Trump Canada Tariff: अमेरिका और कनाडा के बीच बढ़ते व्यापारिक तनाव के बीच फिलहाल कुछ दिनों के लिए राहत मिलती दिखाई दे रही है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कनाडा से आयात होने वाले सामान पर प्रस्तावित 50 प्रतिशत टैरिफ को तीन दिनों के लिए टाल दिया है। यह शुल्क गुरुवार सुबह से लागू होना था। ट्रंप के मुताबिक, दोनों देशों के बीच व्यापार समझौते को लेकर सहमति बन गई है और अब केवल अंतिम दस्तावेजों को औपचारिक रूप देना बाकी है।
ट्रंप ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए दी जानकारी
डोनाल्ड ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इस फैसले की जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि अमेरिका और कनाडा के बीच एक डील तैयार हो चुकी है, इसलिए प्रस्तावित टैरिफ को फिलहाल स्थगित किया गया है। हालांकि, समझौते की अंतिम शर्तों और आधिकारिक दस्तावेजों को अभी पूरा किया जाना बाकी है। इससे दोनों देशों के वार्ताकारों को बातचीत को अंतिम रूप देने के लिए अतिरिक्त समय मिल गया है।
50 प्रतिशत शुल्क से कनाडाई कारोबार पर पड़ता बड़ा असर
अमेरिका ने पिछले महीने कनाडा से आने वाले कई उत्पादों पर 50 प्रतिशत आयात शुल्क लगाने की घोषणा की थी। अगर यह फैसला लागू हो जाता, तो लगभग 20 अरब डॉलर मूल्य के कनाडाई उत्पाद प्रभावित हो सकते थे। इसमें रोजमर्रा के इस्तेमाल की वस्तुओं के साथ-साथ औद्योगिक सामान भी शामिल हैं। इतना ऊंचा शुल्क दोनों देशों के कारोबारियों, कंपनियों और उपभोक्ताओं के लिए लागत बढ़ा सकता था।
प्रस्तावित समझौते में किन मुद्दों पर बनी सहमति
अमेरिकी व्यापार प्रतिनिधि कार्यालय के अनुसार, प्रस्तावित समझौते में अमेरिकी उत्पादों के लिए कनाडाई बाजार में व्यापक पहुंच देने पर जोर दिया गया है। इसके अलावा आर्थिक सुरक्षा से संबंधित प्रावधान और डिजिटल व्यापार के क्षेत्र में बेहतर सहयोग भी समझौते का हिस्सा हो सकते हैं। अमेरिका का उद्देश्य व्यापार व्यवस्था को सुचारू बनाने के साथ घरेलू बाजार और अमेरिकी श्रमिकों के हितों की रक्षा करना बताया गया है।
ट्रंप और कनाडाई प्रधानमंत्री के बीच बढ़ी बातचीत
टैरिफ लागू होने की समयसीमा नजदीक आने के साथ दोनों देशों के बीच उच्चस्तरीय बातचीत भी तेज हो गई। कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच पिछले दो दिनों में दो बार फोन पर बातचीत हुई। कनाडाई प्रधानमंत्री ने संकेत दिया कि वार्ता बेहद महत्वपूर्ण और संवेदनशील चरण में पहुंच चुकी है। दोनों पक्षों की कोशिश अब टैरिफ विवाद को व्यापक व्यापार समझौते में बदलने की है।
रोजाना अरबों डॉलर का कारोबार करता है अमेरिका-कनाडा
अमेरिका और कनाडा के बीच आर्थिक संबंध बेहद मजबूत हैं। दोनों देशों की करीब 5,525 मील लंबी सीमा है, जिसके पार रोजाना बड़ी संख्या में लोग और सामान आवाजाही करते हैं। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, प्रतिदिन लगभग 3.3 लाख लोग और करीब 2 अरब डॉलर मूल्य का माल सीमा पार करता है। ऐसे में 50 प्रतिशत टैरिफ लागू होने से सप्लाई चेन और दोनों अर्थव्यवस्थाओं पर गंभीर असर पड़ सकता था।
ट्रंप की आर्थिक नीति में टैरिफ का अहम स्थान
डोनाल्ड ट्रंप के दूसरे कार्यकाल की आर्थिक रणनीति में टैरिफ को महत्वपूर्ण हथियार माना जाता है। अमेरिकी प्रशासन का तर्क है कि आयात शुल्क के जरिए घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा दिया जा सकता है और अमेरिकी कंपनियों को विदेशी प्रतिस्पर्धा से सुरक्षा मिल सकती है। कनाडा पर प्रस्तावित शुल्क भी इसी व्यापक व्यापार नीति का हिस्सा रहा है।
तीन दिन की मोहलत से समझौते की उम्मीद बढ़ी
फिलहाल टैरिफ को तीन दिनों के लिए रोकने के फैसले ने दोनों देशों को अंतिम समझौते के लिए अतिरिक्त समय दिया है। हालांकि, जब तक औपचारिक दस्तावेजों पर अंतिम सहमति नहीं बनती, तब तक व्यापारिक अनिश्चितता पूरी तरह खत्म नहीं मानी जा सकती। अब नजर इस बात पर रहेगी कि अमेरिका और कनाडा तय समयसीमा के भीतर समझौते को अंतिम रूप दे पाते हैं या नहीं।
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