Goa News: गोवा के पोरवोरिम इलाके में शुक्रवार रात होटल के बाहर हुई गोलीबारी की घटना ने राज्य की कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अज्ञात हमलावरों ने एक स्थानीय कैसीनो के पास स्थित मैजेस्टिक प्राइड होटल्स एंड रिसॉर्ट्स प्राइवेट लिमिटेड के डायरेक्टर श्रीनिवास नायक को कथित तौर पर निशाना बनाते हुए फायरिंग की। इस घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
गोवा फायरिंग में बाल-बाल बचे होटल डायरेक्टर श्रीनिवास नायक
जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार रात करीब 8:45 बजे श्रीनिवास नायक अपने होटल के बाहर मौजूद थे। इसी दौरान अज्ञात हमलावरों ने उन पर गोलीबारी कर दी। हालांकि, नायक इस हमले में बाल-बाल बच गए। गोलीबारी के बाद हमलावर मौके से फरार हो गए। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और जांच एजेंसियों की टीमें घटनास्थल पर पहुंचीं और मामले की जांच शुरू कर दी।
पोरवोरिम में कानून-व्यवस्था पर RGP विधायक वीरेश बोरकर का हमला
गोलीबारी की सूचना मिलने के बाद रिवोल्यूशनरी गोअन्स पार्टी (RGP) के विधायक वीरेश बोरकर भी घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने मौके का जायजा लेने के बाद राज्य सरकार और गृह विभाग पर जमकर निशाना साधा। बोरकर ने इस गोलीबारी को गंभीर घटना बताते हुए कहा कि गोवा में कानून-व्यवस्था की स्थिति लगातार बिगड़ रही है और सरकार लोगों को सुरक्षा देने में नाकाम साबित हो रही है।
गोवा में कानून-व्यवस्था फेल होने का आरोप
पत्रकारों से बातचीत में वीरेश बोरकर ने कहा कि राज्य में इस तरह की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। उन्होंने गोलीबारी की घटना को गोवा के लिए ‘काला दिन’ बताते हुए दावा किया कि राज्य में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। बोरकर के मुताबिक, जिस जगह गोलीबारी हुई वह पोरवोरिम का प्रमुख और व्यस्त इलाका है, ऐसे में इस तरह की वारदात सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा करती है।
होटल के बाहर फायरिंग को सुनियोजित घटना बता रहे बोरकर
RGP विधायक ने पोरवोरिम गोलीबारी को महज अचानक हुई वारदात मानने के बजाय इसे कथित तौर पर सुनियोजित हमला बताया। उन्होंने आशंका जताई कि इसके पीछे निजी विवाद या व्यावसायिक रंजिश हो सकती है। हालांकि, हमले की वास्तविक वजह क्या थी और श्रीनिवास नायक को ही निशाना क्यों बनाया गया, इसका खुलासा पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगा।
पुलिस की प्रतिक्रिया पर भी उठे सवाल
वीरेश बोरकर ने घटना के बाद स्थानीय अधिकारियों की प्रतिक्रिया को लेकर भी सवाल उठाए। उनका आरोप था कि गोलीबारी जैसी गंभीर घटना के बावजूद शुरुआती स्तर पर वरिष्ठ अधिकारियों के पास घटना की स्पष्ट जानकारी नहीं थी। उन्होंने कहा कि जब वारदात पोरवोरिम जैसे प्रमुख इलाके में हुई है, तो पुलिस और प्रशासन की प्रतिक्रिया तुरंत और स्पष्ट होनी चाहिए थी।
BJP सरकार पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर निशाना
बोरकर ने राज्य सरकार और गृह विभाग से इस मामले की नैतिक जिम्मेदारी लेने की मांग की। उन्होंने कहा कि घटना की तत्काल और निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। RGP विधायक ने आरोप लगाया कि BJP सरकार राज्य के लोगों को पर्याप्त सुरक्षा और संरक्षा देने में पूरी तरह विफल रही है।
गोवा पुलिस ने शुरू किया बड़ा तलाशी अभियान
फिलहाल गोवा पुलिस ने गोलीबारी करने वाले अज्ञात आरोपियों की तलाश तेज कर दी है। आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए कई पुलिस टीमों को लगाया गया है। जांच एजेंसियां घटनास्थल से सबूत जुटाने के साथ-साथ आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज और अन्य सुरागों की भी जांच कर रही हैं।
फायरिंग के पीछे कौन?
इस गोलीबारी के पीछे व्यक्तिगत दुश्मनी, कारोबारी विवाद या कोई अन्य वजह थी, यह फिलहाल स्पष्ट नहीं है। पुलिस आरोपियों तक पहुंचने के लिए हर संभावित एंगल से जांच कर रही है। वहीं, पोरवोरिम की इस घटना ने एक बार फिर गोवा में कानून-व्यवस्था और आम लोगों की सुरक्षा को लेकर राजनीतिक बहस तेज कर दी है।










