UP News: शिक्षामित्रों के लिए बड़ी खबर? यूपी की 11,508 शिक्षक भर्ती में मिल सकता है वेटेज

बेसिक शिक्षा परिषद द्वारा सुप्रीम कोर्ट के पुराने आदेश की जानकारी आयोग को भेजे जाने के बाद, शिक्षामित्रों के वेटेज पर दोबारा विचार शुरू हो गया है।

UP News

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

सितम्बर 22, 2026

Advertisements
728x90 Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital.jpg

UP News: उत्तर प्रदेश में चल रही 11,508 सहायक अध्यापक पदों की बड़ी भर्ती प्रक्रिया में शिक्षामित्रों के भविष्य को लेकर एक बार फिर तस्वीर बदलती नजर आ रही है। जब इस भर्ती का नया विज्ञापन जारी किया गया था, तो उसमें शिक्षामित्रों को उनके लंबे कार्य अनुभव के आधार पर किसी भी प्रकार के वेटेज (भारांक) दिए जाने का कोई स्पष्ट उल्लेख नहीं किया गया था। हालांकि, विज्ञापन आने के बाद से ही इस बात को लेकर सुगबुगाहट तेज हो गई थी। अब ताजा घटनाक्रम के तहत, बेसिक शिक्षा परिषद की ओर से इस मामले में सुप्रीम कोर्ट के एक पुराने ऐतिहासिक आदेश की औपचारिक जानकारी उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग को भेज दी गई है, जिसके बाद इस गंभीर मुद्दे पर नए सिरे से विचार-विमर्श शुरू हो गया है।

आयोग ने इस पर उचित निर्णय लेने के लिए विशेष रूप से चार सदस्यीय कमेटी का गठन भी कर दिया है। यह पूरा मामला इसलिए बेहद महत्वपूर्ण है क्योंकि प्रदेश के हजारों शिक्षामित्र प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से इस शिक्षक भर्ती से जुड़े हुए हैं। वर्तमान विज्ञापन के नियमों के अनुसार, शिक्षामित्रों को अधिकतम 60 वर्ष की आयु तक आवेदन करने के लिए पात्र तो माना गया है, लेकिन उनके अनुभव के अंकों को लेकर स्थिति साफ न होने के कारण चिंता बनी हुई थी।

Karnataka News: जेलर और वार्डर भर्ती का नोटिफिकेशन जारी, जानें

सुप्रीम कोर्ट के आदेश और प्रशासनिक पत्राचार का हवाला

UP News
शिक्षामित्रों के लिए बड़ी खबर?

बेसिक शिक्षा परिषद के सचिव सुरेंद्र कुमार तिवारी ने शिक्षा सेवा चयन आयोग के सचिव मनोज कुमार को एक आधिकारिक पत्र भेजा है। इस पत्र में 18 नवंबर 2020 के बहुचर्चित सुप्रीम कोर्ट के आदेश का विशेष हवाला दिया गया है।

राम शरण मौर्य मामला: शीर्ष अदालत ने अपने इस फैसले में स्पष्ट रूप से कहा था कि शिक्षामित्रों को भविष्य की शिक्षक चयन प्रक्रियाओं में एक और उचित अवसर प्रदान किया जाना चाहिए।

राज्य सरकार को अधिकार: हालांकि, अदालत ने यह भी स्पष्ट किया था कि इस अवसर को किस विशिष्ट व्यवस्था या फॉर्मूले के तहत लागू किया जाएगा, इसका निर्धारण करने का पूर्ण अधिकार राज्य सरकार के पास है।

परिषद की तरफ से इस महत्वपूर्ण आदेश की प्रति और जानकारी मिलने के बाद, शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा बनाई गई चार सदस्यीय कमेटी इस पूरे कानूनी और प्रशासनिक पहलू का बारीकी से अध्ययन कर रही है। इसी कमेटी की रिपोर्ट और सिफारिशों के आधार पर आयोग आगे का आधिकारिक फैसला लेगा।

पूर्व की भर्तियों में मिल चुका है अनुभव का लाभ

UP News
शिक्षामित्रों के लिए बड़ी खबर?

शिक्षामित्रों को उम्मीद इसलिए भी ज्यादा बंध रही है क्योंकि उन्हें इससे पहले की बड़ी भर्तियों में भी कार्य अनुभव के आधार पर भारांक (वेटेज) का लाभ मिल चुका है।

पुरानी प्रक्रिया: पूर्व में आयोजित 68,500 और 69,000 सहायक अध्यापक भर्तियों के दौरान शिक्षामित्रों को उनके पढ़ाने के अनुभव के एवज में अतिरिक्त अंक दिए गए थे।

अंकों का गणित: उस व्यवस्था के नियमों के अनुसार, प्रत्येक वर्ष के अनुभव के हिसाब से 2.5 अंक तय किए गए थे और इसकी अधिकतम सीमा 25 अंकों तक निर्धारित की गई थी।

इसी पुरानी और स्थापित व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए इस बार भी शिक्षामित्रों को अनुभव वेटेज मिलने की प्रबल उम्मीद है। हालांकि, मौजूदा भर्ती में कितने अंकों का लाभ मिलेगा और इसके लिए नया फार्मूला क्या होगा, यह कमेटी की रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।

विशेष टीईटी की मांग और आगे की राह

भर्ती विज्ञापन जारी होने के बाद जब वेटेज का जिक्र नहीं मिला, तो शिक्षामित्रों के बीच यह बड़ा सवाल खड़ा हो गया था कि सर्वोच्च न्यायालय के स्पष्ट निर्देशों के बावजूद विज्ञापनों में इसे क्यों छोड़ा गया। इसके अलावा, शिक्षामित्रों का एक बड़ा वर्ग लंबे समय से ‘विशेष टीईटी’ (शिक्षक पात्रता परीक्षा) आयोजित किए जाने की भी जोरदार मांग कर रहा है। उनका तर्क है कि पात्रता परीक्षा पास करने के बाद ही अनुभव का वास्तविक लाभ शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में मिल सकेगा। बहरहाल, आयोग द्वारा भारांक को लेकर शुरू की गई इस नई प्रक्रिया के बाद से शिक्षामित्रों की उम्मीदें एक बार फिर परवान चढ़ने लगी हैं।

यूपी NEET UG काउंसलिंग फिर से शुरू, जानें चॉइस फिलिंग और सीट अलॉटमेंट की तारीख

2