JDU on Kangana Ranaut Statement: ‘देश की बेटियों का अपमान किसी कीमत पर स्वीकार नहीं…’ कंगना के विवादित बयान पर भड़की JDU

बीजेपी सांसद कंगना रनौत द्वारा Gen-Z और महिलाओं पर दिए गए 'गटर छाप' बयान पर सियासी बवाल मच गया है। एनडीए की सहयोगी पार्टी जेडीयू ने इस बयान से किनारा कर लिया है और इसे कंगना का निजी बयान बताया है। जेडीयू प्रवक्ता ने कहा कि यह देश की संघर्षशील बेटियों को अपमानित करने वाला है।

JDU on Kangana Ranaut Statement

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

जुलाई 28, 2026

JDU on Kangana Ranaut Statement: भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सांसद और अभिनेत्री कंगना रनौत द्वारा युवा पीढ़ी यानी जेन-जी (Gen-Z) और महिलाओं को लेकर दिए गए विवादित बयांनों पर सियासत गर्मा गई है। एनडीए गठबंधन के प्रमुख सहयोगी दल जनता दल यूनाइटेड (JDU) की ओर से इस मामले में तीखी प्रतिक्रिया सामने आई है। मंगलवार (28 जुलाई 2026) को जेडीयू की प्रवक्ता अंजुम आरा ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि कंगना रनौत का यह बयान पूरी तरह से उनका व्यक्तिगत बयान है और इससे उनकी पार्टी यानी जेडीयू का दूर-दूर तक कोई लेना-देना नहीं है। जेडीयू ने दो टूक कहा कि वे इस तरह के बयानों का समर्थन कतई नहीं कर सकते और सार्वजनिक जीवन में काम कर रहे किसी भी नेता के बयानों में शालीनता और जिम्मेदारी का होना बेहद जरूरी है।

JDU ने कहा कि महिलाओं के प्रति ऐसी अशोभनीय भाषा किसी भी कीमत पर स्वीकार्य नहीं

बताते चले कि, जेडीयू ने कंगना रनौत की तीखी आलोचना करते हुए कहा कि आज देश की युवा बेटियां और युवा पीढ़ी हर मोर्चे पर अपनी काबलियत के बल पर देश का गौरव बढ़ा रही हैं। ऐसे में किसी भी जिम्मेदार जनप्रतिनिधि द्वारा इस तरह की अमर्यादित भाषा का इस्तेमाल करना न केवल पूरी तरह से अनुचित है, बल्कि यह देश की उन करोड़ों संघर्षशील बेटियों और महिलाओं को आहत करने वाला है जो अपने दम पर समाज में मुकाम बना रही हैं। पार्टी प्रवक्ता ने कहा कि इस प्रकार के बयानों से समाज में गलत संदेश जाता है, जिसे किसी भी सभ्य समाज में स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि राजनीति या सार्वजनिक जीवन में रहने वाले हर व्यक्ति को अपनी बात रखते वक्त गरिमा का विशेष ध्यान रखना चाहिए ताकि किसी की भावनाओं को ठेस न पहुंचे।

क्या कहा था कंगना रनौत ने जिसके बाद मचा है देश भर में राजनीतिक बवाल?

गौरतलब है कि हाल ही में बीजेपी सांसद कंगना रनौत ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एक पोस्ट शेयर करते हुए युवा हिंदू महिलाओं और जेन-जी पीढ़ी पर तीखा हमला बोला था। उन्होंने पश्चिमी संस्कृति से प्रभावित इस नई पीढ़ी को ‘गटर जनरेशन’ या ‘गटर छाप’ जैसी आपत्तिजनक संज्ञा दी थी। कंगना ने अपनी पोस्ट में दावा किया था कि इस पीढ़ी के कुछ युवा नशा और शराब का खुलेआम सेवन करते हैं तथा बिना किसी जिम्मेदारी के अपनी मनमर्जी का जीवन जीते हैं।

उनके इस बयान के सामने आने के बाद से ही देश भर में भारी राजनीतिक घमासान छिड़ गया है। एक तरफ जहां विपक्षी दल लगातार बीजेपी पर हमलावर हैं, वहीं अब एनडीए के अंदर से ही जेडीयू जैसी सहयोगी पार्टी ने भी इस बयान से दूरी बनाते हुए कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है, जिससे सत्तारूढ़ गठबंधन की मुश्किलें बढ़ती हुई नजर आ रही हैं।