Asha Bhosle Death: भारतीय संगीत जगत की अनमोल रत्न और दिग्गज गायिका आशा भोसले अब हमारे बीच नहीं रहीं। 92 वर्ष की आयु में उन्होंने मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में अंतिम सांस ली। उनकी मृत्यु का कारण कार्डियक अरेस्ट बताया जा रहा है। शनिवार को उन्हें अचानक तबीयत बिगड़ने के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहाँ उन्होंने रविवार को दुनिया को अलविदा कह दिया। उनका अंतिम संस्कार सोमवार को किया जाएगा।
आशा भोसले को कार्डियक अरेस्ट, मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में इलाज जारी
अंतिम समय और प्रधानमंत्री की प्रार्थना

आशा जी की पोती, जनाई भोसले ने सोशल मीडिया के जरिए जानकारी दी थी कि उन्हें सीने में संक्रमण और अत्यधिक थकान के कारण अस्पताल ले जाया गया था। चिकित्सकों ने उन्हें इमरजेंसी यूनिट में रखा था, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद उन्हें बचाया नहीं जा सका। उनके निधन से कुछ ही घंटे पहले, देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हुए ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर संदेश लिखा था। पीएम मोदी ने अपनी चिंता व्यक्त करते हुए उनके बेहतर स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना की थी, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था। खबर मिलते ही पूरे देश और बॉलीवुड में शोक की लहर दौड़ गई है।
आठ दशकों का सफर
आशा भोसले का जाना केवल एक गायिका का जाना नहीं, बल्कि भारतीय संगीत के एक जीवंत इतिहास का थम जाना है। उन्होंने आठ दशकों से अधिक लंबे करियर में लगभग 12,000 से ज्यादा गाने रिकॉर्ड किए। उनके नाम दुनिया में सबसे ज्यादा गाने गाने का गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड भी रहा है।
उन्होंने संगीत की हर विधा में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया:
कैबरे और पॉप: ‘पिया तू अब तो आजा’ और ‘दम मारो दम’ जैसे गानों ने उन्हें वर्सटाइल बनाया।
गजल और क्लासिकल: ‘इन आंखों की मस्ती के’ और ‘दिल चीज क्या है’ ने उनकी गायकी की गहराई को दर्शाया।
रोमांटिक: ‘चुरा लिया है तुमने’ जैसे गीतों ने पीढ़ियों को प्यार करना सिखाया।
दिग्गज संगीतकारों के साथ जोड़ी और सम्मान
आशा जी ने ओ.पी. नैयर, आर.डी. बर्मन और ए.आर. रहमान जैसे संगीत के जादूगरों के साथ मिलकर कई सदाबहार गीत दिए। उनके अद्वितीय योगदान के लिए भारत सरकार और फिल्म जगत ने उन्हें सर्वोच्च सम्मानों से नवाजा:
दादासाहेब फाल्के पुरस्कार
पद्म विभूषण
राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार (National Awards)
फिल्मफेयर लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड










