PM Modi Haldia Rally : पीएम मोदी ने टीएमसी को घेरा, 7वें वेतन आयोग समेत बंगाल को दी 6 बड़ी गारंटियाँ

हल्दिया की धरती से पीएम मोदी ने ममता सरकार के ताबूत में आखिरी कील ठोंक दी है! 'डबल धोखे' का आरोप लगाते हुए मोदी ने 6 ऐसी गारंटियाँ दी हैं जिन्होंने बंगाल की राजनीति में भूचाल ला दिया। क्या वाकई भ्रष्ट नेता जेल जाएंगे? क्या बंगाल के कर्मचारियों को मिलेगा उनका हक? जानिए पूरी रिपोर्ट।

PM Modi Haldia Rally

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

अप्रैल 9, 2026

PM Modi Haldia Rally  : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को पश्चिम बंगाल के हल्दिया में एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए तृणमूल कांग्रेस (TMC) पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि ममता बनर्जी की सरकार ने बंगाल के युवाओं को ‘डबल धोखा’ दिया है। पीएम के अनुसार, राज्य से निजी क्षेत्र का नामोनिशान मिटा दिया गया है और भ्रष्टाचार के कारण युवाओं के परिवारों के सपने चकनाचूर हो गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि तुष्टिकरण की राजनीति के चलते धर्म के आधार पर आरक्षण देने की कोशिश की जा रही है, जो अदालतों के आदेशों की भी अवहेलना है।

आरजी कर केस और न्याय की गूँज

चुनावी माहौल के बीच आरजी कर अस्पताल कांड की पीड़िता की माँ, रत्ना देबनाथ का भावुक बयान भी सामने आया है। उन्होंने संकल्प लिया है कि जब तक उनकी बेटी को पूर्ण न्याय नहीं मिल जाता, वे अपने बालों में कंघी नहीं करेंगी। गौरतलब है कि रत्ना देबनाथ वर्तमान में भाजपा के टिकट पर पानीहाटी सीट से विधानसभा चुनाव लड़ रही हैं, जिससे यह मुद्दा राजनीतिक रूप से और भी संवेदनशील हो गया है।

हल्दिया और बीरभूम: भाजपा का विजय संकल्प

हल्दिया को शुभेंदु अधिकारी का मजबूत किला माना जाता है। 2021 और 2024 के चुनावों में यहाँ भाजपा का प्रदर्शन शानदार रहा है। हल्दिया के बाद पीएम मोदी ने आसनसोल और बीरभूम में भी रैलियां कीं। बीरभूम, जो पारंपरिक रूप से टीएमसी का गढ़ रहा है, वहाँ भाजपा अब सत्ता विरोधी लहर (एंटी-इनकम्बेंसी) और आरएसएस के मजबूत जमीनी नेटवर्क के सहारे सेंध लगाने की तैयारी में है।

असम चुनाव में नाटकीय मोड़: कांग्रेस उम्मीदवार का पलायन

इधर पड़ोसी राज्य असम में मतदान से ठीक एक दिन पहले कांग्रेस को बड़ा झटका लगा। उदलगुरी सीट से कांग्रेस प्रत्याशी सुरेन दैमारी ने पार्टी छोड़ दी। हालांकि, तकनीकी कारणों से उनका नाम ईवीएम (EVM) पर बना रहेगा क्योंकि नाम वापसी का समय समाप्त हो चुका है। चुनाव आयोग के अनुसार, मतदाता अभी भी उनके नाम पर बटन दबा सकते हैं।

पीएम मोदी की बंगाल के लिए ‘6 विशेष गारंटियाँ’

प्रधानमंत्री ने बंगाल की जनता से छह प्रमुख वादे किए:

  1. न्याय की स्थापना: भय मुक्त वातावरण और कानूनी मदद का भरोसा।

  2. जवाबदेही: सरकारी तंत्र को जनता के प्रति उत्तरदायी बनाना।

  3. कड़ी जाँच: घोटाले और अपराधों की फाइलों को फिर से खोलना।

  4. भ्रष्टाचारियों को जेल: जनता का पैसा लूटने वालों को सलाखों के पीछे भेजना।

  5. शरणार्थी और घुसपैठ: शरणार्थियों को सम्मान और घुसपैठियों को बाहर करना।

  6. 7वां वेतन आयोग: सरकारी कर्मचारियों के लिए सातवां पे कमीशन लागू करना।

महिला सुरक्षा और कानून व्यवस्था पर प्रहार

पीएम ने कहा कि बंगाल में “निर्मम सरकार” के कारण महिलाओं का जीवन असुरक्षित हो गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि अपराध करने वाले तत्वों को टीएमसी का संरक्षण प्राप्त है क्योंकि वे उनके वोट बैंक हैं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि भाजपा सरकार माताओं और बेटियों को सम्मानजनक और सुरक्षित वातावरण प्रदान करेगी।

मत्स्य पालन और आत्मनिर्भर बंगाल का विजन

मछली उत्पादन पर बात करते हुए पीएम ने कहा कि भारी मांग के बावजूद बंगाल आज भी आत्मनिर्भर नहीं है। उन्होंने बिहार और असम का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां भाजपा और एनडीए की सरकारों ने मछली उत्पादन को दोगुना कर दिया है। उन्होंने टीएमसी पर केंद्र की मत्स्य योजनाओं को लागू न करने का आरोप लगाया और ‘डबल इंजन’ सरकार की आवश्यकता पर जोर दिया ताकि मछुआरों को 5 लाख तक के बीमा और अन्य लाभ मिल सकें।

पारदर्शी भर्ती और रोजगार का वादा

अंत में, मोदी ने सरकारी नौकरियों में पारदर्शिता लाने का वादा किया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार में भर्तियों का एक निश्चित कैलेंडर होगा और कोई ‘कट-मनी’ या कमीशनखोरी नहीं चलेगी। राज्य में रोजगार मेले आयोजित किए जाएंगे ताकि खाली पड़े हजारों पदों को निष्पक्ष तरीके से भरा जा सके।

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