Jabalpur Accident: बरगी डैम में बड़ा हादसा,15 लोगों को बचाया गया, कई की तलाश जारी

क्या जबलपुर के बरगी डैम में हुआ यह हादसा लापरवाही का नतीजा है या प्राकृतिक आपदा, 31 लोगों से भरे क्रूज के डूबने के बाद 15 लोगों को बचा लिया गया है जबकि कई अभी भी लापता हैं, जानिए पूरा घटनाक्रम, रेस्क्यू ऑपरेशन की स्थिति और प्रशासन की कार्रवाई

Wrriten By :

Neha Mishra

Published On :

अप्रैल 30, 2026

Jabalpur Accident: मध्य प्रदेश के Jabalpur में गुरुवार को एक दर्दनाक हादसा सामने आया, जहां Bargi Dam में एक पर्यटक क्रूज नाव डूब गई। इस नाव में लगभग 31 लोग सवार थे। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और तुरंत बचाव कार्य शुरू किया गया।

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आंधी-तूफान बना हादसे की वजह

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, शाम के समय अचानक तेज आंधी और तूफान आने से पानी में लहरें तेज हो गईं। इसी दौरान क्रूज का संतुलन बिगड़ गया और वह पलटकर डूब गई। मौसम के अचानक बदले हालात इस हादसे का मुख्य कारण माने जा रहे हैं। यह क्रूज Madhya Pradesh Tourism Development Corporation द्वारा संचालित किया जा रहा था।

रेस्क्यू ऑपरेशन जारी

हादसे के बाद प्रशासन और बचाव दल तुरंत मौके पर पहुंच गए। अब तक 15 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है, जबकि 4 लोगों के शव बरामद किए जा चुके हैं। वहीं 12 लोग अभी भी लापता बताए जा रहे हैं, जिनकी तलाश के लिए लगातार सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। जिला प्रशासन ने राहत और बचाव कार्य को तेज करते हुए गोताखोरों और अन्य एजेंसियों की मदद ली है, ताकि लापता लोगों को जल्द से जल्द खोजा जा सके।

प्रशासन की प्रतिक्रिया

जबलपुर के कलेक्टर Raghvendra Singh ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि हादसा बेहद दुखद है। उन्होंने कहा कि बचाव कार्य तेजी से जारी है और सभी संभव संसाधनों का उपयोग किया जा रहा है। प्रशासन की प्राथमिकता लापता लोगों को ढूंढना और प्रभावित परिवारों को सहायता देना है।

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राजनीतिक प्रतिक्रिया और जांच की मांग

इस घटना पर मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री Digvijaya Singh ने भी दुख व्यक्त किया है। उन्होंने इसे अत्यंत पीड़ादायक घटना बताते हुए मृतकों के प्रति संवेदना प्रकट की। साथ ही उन्होंने प्रशासन से अपील की कि रेस्क्यू ऑपरेशन को और तेज किया जाए। उन्होंने यह भी मांग की कि इस पूरे मामले की मजिस्ट्रेट जांच कराई जाए और यदि किसी प्रकार की लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई की जाए।

सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

इस हादसे के बाद क्रूज संचालन और सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि खराब मौसम के दौरान ऐसी गतिविधियों को रोकने के लिए सख्त नियम होने चाहिए। यदि समय रहते सावधानी बरती जाती, तो शायद इस दुर्घटना को टाला जा सकता था।

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