं, जिसे देखते हुए जानकार सूत्रों का दृढ़ता से मानना ​​है कि कैबिनेट विस्तार के बाद स्वपन दासगुप्ता को ही राज्य का नया शिक्षा मंत्री बनाया जाएगा।

अनुभवी नेता तपस रॉय की दावेदारी मजबूत

संभावित मंत्रियों की इस दौड़ में बीजेपी के कद्दावर और अनुभवी विधायक तपस रॉय का नाम भी बेहद मजबूती से उभरकर सामने आ रहा है। इस बार के विधानसभा चुनाव में इस बेहद तजुर्बेकार राजनेता ने मानिकतला विधानसभा क्षेत्र से शानदार जीत हासिल की है। राज्य में नई सरकार के गठन के बाद से ही वे लगातार कार्यवाहक अध्यक्ष (प्रोटेम स्पीकर) का महत्वपूर्ण पदभार बखूबी संभाल रहे हैं। नए पूर्णकालिक अध्यक्ष के चुनाव होने तक वे ही विधानसभा की समस्त महत्वपूर्ण कार्यवाही का संचालन कर रहे हैं और उन्होंने ही हाल ही में सभी नए विधायकों को पद की शपथ भी दिलाई है। बीजेपी के शीर्ष सूत्रों के अनुसार, उनके इस लंबे संसदीय अनुभव और वरिष्ठता को देखते हुए इस बार उन्हें कैबिनेट में कोई बेहद महत्वपूर्ण और मलाईदार मंत्री पद दिया जाना लगभग तय माना जा रहा है।

संभावित मंत्रियों की सूची में कई नए और पुराने चेहरे शामिल

आगामी सोमवार को होने वाले इस बहुप्रतीक्षित कैबिनेट विस्तार के लिए भाजपा के कई अन्य प्रमुख विधायकों के नामों पर भी शीर्ष नेतृत्व विचार कर रहा है। संभावित कैबिनेट मंत्रियों की इस लिस्ट में सिलीगुड़ी के प्रखर नेता शंकर घोष, अभिनेता से नेता बने रुद्रनील घोष, शरद्वत टुडू, डॉ. प्रणत टुडू, पूर्व राज्यसभा सांसद रूपा गंगोपाध्याय, कल्याण चक्रवर्ती, सादगी के लिए मशहूर चंदना बाउरी, जगन्नाथ चटर्जी, पूर्व क्रिकेटर अशोक डिंडा और सुब्रत मैत्रा जैसे नाम प्रमुखता से शामिल हैं। हालांकि, पार्टी के शीर्ष नेतृत्व ने अभी तक अपने पत्ते नहीं खोले हैं, जिसके कारण अंतिम रूप से मंत्री बनने वाले चेहरों को लेकर सस्पेंस और उत्सुकता पूरी तरह बनी हुई है।

वर्तमान मंत्रियों के पास हैं ये अहम विभाग

यह जानना भी बेहद दिलचस्प है कि वर्तमान में शपथ ले चुके पांच मंत्रियों के बीच कुल पांच महत्वपूर्ण विभागों का प्रभार पहले ही बांटा जा चुका है। इसके तहत वरिष्ठ नेता दिलीप घोष को पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, पशुपालन विकास विभाग और कृषि विपणन विभाग जैसी बड़ी जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं। तेजतर्रार नेता अग्निमित्रा पॉल को महिला एवं बाल कल्याण मंत्रालय के साथ-साथ नगर एवं ग्रामीण विकास मंत्री की कमान दी गई है। वहीं, युवा नेता निशित प्रमाणिक को रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण उत्तर बंगाल विकास विभाग और खेल विभाग का प्रभार मिला है। इनके अलावा, अशोक कीर्तनिया को जनता से सीधे जुड़े खाद्य विभाग का जिम्मा सौंपा गया है, जबकि खुदीराम टुडू को पिछड़ा वर्ग कल्याण एवं अल्पसंख्यक मामलों के विभाग का कैबिनेट मंत्री बनाया गया है।

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