Chandranath Rath Mother Appeal: पश्चिम बंगाल में चुनावी नतीजों के बाद हिंसा का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। बुधवार की रात मध्यमग्राम में कानून-व्यवस्था की धज्जियां उड़ाते हुए भाजपा के कद्दावर नेता सुवेंदु अधिकारी के निजी सहायक (PA) चंद्रनाथ रथ की गोली मारकर हत्या कर दी गई। इस सनसनीखेज वारदात ने न केवल राजनीतिक गलियारों में उबाल ला दिया है, बल्कि बंगाल की सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
सरेआम गोलीबारी और कानून-व्यवस्था की बदहाली
बताते चले कि, मध्यमग्राम की सड़कों पर बीती रात जो हुआ, उसने सबको झकझोर कर रख दिया है। हिंसक वारदात और सुरक्षा में चूक (Violent Incident and Security Breach) के तहत बदमाशों ने चंद्रनाथ रथ को अपना निशाना बनाया और ताबड़तोड़ फायरिंग कर उनकी जान ले ली। घटना के तुरंत बाद घायल अवस्था में उन्हें अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने गुरुवार सुबह शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम और फोरेंसिक जांच (Post-mortem and Forensic Examination) के लिए बारासात अस्पताल भेज दिया है। इस हत्या के बाद पूरे इलाके में भारी पुलिस बल तैनात है और तनाव का माहौल बना हुआ है।
पीड़ित मां का करुण क्रंदन और न्याय की अनोखी मांग
आपको बता दे कि, चांदीपुर स्थित पैतृक आवास पर चंद्रनाथ की मां हासिरानी रथ का रो-रोकर बुरा हाल है। शोक संतप्त परिवार और इंसाफ की गुहार (Bereaved Family and Plea for Justice) लगाते हुए उन्होंने दोषियों के लिए कड़ी सजा की मांग की, लेकिन उनकी मांग थोड़ी अलग है। एक मां के तौर पर उन्होंने कहा कि वह दोषियों को फांसी नहीं, बल्कि आजीवन कारावास और कठोर दंड दिलाना चाहती हैं, ताकि वे अपनी पूरी जिंदगी पश्चाताप की आग में जलें। उन्होंने नम आंखों से कहा कि अगर यह कोई दुर्घटना होती तो शायद उन्हें इतना दुख नहीं होता, लेकिन उनके बेटे को सोची-समझी साजिश के तहत तड़पाकर मारा गया है।
राजनीतिक प्रतिशोध और सत्ता पक्ष पर गंभीर आरोप
इस हत्याकांड के पीछे राजनीतिक रंजिश और चुनावी हिंसा के स्पष्ट संकेत मिल रहे हैं। मृतक की मां ने सत्ताधारी दल पर निशाना साधते हुए कहा कि जब से सुवेंदु अधिकारी ने ममता बनर्जी को चुनाव में हराया है, उनका परिवार लगातार धमकियों का सामना कर रहा था। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्ताधारी दल के नेता 4 जून के बाद जिस तरह की भड़काऊ टिप्पणियां कर रहे थे, यह हत्या उसी का परिणाम है। उनके अनुसार, यह पूरी घटना राजनैतिक साजिश और प्रायोजित अपराध की एक सोची-समझी कहानी है।
सुवेंदु अधिकारी का समर्थन और भविष्य की जिम्मेदारी
विपक्ष के नेता सुवेंदु अधिकारी ने इस घटना को बेहद दुखद बताते हुए परिवार को ढांढस बंधाया है। उन्होंने कहा कि पुलिस जांच का सम्मान करते हुए वे फिलहाल किसी अंतिम निष्कर्ष पर नहीं पहुंचना चाहते, लेकिन पीड़ित परिवार की सहायता और भाजपा का साथ (Support for Victim’s Family and BJP’s Solidarity) अटूट है। सुवेंदु ने वादा किया कि पूरा भाजपा परिवार चंद्रनाथ के परिजनों की जिम्मेदारी उठाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि पोस्टमॉर्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद वे खुद शव को परिजनों को सौंपेंगे और घायलों के उचित इलाज के लिए हर संभव कदम उठाए गए हैं।










