Vinesh Phogat Disqualification Appeal: पेरिस ओलंपिक्स 2024 (Paris Olympics 2024) में भारतीय पहलवान विनेश फोगाट के डिसक्वालीफिकेशन के मामले पर ‘कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट्स’ (CAS) ने एक महत्वपूर्ण अपडेट दिया है. सीएएस ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर जानकारी दी है कि विनेश के मामले पर ओलंपिक्स समाप्त होने से पहले फैसला आ सकता है। इस मामले की सुनवाई शुक्रवार को होगी, लेकिन अंतिम निर्णय के लिए कुछ समय का इंतजार करना पड़ सकता है.
सीएएस ने स्पष्ट किया कि यह मामला इतना जटिल है कि इस पर तुरंत निर्णय नहीं लिया जा सकता. विनेश ने इस मामले पर त्वरित फैसले का आग्रह नहीं किया, लेकिन सीएएस ने प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ाने का आश्वासन दिया है.
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विनेश फोगाट का ओलंपिक्स में प्रदर्शन और विवाद

विनेश फोगाट ने पेरिस ओलंपिक्स 2024 (Paris Olympics 2024) में शानदार प्रदर्शन किया था. उन्होंने क्वार्टर फाइनल और सेमीफाइनल दोनों मुकाबलों में जीत हासिल की थी. सेमीफाइनल में उन्होंने क्यूबा की पहलवान युसनेलिस गुजमैन को 5-0 से हराया, जबकि क्वार्टर फाइनल में उन्होंने यूक्रेन की ओकसाना लिवाच को 7-5 से मात दी थी. इसके पहले, विनेश ने जापान की यूई सुसाकी को 3-2 से हराकर अपनी क्षमता का परिचय दिया.
हालांकि, गोल्ड मेडल मैच से पहले ही विनेश को अयोग्य ठहरा दिया गया और उन्हें डिसक्वालीफाई कर दिया गया. इसका कारण उनका वजन था, जो नियमों से 100 ग्राम ज्यादा पाया गया.
CAS में विनेश की याचिका और मामला

डिसक्वालीफिकेशन के बाद, विनेश फोगाट ने ‘कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट्स’ (CAS) में याचिका दायर की. विनेश ने अपना वजन कम करने के लिए हर संभव प्रयास किया, जिसमें उन्होंने अपने बाल कटवाए और हल्के कपड़े पहने. लेकिन इन सबके बावजूद वह नियमों के अनुसार वजन नहीं कर पाईं, जिसके कारण उन्हें डिसक्वालीफाई किया गया. इस मामले के हल के लिए विनेश ने सीएएस का दरवाजा खटखटाया है.
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खेल विवादों के समाधान के लिए CAS का गठन

ओलंपिक खेलों (Paris Olympics) की शुरुआत 1896 में ग्रीस में हुई थी, लेकिन समय के साथ-साथ विभिन्न विवाद सामने आने लगे, विशेषकर खिलाड़ियों के नियमों के संबंध में. ऐसे विवादों के निपटारे के लिए 1984 में ‘कोर्ट ऑफ आर्बिट्रेशन फॉर स्पोर्ट्स’ का गठन किया गया. इसका हेड ऑफिस स्विट्जरलैंड में स्थित है, और यह एक स्वतंत्र संस्था है जो खेल से जुड़े विवादों का समाधान करती है. विनेश फोगाट का मामला भी सीएएस के समक्ष प्रस्तुत है, और इस पर ओलंपिक्स के अंत से पहले फैसला आने की उम्मीद है.
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