JP Nadda Press Conference: देश में पेपर लीक और छात्र आंदोलनों को लेकर जारी भारी राजनीतिक घमासान के बीच अब सत्तापक्ष की ओर से भी तीखा पलटवार किया गया है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने बुधवार को एक महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस कर विपक्ष, खासकर कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा निशाना साधा। जेपी नड्डा ने दो टूक शब्दों में कहा कि पेपर लीक जैसे बेहद संवेदनशील और छात्रों के भविष्य से जुड़े मुद्दों पर राजनीति नहीं होनी चाहिए और न ही छात्र आंदोलन का राजनीतिकरण किया जाना चाहिए।
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राहुल गांधी के दावों पर जेपी नड्डा का जवाब
इससे पहले लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने केंद्र सरकार को घेरते हुए आरोप लगाया था कि पिछले 10 साल में देश में 152 पेपर लीक हुए हैं। राहुल गांधी के इसी बयान और प्रेस कॉन्फ्रेंस पर पलटवार करते हुए केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने भारतीय संसद और मीडिया के सामने लगभग 150 पेपर लीक होने का जो दावा किया है, वह पूरी तरह से जांच का विषय है।
जिम्मेदार सरकार का रुख: जेपी नड्डा ने भरोसा दिलाया कि एक जिम्मेदार और जवाबदेह सरकार होने के नाते, केंद्र सरकार इन सभी मामलों की गहराई से निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करेगी। जांच पूरी होने के बाद पूरी सच्चाई को पूरी पारदर्शिता के साथ देश की जनता और राष्ट्र के सामने पेश किया जाएगा।
नड्डा का राज्यों की सूची के साथ पलटवार
केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने केवल बचाव नहीं किया, बल्कि आंकड़े पेश करते हुए उन राज्यों पर सवाल उठाए जहाँ कांग्रेस या उनके सहयोगी दलों की सरकारें हैं। उन्होंने सिलसिलेवार ढंग से गैर-भाजपा शासित राज्यों में हुए पेपर लीक के मामलों को गिनाया:
जम्मू-कश्मीर: जेपी नड्डा ने याद दिलाया कि जम्मू-कश्मीर में सर्विस सेलेक्शन बोर्ड (SSB) की परीक्षा का पेपर लीक हुआ था, जहाँ नेशनल कॉन्फ्रेंस और कांग्रेस के गठबंधन की सरकार है।
हिमाचल प्रदेश: उन्होंने हिमाचल प्रदेश का उदाहरण देते हुए कहा कि वहाँ के राज्य स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड में भी पेपर लीक का बड़ा मामला सामने आया, जहाँ वर्तमान में कांग्रेस की सरकार सत्ता में है।
झारखंड: झारखंड का जिक्र करते हुए केंद्रीय मंत्री ने बताया कि वहाँ झारखंड एकेडमिक काउंसिल (JAC) की परीक्षा में हिंदी और विज्ञान जैसे महत्वपूर्ण विषयों के पेपर लीक हुए। बता दें कि वहाँ झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM) और कांग्रेस की संयुक्त सरकार है।
तेलंगाना: नड्डा ने दक्षिण का रुख करते हुए कहा कि तेलंगाना में इंटरमीडिएट परीक्षा के लैंग्वेज पेपर और एसएससी (SSC) परीक्षा के लैंग्वेज पेपर लीक की घटनाएं हुईं। तेलंगाना में भी इस समय कांग्रेस की सरकार है, जिसे सीपीआई (CPI) का समर्थन प्राप्त है।
राहुल गांधी ने उठाया था छात्रों पर लाठीचार्ज का मुद्दा
जेपी नड्डा की यह प्रेस कॉन्फ्रेंस विपक्ष के उन हमलों के बाद आई है, जिसमें राहुल गांधी ने दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर पुलिसिया कार्रवाई को लेकर सरकार की मंशा पर सवाल खड़े किए थे। राहुल गांधी ने सरकार को घेरते हुए कहा था कि देश के होनहार छात्र पूरी तरह से शांतिपूर्ण तरीके से सड़कों पर उतरकर अपने हक की आवाज उठा रहे हैं। लेकिन सरकार और सुरक्षा बल उनके साथ ऐसा हिंसक और बर्बर व्यवहार कर रहे हैं, मानो उन्होंने कोई संगीन अपराध कर दिया हो। राहुल गांधी का कहना था कि देश के युवा सिर्फ एक निष्पक्ष, पारदर्शी और भ्रष्टाचार मुक्त शिक्षा प्रणाली की मांग कर रहे हैं, जो इस लोकतांत्रिक देश में उनका संवैधानिक अधिकार है।
बहरहाल, जेपी नड्डा के इस तीखे पलटवार और राज्यों के आंकड़ों को सामने रखने के बाद अब पेपर लीक का यह पूरा मुद्दा पूरी तरह से राजनीतिक रंग ले चुका है, जहाँ सत्तापक्ष और विपक्ष एक-दूसरे को कटघरे में खड़ा कर रहे हैं।










