Haryana News: हरियाणा के कुरुक्षेत्र से इस वक्त की एक बेहद बड़ी और सनसनीखेज खबर सामने आ रही है। एक नाबालिग किशोरी के साथ दुष्कर्म (Rape Case) के गंभीर मामले में नाम सामने आने के बाद सूबे की नायब सिंह सैनी सरकार ने बेहद कड़ा और सख्त रुख अख्तियार किया है। सरकार ने प्रशासनिक स्तर पर बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए कुरुक्षेत्र के मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) डॉ. सुखबीर सिंह महला को तत्काल प्रभाव से सेवामुक्त यानी बर्खास्त (Dismissed from Service) कर दिया है। एक जिम्मेदार और शीर्ष चिकित्सा अधिकारी पर इस तरह के घिनौने अपराध के आरोप लगने के बाद से ही स्वास्थ्य महकमे और प्रशासनिक गलियारों में हड़कंप मचा हुआ था, जिसके बाद अब सरकार ने यह निर्णायक कदम उठाया है।
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पुनर्नियुक्ति (Re-Employment) की अवधि पूरी होने से पहले ही विदाई
इस पूरे प्रशासनिक घटनाक्रम की पृष्ठभूमि को समझें तो डॉ. सुखबीर सिंह महला हाल ही में सेवानिवृत्त (Retire) हुए थे। जानकारी के मुताबिक, वे बीती 28 फरवरी 2026 को स्वास्थ्य सेवा महानिदेशक (DHS) के पद से अपनी नियमित शासकीय सेवा पूरी कर रिटायर हुए थे। इसके ठीक बाद, हरियाणा सरकार ने उनकी वरिष्ठता और अनुभव को देखते हुए 2 मार्च 2026 को एक विशेष आदेश जारी किया था। इस आदेश के तहत उन्हें एक एक्स-कैडर पद पर पूरे एक साल के लिए री-एम्प्लॉयमेंट (पुनर्नियुक्ति) की सौगात दी गई थी। उनका यह नया कार्यकाल 1 मार्च 2026 से शुरू होकर 28 फरवरी 2027 तक के लिए वैध था। लेकिन कुरुक्षेत्र में सीएमओ पद पर रहते हुए उन पर लगे इस गंभीर दाग के कारण वे अपना यह सेवा विस्तार पूरा नहीं कर पाए और समय से पहले ही उन्हें पद से हाथ धोना पड़ा।
लागू नियमों के तहत तत्काल प्रभाव से सेवाएं समाप्त
नाबालिग से दुष्कर्म जैसे संवेदनशील और गंभीर मामले में नामजद होने के बाद डॉ. सुखबीर महला के खिलाफ पुलिसिया जांच और कड़े कानूनी एक्शन की प्रक्रिया तेजी से आगे बढ़ रही थी। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए सरकार किसी भी तरह के ढुलमुल रवैये के मूड में नहीं थी। लिहाजा, राज्य सरकार ने पुनर्नियुक्ति के दौरान लागू होने वाले कड़े नियमों, शर्तों और सेवा संविदा के प्रावधानों का हवाला देते हुए उनकी सेवाओं को बीच में ही और तत्काल प्रभाव से समाप्त करने का अंतिम निर्णय ले लिया। इस निलंबन और बर्खास्तगी के बाद अब वे किसी भी प्रकार के सरकारी सेवा लाभ या पद के हकदार नहीं रहेंगे।
अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने जारी किया आधिकारिक आदेश
डॉ. सुखबीर महला की इस हाई-प्रोफाइल बर्खास्तगी को लेकर हरियाणा सरकार के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की ओर से बकायदा लिखित और आधिकारिक आदेश जारी कर दिए गए हैं। यह कड़ा आदेश विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव (ACS) डॉ. सुमिता मिश्रा के हस्ताक्षरों के साथ 3 जुलाई 2026 को राजधानी चंडीगढ़ से आधिकारिक तौर पर निर्गत किया गया। इस आदेश के सामने आने के बाद स्पष्ट हो गया है कि कानून व्यवस्था और महिला सुरक्षा के मामले में सरकार किसी भी रसूखदार अधिकारी को ढील देने के पक्ष में नहीं है। फिलहाल, कुरुक्षेत्र पुलिस इस पूरे मामले की गहराई से तफ्तीश कर रही है और कयास लगाए जा रहे हैं कि बर्खास्तगी के बाद आरोपी पूर्व सीएमओ की मुश्किलें कानूनी मोर्चे पर और ज्यादा बढ़ने वाली हैं।










