PM Modi in Dhurandhar 2: आदित्य धर के निर्देशन में बनी बहुप्रतीक्षित फिल्म ‘धुरंधर 2: द रिवेंज’ सिनेमाघरों में रिलीज हो चुकी है। यह फिल्म न केवल अपनी पिछली कड़ी के अनसुलझे रहस्यों को सुलझाती है, बल्कि दर्शकों को एक ऐसे नए सिनेमाई अनुभव से रूबरू कराती है जिसकी कल्पना पहले नहीं की गई थी। फिल्म की पटकथा में गहराई और घटनाओं के पीछे के ठोस संदर्भ इसे महज एक एक्शन मूवी से ऊपर उठाकर एक गंभीर राजनीतिक-थ्रिलर की श्रेणी में खड़ा करते हैं।
पीएम मोदी का प्रभाव और पड़ोसी मुल्क में खौफ का चित्रण
बताते चले कि, फिल्म का सबसे चर्चित हिस्सा वह दृश्य है जहां मेजर इकबाल टेलीविजन पर नरेंद्र मोदी के भारत के अगले प्रधानमंत्री बनने की खबर देखता है। इस सीन के माध्यम से निर्देशक ने यह दर्शाने की कोशिश की है कि सत्ता परिवर्तन का असर सिर्फ देश की सीमाओं के भीतर ही नहीं, बल्कि पार भी गहराई से महसूस किया गया। फिल्म के संवादों और दृश्यों में स्पष्ट है कि नई दिल्ली में नेतृत्व के बदलाव ने इस्लामाबाद और रावलपिंडी के गलियारों में हलचल पैदा कर दी थी।
कट्टरपंथियों और अंडरवर्ल्ड में हड़कंप
फिल्म में मेजर इकबाल के पिता का इस खबर पर बिफरना और दाऊद इब्राहिम के किरदार द्वारा दिया गया संवाद— “जब से ये चायवाला हिंदुस्तान में आया है, हमारे लोगों के अंदर और खौफ बढ़ गया है”—दर्शकों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। आदित्य धर ने बड़ी बारीकी से यह दिखाया है कि कैसे भारत की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति ने सीमा पार के मंसूबों पर पानी फेर दिया। फिल्म यह संदेश देने में सफल रही है कि एक मजबूत इच्छाशक्ति वाली सरकार किस तरह वैश्विक पटल पर अपने दुश्मन के हौसले पस्त कर सकती है।
अजित डोभाल की रणनीतियां और आतंकवाद पर प्रहार
पूरी फिल्म के दौरान प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल की नीतियों का प्रभाव साफ झलकता है। ‘धुरंधर 2’ यह स्थापित करती है कि साल 2014 के बाद भारत का आतंकियों से निपटने का तरीका पूरी तरह बदल गया। फिल्म में दिखाया गया है कि कैसे पाकिस्तान की ‘छद्म युद्ध’ की रणनीति विफल हुई और भारत ने रक्षात्मक होने के बजाय आक्रामक रुख अपनाया, जिससे पड़ोसी देश में ‘सूखे पत्तों’ जैसी घबराहट फैल गई।
बॉक्स ऑफिस कलेक्शन
व्यापारिक आंकड़ों की बात करें तो ‘धुरंधर 2’ ने बॉक्स ऑफिस पर अपनी पकड़ मजबूत कर ली है। पेड प्रीव्यू के जरिए फिल्म ने रिलीज से पहले ही लगभग 50 करोड़ रुपये का विशाल कलेक्शन कर लिया था। वहीं, रिलीज के पहले दिन फिल्म ने करीब 7.14 करोड़ रुपये की ओपनिंग की है। शुरुआती रुझान बताते हैं कि फिल्म आने वाले वीकेंड में नए रिकॉर्ड स्थापित कर सकती है।
रणवीर सिंह का अभिनय और फिल्म की समीक्षा
हालांकि कुछ समीक्षकों ने फिल्म की लंबाई और शुरुआती धीमी गति पर सवाल उठाए हैं, लेकिन रणवीर सिंह की ऊर्जावान परफॉर्मेंस और फिल्म का ‘दमदार क्लाइमैक्स’ उन कमियों को ढक लेता है। दर्शकों से मिल रहा पॉजिटिव रिस्पॉन्स यह साबित करता है कि देशभक्ति और बेहतरीन मेकिंग का मिश्रण हमेशा सफल होता है।









