राजगढ़ में सीईओ का नया रूप, ‘ड्राइवर’ बने और ईमानदारी का मिला अद्भुत पुरस्कार

राजगढ़   मध्यप्रदेश के राजगढ़ के रहने वाले रमेश चंद्र शर्मा के लिए दिन बेहद खास था। जिंदगीभर उन्होंने जिस गाड़ी का स्टेयरिंग संभाला और ड्राइविंग की आज वो उसी गाड़ी में साहब की तरह बैठे थे। ये ईनाम था उनकी जिंदगीभर की ईमानदारी और अनुशासन का। दरअसल रमेश चंद्र शर्मा राजगढ़ जिला पंचायत में ड्राइवर थे। गुरुवार को जब उनका रिटायरमेंट था तो जिला पंचायत सीईओ डॉ. इच्छित गढ़पाले ने प्रशासनिक संवेदनशीलता की मिसाल पेश की। सीईओ ने ड्राइवर रमेश चंद्र के रिटायर होने पर उन्हें खुद अपनी गाड़ी में बैठाकर गाड़ी चलाते हुए उनके घर तक छोड़ने के लिए

Wrriten By :

Editor

Published On :

मई 2, 2026

Advertisements
728x90 Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital.jpg

राजगढ़ 

 मध्यप्रदेश के राजगढ़ के रहने वाले रमेश चंद्र शर्मा के लिए दिन बेहद खास था। जिंदगीभर उन्होंने जिस गाड़ी का स्टेयरिंग संभाला और ड्राइविंग की आज वो उसी गाड़ी में साहब की तरह बैठे थे। ये ईनाम था उनकी जिंदगीभर की ईमानदारी और अनुशासन का। दरअसल रमेश चंद्र शर्मा राजगढ़ जिला पंचायत में ड्राइवर थे। गुरुवार को जब उनका रिटायरमेंट था तो जिला पंचायत सीईओ डॉ. इच्छित गढ़पाले ने प्रशासनिक संवेदनशीलता की मिसाल पेश की। सीईओ ने ड्राइवर रमेश चंद्र के रिटायर होने पर उन्हें खुद अपनी गाड़ी में बैठाकर गाड़ी चलाते हुए उनके घर तक छोड़ने के लिए पहुंचे।

जिला पंचायत सीईओ ने पेश की मिसाल
जिला पंचायत राजगढ़ में एक ऐसा भावुक और प्रेरणादायक दृश्य देखने को मिला, जिसने प्रशासनिक संवेदनशीलता की मिसाल पेश कर दी। वर्षों तक अपनी सेवाएं ईमानदारी और अनुशासन से देने वाले वाहन चालक रमेश चंद्र शर्मा के सेवानिवृत्त होने पर जिला पंचायत सीईओ डॉ इच्छित गढ़पाले ने न सिर्फ उन्हें सम्मानित किया, बल्कि स्वयं वाहन चलाकर उन्हें घर तक छोड़ने पहुंचे। जिला पंचायत परिसर में आयोजित विदाई समारोह में सेवानिवृत्त वाहन चालक की निष्ठा, समयपालन और अनुशासन की सराहना करते हुए सीईओ ने कहा कि किसी भी संस्था की मजबूती उसके कर्मचारियों की मेहनत और समर्पण से तय होती है। उन्होंने कहा कि लंबे समय तक ईमानदारी से सेवा देने वाले कर्मचारी हमेशा सम्मान के अधिकारी होते हैं। रिटायर हो रहे हमारे साथी रमेश चंद्र भी उन्हीं कर्मचारियों में से एक हैं जिन्होंने अपना कर्तव्य हमेशा ईमानदारी से निभाया है।

खुद गाड़ी चलाकर ड्राइवर को छोड़ा घर
समारोह का सबसे भावुक क्षण तब आया, जब सीईओ डॉ इच्छित गढ़पाले ने सेवानिवृत्त चालक रमेश चंद्र शर्मा को अपनी सीट पर बैठाया और खुद ड्राइविंग सीट संभाल ली। इसके बाद सीईओ गढ़पाते खुद गाड़ी चलाते हुए रमेश चंद्र को उनके घर तक सम्मानपूर्वक छोड़ने पहुंचे। इस दौरान मौजूद अधिकारी और कर्मचारी भावुक हो उठे और तालियों के साथ इस पहल का स्वागत किया। सेवानिवृत्त चालक रमेश चंद्र ने भी अपने सेवाकाल को याद करते हुए जिला पंचायत परिवार का आभार व्यक्त किया और सीईओ डॉ इच्छित गढ़पाले की ओर से दिए गए सम्मान के लिए उनका भी आभार जताया। उन्होंने कहा कि यहां उन्हें हमेशा परिवार जैसा माहौल और सहयोग मिला, जिसे वे जीवनभर याद रखेंगे। कार्यक्रम में जिला पंचायत के अधिकारी, कर्मचारी और अन्य स्टाफ मौजूद रहे। सभी ने पुष्पगुच्छ और स्मृति चिन्ह भेंट कर सेवानिवृत्त कर्मचारी के सुखद एवं उज्ज्वल भविष्य की कामना की।

Leave a Comment

2