CM Vijay Tamilnadu: तमिलनाडु में 10 साल की मासूम की हत्या से भारी आक्रोश; सीएम विजय बोले- ‘अपराधियों को किसी भी हाल में छोड़ेंगे नहीं’

तमिलनाडु के कोयंबटूर में 10 साल की मासूम की बेरहमी से हत्या के बाद पूरे राज्य में भारी आक्रोश है। पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है, वहीं मुख्यमंत्री जोसेफ विजय ने सख्त रुख अपनाते हुए अपराधियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने का भरोसा दिया है।

CM Vijay Tamilnadu

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

मई 23, 2026

CM Vijay Tamilnadu: तमिलनाडु के कोयंबटूर जिले से एक बेहद दिल दहला देने वाली और स्तब्ध करने वाली घटना सामने आई है। जिले के सुलूर इलाके में 10 साल की एक मासूम बच्ची की बेरहमी से हत्या के मामले ने पूरे राज्य को झकझोर कर रख दिया है। गुरुवार शाम से लापता बच्ची का शव शुक्रवार को कन्नमपलयम झील के पास बेहद गंभीर और घायल अवस्था में बरामद हुआ। इस जघन्य अपराध के बाद पूरे इलाके में तनाव का माहौल है और स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ छात्रों का गुस्सा सातवें आसमान पर है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस मामले में दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जिनकी पहचान कार्तिक और मोहन राज के रूप में हुई है।

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किराने का सामान लेने निकली थी मासूम

पुलिस द्वारा साझा की गई प्राथमिक जानकारी के अनुसार, यह दर्दनाक घटना उस वक्त शुरू हुई जब 10 वर्षीय मासूम बच्ची अपने घर के पास ही स्थित एक किराना दुकान से कुछ सामान खरीदने के लिए निकली थी। इसी दौरान घात लगाए बैठे आरोपियों ने कथित तौर पर सुनसान रास्ते का फायदा उठाकर उसका अपहरण कर लिया। इसके बाद आरोपियों ने मासूम के साथ दरिंदगी की और उसकी हत्या कर शव को झील के किनारे फेंक दिया।

मासूम की मौत की खबर फैलते ही पीड़ित परिवार, रिश्तेदारों और स्थानीय निवासियों का गुस्सा फूट पड़ा। इंसाफ की मांग को लेकर सैकड़ों लोगों ने सुलूर पुलिस स्टेशन का घेराव कर भारी विरोध प्रदर्शन किया। पीड़ित परिवार इस कदर आक्रोशित और दुखी है कि उन्होंने न्याय का ठोस आश्वासन मिलने तक शव को मुर्दाघर (मर्चुरी) से लेने से साफ इनकार कर दिया। परिवार के एक सदस्य ने समाचार एजेंसी ANI से रोते हुए कहा, ‘हमने राज्य में बदलाव और सुरक्षा के लिए वोट दिया था, लेकिन आज हमें सिर्फ आश्वासन के लिए भी तरसना पड़ रहा है।’

मुख्यमंत्री जोसेफ विजय का बड़ा बयान

इस संवेदनशील मामले पर बढ़ते जन आक्रोश के बीच तमिलनाडु के मुख्यमंत्री जोसेफ विजय ने गहरा दुख और संवेदना व्यक्त की है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अपनी पोस्ट में लिखा कि कोयंबटूर में 10 साल की बच्ची के साथ हुई यह घटना अत्यंत दुखद, क्रूर और आत्मा को झकझोर देने वाली है। सीएम विजय ने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि हमारे सभ्य समाज में ऐसे अमानवीय और अक्षम्य अपराधों के लिए कोई जगह नहीं है और इसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

प्रशासनिक मुस्तैदी दिखाते हुए सरकार ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तमिलनाडु के पुलिस महानिदेशक (DGP) संदीप राय राठौर को खुद कोयंबटूर भेजा है, जो वहां पहुंचकर इस हाई-प्रोफाइल मामले की जांच की समीक्षा कर रहे हैं। दूसरी ओर, जनता का गुस्सा थमता नजर नहीं आ रहा है; बड़ी संख्या में कॉलेज छात्रों और स्थानीय लोगों ने सड़कों पर उतरकर चक्का जाम कर दिया और कानून व्यवस्था के खिलाफ नारेबाजी की।

राजनीतिक गलियारों में गरमाया मुद्दा

इस हृदयविदारक घटना ने अब राजनीतिक रूप भी ले लिया है। विपक्ष में बैठी द्रमुक (DMK) ने राज्य की नवगठित तमिलगा वेत्री कड़गम (TVK) सरकार को कानून-व्यवस्था के मोर्चे पर बुरी तरह घेरा है। DMK के वरिष्ठ नेता उदयनिधि स्टालिन ने सोशल मीडिया पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि नई सरकार के सत्ता में आने के महज 12 दिनों के भीतर ही राज्य में 30 से अधिक बड़ी आपराधिक वारदातें हो चुकी हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि इन घटनाओं में महिलाओं के खिलाफ यौन हिंसा, गांजा तस्करी, गुंडागर्दी और अब एक अबोध बच्ची का अपहरण-मर्डर शामिल है, जो यह साबित करता है कि राज्य में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है।

सरकार का डैमेज कंट्रोल और भाजपा का पलटवार

मामले को शांत करने और पीड़ित परिवार को ढांढस बंधाने के लिए तमिलनाडु के मंत्री एमएस संपत ने तुरंत अस्पताल पहुंचकर परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने कहा कि उनकी इस विषय पर मुख्यमंत्री से विस्तृत बातचीत हुई है और जांच बहुत तेजी से आगे बढ़ रही है। उन्होंने वादा किया कि फास्ट ट्रैक कोर्ट के जरिए आरोपियों को सख्त से सख्त सजा दिलाई जाएगी। सुलूर से TVK विधायक एनएम सुकुमार ने भी प्रदर्शनकारियों के बीच जाकर न्याय का भरोसा दिया।

इस पूरे विवाद में कूदते हुए भारतीय जनता पार्टी (BJP) के नेता नारायणन तिरुपति ने घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया, लेकिन कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर पिछली DMK सरकार को ही जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने पलटवार करते हुए कहा कि तमिलनाडु में अपराधियों के हौसले बुलंद होना पिछली सरकार की गलत नीतियों का नतीजा है और सत्ता परिवर्तन के तुरंत बाद रातों-रात हालात पूरी तरह नहीं बदले जा सकते। फिलहाल, पूरे कोयंबटूर में पुलिस बल तैनात है और स्थिति पर नजर रखी जा रही है।

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