IndiGo 6E 108 Fire : इंडिगो की फ्लाइट में पावर बैंक धमाका, इमरजेंसी स्लाइड से कूदकर बचे 198 यात्री

हैदराबाद से चंडीगढ़ आई इंडिगो की फ्लाइट 6E 108 में लैंडिंग के ठीक बाद एक यात्री के पावर बैंक में जोरदार धमाका हुआ। केबिन में धुआं भरते ही पायलट ने तत्काल निकासी का आदेश दिया। 198 यात्रियों को इन्फ्लेटेबल स्लाइड्स के जरिए बाहर निकाला गया। आखिर क्यों फटा पावर बैंक?

IndiGo 6E 108 Fire

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

मई 5, 2026

IndiGo 6E 108 Fire : इंडिगो एयरलाइंस की हैदराबाद से चंडीगढ़ आ रही फ्लाइट में उस वक्त दहशत का माहौल बन गया, जब विमान के भीतर अचानक धुआं फैलने लगा। यह घटना चंडीगढ़ के शहीद भगत सिंह इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर लैंडिंग के ठीक बाद की है। फ्लाइट संख्या 6E-108 (HYD–IXC) ने दोपहर करीब 3:29 बजे रनवे पर सुरक्षित लैंडिंग की थी, लेकिन किसी को अंदाजा नहीं था कि अगले ही पल विमान के अंदर एक बड़ी इमरजेंसी खड़ी हो जाएगी। इस विमान में कुल 198 यात्री, दो मासूम बच्चे और चालक दल के 6 सदस्य सवार थे। लैंडिंग के बाद यात्रियों ने राहत की सांस ली ही थी कि केबिन में धुएं की गंध ने सबको डरा दिया।

पावर बैंक में जोरदार विस्फोट: सीट संख्या 39C के पास भड़की आग

विमान जब लैंडिंग के बाद टैक्सी करते हुए बे नंबर-1 की ओर बढ़ रहा था, तभी सीट संख्या 39C पर बैठे एक यात्री के पास रखे पावर बैंक में अचानक विस्फोट हो गया। विस्फोट के साथ ही पावर बैंक से आग की लपटें निकलने लगीं और भारी मात्रा में धुआं निकलने लगा। यात्री ने तुरंत इसकी सूचना क्रू मेंबर्स को दी। प्रारंभिक आशंका जताई जा रही है कि बैटरी में ओवरहीटिंग या तकनीकी खराबी के कारण यह ब्लास्ट हुआ। विमान के बंद केबिन में आग और धुएं की खबर फैलते ही यात्रियों के बीच हड़कंप मच गया और लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर देखने लगे।

क्रू मेंबर्स की मुस्तैदी और फायर एक्सटिंग्विशर का त्वरित इस्तेमाल

जैसे ही आग और धुएं की जानकारी मिली, इंडिगो के प्रशिक्षित क्रू मेंबर्स ने बिना समय गंवाए मोर्चा संभाल लिया। उन्होंने तुरंत विमान में मौजूद फायर एक्सटिंग्विशर (अग्निशमन यंत्र) का उपयोग किया और पावर बैंक से निकलने वाली आग पर काबू पाया। हालांकि, आग तो बुझ गई लेकिन तब तक पूरे केबिन में जहरीला और घना धुआं भर चुका था, जिससे यात्रियों को सांस लेने में कठिनाई होने लगी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए विमान के पायलट ने तुरंत ग्राउंड कंट्रोल को सूचित किया और विमान में ‘इमरजेंसी’ घोषित कर दी गई।

इमरजेंसी एग्जिट से हुआ रेस्क्यू: स्लाइड के जरिए सुरक्षित निकाले गए यात्री

केबिन में धुआं लगातार बढ़ने के कारण सामान्य रास्ते से यात्रियों को उतारना जोखिम भरा लग रहा था। सुरक्षा मानकों का पालन करते हुए करीब 3:35 बजे विमान का इमरजेंसी एग्जिट (आपातकालीन द्वार) खोल दिया गया। इसके बाद विमान से जुड़ी इमरजेंसी स्लाइड्स को सक्रिय किया गया। एक-एक करके सभी 198 यात्रियों और बच्चों को इन्हीं स्लाइड्स के जरिए सुरक्षित बाहर निकाला गया। इस दौरान एयरपोर्ट पर एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड की गाड़ियाँ भी मौके पर पहुँच गईं। शुक्र है कि क्रू की सूझबूझ से किसी भी यात्री को कोई गंभीर चोट नहीं आई और एक बड़ा हादसा टल गया।

जांच के घेरे में पावर बैंक: उड़ानों में इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों पर सुरक्षा चिंता

इस घटना ने एक बार फिर उड़ानों के दौरान लिथियम-आयन बैटरी वाले उपकरणों, जैसे पावर बैंक और लैपटॉप की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। वर्तमान नियमों के अनुसार, पावर बैंक को चेक-इन बैगेज में ले जाना वर्जित है और इसे केवल हैंड बैगेज में ही रखने की अनुमति है। इंडिगो और एयरपोर्ट अथॉरिटी अब इस बात की विस्तृत जांच कर रहे हैं कि विस्फोट किस ब्रांड के पावर बैंक में हुआ और क्या यात्री ने सुरक्षा निर्देशों का पालन किया था। इस घटना के बाद शहीद भगत सिंह इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर कुछ समय के लिए परिचालन प्रभावित हुआ, लेकिन स्थिति अब पूरी तरह नियंत्रण में है।

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