सिवनी ने धान खरीदी में पारदर्शिता में सफलता हासिल की, भोपाल टीम ने किया सत्यापित

लखनादौन  खरीफ विपणन वर्ष 2025–26 के अंतर्गत सिवनी जिले में संचालित धान उपार्जन व्यवस्था अपने अंतिम चरण में पहुंच गई है। धान खरीदी की पारदर्शिता, गुणवत्ता नियंत्रण और सुचारु संचालन का आकलन करने भोपाल से आई विशेष जांच टीम ने जिले के विभिन्न उपार्जन केंद्रों का निरीक्षण किया, जिसमें व्यवस्थाएं संतोषजनक पाई गईं। भोपाल मुख्यालय से आर.बी. एसोसिएट्स ग्लोबल कनेक्ट प्राइवेट लिमिटेड की जांच एवं निरीक्षण टीम ने लखनादौन, धूमा, धनोरा और सिवनी सहित प्रमुख धान उपार्जन केंद्रों का भौतिक निरीक्षण किया। टीम ने समिति प्रबंधकों, वेयरहाउस प्रभारियों और स्व-सहायता समूह प्रतिनिधियों से प्रत्यक्ष संवाद कर जमीनी हकीकत की समीक्षा

Wrriten By :

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Published On :

जनवरी 14, 2026

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लखनादौन
 खरीफ विपणन वर्ष 2025–26 के अंतर्गत सिवनी जिले में संचालित धान उपार्जन व्यवस्था अपने अंतिम चरण में पहुंच गई है। धान खरीदी की पारदर्शिता, गुणवत्ता नियंत्रण और सुचारु संचालन का आकलन करने भोपाल से आई विशेष जांच टीम ने जिले के विभिन्न उपार्जन केंद्रों का निरीक्षण किया, जिसमें व्यवस्थाएं संतोषजनक पाई गईं।

भोपाल मुख्यालय से आर.बी. एसोसिएट्स ग्लोबल कनेक्ट प्राइवेट लिमिटेड की जांच एवं निरीक्षण टीम ने लखनादौन, धूमा, धनोरा और सिवनी सहित प्रमुख धान उपार्जन केंद्रों का भौतिक निरीक्षण किया। टीम ने समिति प्रबंधकों, वेयरहाउस प्रभारियों और स्व-सहायता समूह प्रतिनिधियों से प्रत्यक्ष संवाद कर जमीनी हकीकत की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान यह स्पष्ट हुआ कि जिले में धान की खरीदी शासन द्वारा निर्धारित FAQ (फेयर एवरेज क्वालिटी) मानकों के अनुरूप की जा रही है। गुणवत्ता परीक्षण की प्रक्रिया प्रभावी ढंग से लागू है, जिससे सार्वजनिक वितरण प्रणाली के लिए केवल मानक गुणवत्ता का धान ही संग्रहित किया जा रहा है।

जांच टीम ने यह भी पुष्टि की कि सर्वेयरों की भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन माध्यम से, मध्यप्रदेश राज्य नागरिक आपूर्ति निगम के दिशा-निर्देशों के अनुसार संपन्न की गई है। चयन में योग्यता और दक्षता को प्राथमिकता दी गई, जिससे किसी भी प्रकार के हस्तक्षेप या सिफारिश की संभावना नहीं रही। किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए उपार्जन केंद्रों पर सुधारात्मक प्रबंध भी सुनिश्चित किए गए हैं। यदि धान गुणवत्ता मानकों पर खरा नहीं उतरता, तो किसानों को लौटना नहीं पड़ता। केंद्रों पर पंखे और छरने (सिव्स) उपलब्ध कराए गए हैं, ताकि किसान मौके पर ही धान की सफाई कर सकें। इससे उपार्जन प्रक्रिया तेज, पारदर्शी और विवाद-रहित बनी है। आर.बी. एसोसिएट्स ग्लोबल कनेक्ट प्रा. लि. के फील्ड ऑफिसर रजनीश कुमार कौरव ने कहा ‘धान उपार्जन में पारदर्शिता और गुणवत्ता हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। सिवनी जिले में व्यवस्थाएं संतोषजनक पाई गई हैं और सभी अधिकारी शासन निर्देशों के अनुरूप कार्य कर रहे हैं।’ 

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