जीतू पटवारी के भाई से जुड़े बैंक लेनदेन की 10 साल की जांच शुरू, कॉलोनाइजर भी जांच के दायरे में

इंदौर. ब्राउन शुगर ड्रग्स की खरीदी-बिक्री, सेवन, धोखाधड़ी और ऑन लाइन सट्टे की जांच वित्तीय लेनदेन तक जा पहुंची है। पुलिस ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के भाई कुलभूषण उर्फ नाना पटवारी और कॉलोनाइजर सुमित मंत्री से दस साल का बैंक ट्रांजेक्शन मांगा है। कॉलोनाइजर सुमित मंत्री फर्जी मेडिकल सर्टिफिकिट बनवा कर बचने की कोशिश में है। डीसीपी जोन-1 नरेंद्रसिंह रावत के अनुसार नाना पटवारी को ड्रग्स मुहैया करवाने वाले पैडलर का गुरुवार को रिमांड समाप्त हो रहा था। दोपहर को कोर्ट पेश कर रिमांड अवधि बढ़ा ली। पुलिस ने मामले में कॉलोनाइजर सुमित मंत्री को बुलाया था। उसने

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Published On :

जुलाई 17, 2026

इंदौर.

ब्राउन शुगर ड्रग्स की खरीदी-बिक्री, सेवन, धोखाधड़ी और ऑन लाइन सट्टे की जांच वित्तीय लेनदेन तक जा पहुंची है। पुलिस ने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी के भाई कुलभूषण उर्फ नाना पटवारी और कॉलोनाइजर सुमित मंत्री से दस साल का बैंक ट्रांजेक्शन मांगा है।

कॉलोनाइजर सुमित मंत्री फर्जी मेडिकल सर्टिफिकिट बनवा कर बचने की कोशिश में है। डीसीपी जोन-1 नरेंद्रसिंह रावत के अनुसार नाना पटवारी को ड्रग्स मुहैया करवाने वाले पैडलर का गुरुवार को रिमांड समाप्त हो रहा था। दोपहर को कोर्ट पेश कर रिमांड अवधि बढ़ा ली। पुलिस ने मामले में कॉलोनाइजर सुमित मंत्री को बुलाया था। उसने पहले डॉक्टर दीपक बंसल से बीमारी का प्रमाण बनवा कर प्रस्तुत कर दिया। बाद में बयान देने के लिए उपस्थित भी हो गए।

पुलिस ने पायल साहनी का अनुबंध पत्र बताया तो कॉलोनाइजर सुमित मंत्री ने गुमराह करने का प्रयास किया। उसने नाना को अधिकृत होने से तो इनकार किया पर उसके खिलाफ शिकायत और बयान से इनकार कर दिया। पुलिस ने कॉलोनाइजर सुमित मंत्री को पुन: बुलाया है। इस बार दस वर्षों का बैंक ट्रांजेक्शन मांगा गया है।