UP Textile Conclave: ‘दंगामुक्त-माफियामुक्त यूपी’ पर योगी का बड़ा बयान, टेक्सटाइल कॉन्क्लेव में गिनाईं उपलब्धियां

लखनऊ में यूपी टेक्सटाइल कॉन्क्लेव 2026 में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश की हजारों साल पुरानी वस्त्र विरासत और बढ़ते निवेश का जिक्र किया। उन्होंने 2017 के बाद कानून-व्यवस्था में बदलाव का दावा करते हुए यूपी को दंगामुक्त और माफियामुक्त बताया। सीएम ने टेक्सटाइल सेक्टर को आधुनिक तकनीक, इनोवेशन और ग्लोबल मार्केट से जोड़ने पर जोर दिया।

UP Textile Conclave

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

सितम्बर 8, 2026

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UP Textile Conclave: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में दो दिवसीय यूपी टेक्सटाइल कॉन्क्लेव 2026 का शुभारंभ हुआ। कार्यक्रम को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने संबोधित किया। अपने संबोधन में सीएम योगी ने उत्तर प्रदेश की हजारों वर्ष पुरानी वस्त्र परंपरा, बदलती कानून-व्यवस्था और प्रदेश में निवेश की बढ़ती संभावनाओं को प्रमुखता से सामने रखा। उन्होंने कहा कि जब उत्तर प्रदेश की बात होती है तो वह इसे ‘अनलिमिटेड पोटेंशियल’ वाला प्रदेश मानते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश की ऐतिहासिक वस्त्र विरासत को आधुनिक तकनीक, निवेश और वैश्विक बाजार से जोड़ने की दिशा में लगातार काम किया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य टेक्सटाइल सेक्टर में रोजगार, उत्पादन और निर्यात के अवसरों को बढ़ाना है।

योगी आदित्यनाथ ने कानून-व्यवस्था को बताया निवेश की ताकत

आपको बता दे कि, यूपी टेक्सटाइल कॉन्क्लेव 2026 में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कानून-व्यवस्था को लेकर अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। उन्होंने कहा कि 2017 के बाद उत्तर प्रदेश में कानून का राज स्थापित हुआ है। आज प्रदेश दंगामुक्त, उपद्रवमुक्त, कर्फ्यूमुक्त और माफियामुक्त है।सीएम योगी ने कहा कि अब कोई माफिया खुली जीप में पिस्टल लहराते हुए खुलेआम नहीं घूम सकता। उन्होंने अपराधियों को सख्त संदेश देते हुए कहा कि बेटी, व्यापारी या निवेशक की सुरक्षा में सेंध लगाने का प्रयास करने वालों के लिए दो ही जगह हैं—जेल या जहन्नुम।

2017 से पहले की कानून-व्यवस्था पर योगी का हमला

इसी कड़ी में आगे, मुख्यमंत्री योगी ने 2017 से पहले की प्रदेश की कानून-व्यवस्था को लेकर पिछली सरकारों पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय कई जिलों में माफिया का प्रभाव था और हत्या, फिरौती तथा अपहरण जैसी घटनाओं का सिलसिला जारी था।योगी आदित्यनाथ ने कहा कि पेशेवर माफिया और गुंडे सत्ता के समानांतर अपनी व्यवस्था चला रहे थे। बाहर से निवेश और कारोबार की उम्मीद लेकर आने वाला निवेशक कथित तौर पर वसूली की पर्ची लेकर लौटता था। उन्होंने जमीनों पर कब्जे और खुलेआम हथियारों के प्रदर्शन का भी जिक्र किया।

यूपी में निवेश बढ़ने के पीछे कानून-व्यवस्था का भरोसा

सीएम योगी ने कहा कि 2017 के बाद उत्तर प्रदेश में आम लोगों के साथ-साथ उद्यमियों और व्यापारियों का भरोसा भी मजबूत हुआ है। उनके मुताबिक बेहतर कानून-व्यवस्था और नीतिगत बदलावों ने प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियों के लिए अनुकूल माहौल तैयार किया है।मुख्यमंत्री ने कहा कि निवेशकों के बढ़े विश्वास का असर उत्तर प्रदेश में दिखाई दे रहा है। सरकार अलग-अलग क्षेत्रों के लिए नीतियां तैयार कर निवेश और कारोबार को बढ़ावा देने पर लगातार काम कर रही है।

हजारों साल पुरानी है यूपी की टेक्सटाइल विरासत

यूपी टेक्सटाइल उद्योग की ऐतिहासिक विरासत का जिक्र करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में वस्त्र निर्माण की परंपरा हजारों वर्षों पुरानी है। उन्होंने वाराणसी के रेशम का उदाहरण देते हुए कहा कि वैदिक साहित्य में ‘हिरण्य वस्त्र’ यानी सोने के तारों से सजे वस्त्रों का उल्लेख मिलता है।उन्होंने रामायण के राजसी प्रसंगों और भगवान राम के विवाह का जिक्र करते हुए काशी के पीतांबर वस्त्रों की परंपरा बताई। इसके अलावा महाभारत के राजसूय यज्ञ में काशी के राजा द्वारा सूती वस्त्र उपहार में दिए जाने का भी उल्लेख किया।

विश्व बाजार में भारत की ताकत बन रहा टेक्सटाइल सेक्टर

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में तैयार होने वाले वस्त्रों की मांग ऐतिहासिक रूप से भारत तक सीमित नहीं रही। उन्होंने रोम और ग्रीक संस्कृति से जुड़े संदर्भों का उल्लेख करते हुए कहा कि यूपी में बने वस्त्रों के दूसरे क्षेत्रों तक पहुंचने के प्रमाण मिलते हैं।योगी ने कहा कि भारत आज वैश्विक वस्त्र उद्योग में महत्वपूर्ण ताकत बनकर उभरा है। पिछले नौ वर्षों में उत्तर प्रदेश की समृद्ध टेक्सटाइल विरासत को आधुनिक तकनीक, निवेश, इनोवेशन और ग्लोबल मार्केट से जोड़ने पर जोर दिया गया है।

2030 के टेक्सटाइल लक्ष्य में यूपी की अहम भूमिका

सीएम योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री ने 2030 तक टेक्सटाइल और अपैरल सेक्टर को नई ऊंचाइयों तक ले जाने और निर्यात बढ़ाने का लक्ष्य रखा है। उन्होंने कहा कि इस राष्ट्रीय लक्ष्य को हासिल करने में उत्तर प्रदेश की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण होगी।मुख्यमंत्री के मुताबिक प्रदेश में अलग-अलग क्षेत्रों को बढ़ावा देने के लिए लगातार नई नीतियां लागू की जा रही हैं। वर्तमान में उत्तर प्रदेश में 36 सेक्टर की नीतियां लागू हैं। सरकार का दावा है कि इन नीतियों से निवेशकों, उद्यमियों और कारोबारियों के बीच भरोसा बढ़ा है। यूपी टेक्सटाइल कॉन्क्लेव 2026 इसी व्यापक रणनीति के तहत प्रदेश के टेक्सटाइल उद्योग को नई ऊंचाई देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल के तौर पर देखा जा रहा है।

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