Mandi Landslide: मंडी से शिमला तक बारिश का कहर, चट्टान गिरने से महिला की मौत

हिमाचल प्रदेश में मॉनसून की शुरुआत के साथ ही भारी बारिश ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं। मंडी में लैंडस्लाइड से एक महिला की मौत हो गई, जबकि 28 सड़कें बंद और 198 ट्रांसफार्मर ठप हैं।

Mandi Landslide

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

जुलाई 1, 2026

Mandi Landslide: हिमाचल प्रदेश में मानसून के दस्तक देते ही कुदरत का कहर देखने को मिला है। प्रदेश के मंडी जिले में चंडीगढ़-मनाली नेशनल हाईवे पर हुए एक दर्दनाक भूस्खलन (लैंडस्लाइड) में एक महिला की जान चली गई। यह घटना तब हुई जब महिला अपने परिवार के साथ यात्रा कर रही थी। मूसलाधार बारिश के बीच हुई इस घटना ने पूरे इलाके में शोक की लहर पैदा कर दी है और मानसून के खतरे को लेकर स्थानीय प्रशासन को अलर्ट कर दिया है।

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पल भर में कैसे खुशियों में बदल गया मातम

हादसा मंडी जिले के औट स्थित शनि मंदिर के समीप बुधवार सुबह उस वक्त हुआ, जब एक परिवार कार में सवार होकर सफर कर रहा था। बीती रात से ही क्षेत्र में मूसलाधार बारिश हो रही थी, जिसके चलते पहाड़ी इलाकों में चट्टानें खिसकने का खतरा बना हुआ था। नालागढ़ निवासी यह परिवार कुल्लू की ओर जा रहा था, तभी रास्ते में महिला की तबीयत अचानक बिगड़ गई। जी मिचलाने और बेचैनी के कारण महिला ने गाड़ी रुकवाई और उल्टी करने के लिए नीचे उतरी। उसे यह आभास भी नहीं था कि कार से बाहर निकलना उसके लिए आखिरी साबित होगा। तभी ऊपर पहाड़ी से पत्थरों की एक बड़ी बौछार नीचे गिरी, जिसकी चपेट में आकर महिला की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई।

सूचना मिलते ही मंडी के एएसपी अभिमन्यु शर्मा और स्थानीय प्रशासन की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। शव को कब्जे में लेकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। एक पल पहले जो परिवार हंसी-खुशी सफर कर रहा था, पल भर में वह गहरे सदमे में डूब गया।

सड़कें बंद और बिजली ठप

मंडी जिले में मानसून का यह पहला ही वार काफी घातक रहा है। राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (SDMA) द्वारा बुधवार सुबह 10 बजे जारी की गई रिपोर्ट के अनुसार, भारी बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। पूरे जिले में 28 मुख्य सड़क मार्ग लैंडस्लाइड के कारण बंद हो गए हैं, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित है। इसके साथ ही 198 बिजली ट्रांसफार्मर ठप हो गए हैं, जिसके चलते कई ग्रामीण और शहरी इलाकों में बिजली गुल है। विभाग के कर्मचारी सड़कों से मलबा हटाने और बिजली सेवा बहाल करने के लिए दिन-रात मशक्कत कर रहे हैं।

ब्यास नदी का बढ़ा जलस्तर और अन्य प्रभावित क्षेत्र

बारिश का असर ब्यास नदी के जलस्तर पर भी साफ दिख रहा है, जो लगातार खतरे के निशान की ओर बढ़ रहा है। प्रशासन ने नदी के किनारे रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की चेतावनी दी है। इसके अलावा, धर्मपुर विधानसभा क्षेत्र में भी स्थिति नाजुक बनी हुई है। सिद्धपुर-धर्मपुर रोड पर हाजरी क्रशर के पास और धर्मपुर-जोगिंद्रनगर सड़क भंडारी मिक्सर प्लांट के पास अवरुद्ध हो गई है। कांढापतन–रखेड़ा मार्ग पर भी बड़ी मात्रा में मलबा आने से आवागमन ठप है। प्रशासन ने पर्यटकों और स्थानीय लोगों को खराब मौसम में यात्रा न करने और पहाड़ी रास्तों पर अतिरिक्त सावधानी बरतने की सलाह दी है।

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