Haryana News: हरियाणा का ऐतिहासिक शहर पानीपत अब सुरक्षा के मामले में और भी स्मार्ट होने जा रहा है। शहर की कानून व्यवस्था को अभेद्य बनाने और आम नागरिकों की सुरक्षा को पुख्ता करने के लिए प्रशासन ने एक बड़ी योजना तैयार की है। जिला प्रशासन अब पानीपत के चप्पे-चप्पे पर 400 अत्याधुनिक हाईटेक सीसीटीवी कैमरे लगाने की तैयारी कर रहा है।
इस महत्वपूर्ण परियोजना को लेकर बृहस्पतिवार को उपायुक्त कार्यालय में एक उच्च स्तरीय बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त डॉ. विरेंद्र कुमार दहिया और पुलिस अधीक्षक (SP) भूपेंद्र सिंह ने की। इसमें बीएसएनएल के तकनीकी विशेषज्ञों और विभिन्न आपूर्ति करने वाली कंपनियों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया।
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परियोजना की मुख्य विशेषताएं
उपायुक्त डॉ. विरेंद्र कुमार दहिया ने बताया कि इन कैमरों को शहर के उन हिस्सों में लगाया जाएगा जो सुरक्षा के लिहाज से संवेदनशील हैं या जहाँ भारी भीड़ रहती है। इस परियोजना की कुछ खास बातें हैं—
इंटरनेट कनेक्टिविटी: सभी 400 कैमरों को हाई-स्पीड इंटरनेट से जोड़ा जाएगा। इससे पुलिस कंट्रोल रूम में बैठकर अधिकारी ‘रियल टाइम’ (उसी समय) शहर की गतिविधियों को देख सकेंगे।
बेहतर जूम क्षमता: कैमरों का चयन उनकी तकनीकी गुणवत्ता के आधार पर किया जाएगा। अधिकारियों ने निर्देश दिए हैं कि कैमरों की जूम क्षमता इतनी शक्तिशाली होनी चाहिए कि दूर खड़ी संदिग्ध वस्तुओं या व्यक्तियों के चेहरे स्पष्ट रूप से देखे जा सकें।
रखरखाव और वारंटी: इन उच्च गुणवत्ता वाले कैमरों पर पांच साल की वारंटी सुनिश्चित की जाएगी, ताकि तकनीकी खराबी आने पर सुरक्षा व्यवस्था बाधित न हो।
पारदर्शी टेंडर प्रक्रिया: इस प्रोजेक्ट के लिए जल्द ही टेंडर जारी किए जाएंगे, जिसमें केवल प्रतिष्ठित और अनुभवी कंपनियों को ही मौका दिया जाएगा।
पुलिस के ‘आंख और कान’ बनेंगे ये कैमरे
सुरक्षा के नजरिए से इस कदम को क्रांतिकारी बताते हुए एसपी भूपेंद्र सिंह ने कहा कि सीसीटीवी कैमरे आधुनिक पुलिसिंग में ‘आंख और कान’ की तरह कार्य करते हैं।
अपराध नियंत्रण में भूमिका
किसी भी घटना के बाद अपराधियों की पहचान करना और उनके भागने के रास्ते को ट्रैक करना आसान हो जाएगा। कैमरों से प्राप्त डेटा और वीडियो फुटेज अदालती कार्यवाही और पुलिस जांच में ठोस सबूत के तौर पर काम करेंगे। शहर में हर जगह कैमरों की मौजूदगी से अपराधियों में कानून का खौफ पैदा होगा, जिससे अपराध दर में कमी आने की संभावना है।









