Ghaziabad Accident: उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद में दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे (DME) पर आज सुबह एक दिल दहला देने वाली दुर्घटना सामने आई है। विजयनगर थाना क्षेत्र में एक अनियंत्रित टेंपो ट्रैवलर ने तीन युवकों को अपनी चपेट में ले लिया, जिससे तीनों की जान चली गई। रफ्तार और लापरवाही के कारण हुए इस हादसे ने एक बार फिर एक्सप्रेसवे पर सुरक्षा मानकों और सड़क किनारे वाहन खड़े करने के जोखिम पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
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थार और बाइक सवारों से टकराई ट्रैवलर
यह घटना सुबह लगभग 6:10 बजे की है। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, दिल्ली से मेरठ जाने वाली मुख्य लेन पर आईपीईएम कॉलेज एग्जिट पॉइंट के पास एक थार गाड़ी खड़ी थी। थार सवार दो युवक नीचे उतरकर एक बाइक सवार से बातचीत कर रहे थे। इसी दौरान पीछे से आ रही एक तेज रफ्तार टेंपो ट्रैवलर ने तीनों को जोरदार टक्कर मार दी।
टक्कर इतनी भीषण थी कि एक थार सवार और बाइक सवार की मौके पर ही मौत हो गई। तीसरा युवक गंभीर रूप से घायल था, लेकिन अस्पताल ले जाते समय उसने भी दम तोड़ दिया। मृतकों की पहचान दीपक और प्रवीण के रूप में हुई है, जबकि तीसरे मृतक की पहचान अभी सुनिश्चित की जा रही है।
हरिद्वार जा रही थी ट्रैवलर, चालक हिरासत में
हादसा करने वाली टेंपो ट्रैवलर दिल्ली से हरिद्वार की ओर जा रही थी। जानकारी के अनुसार, बस में 26 महिला यात्री सवार थीं, जो बाल-बाल बच गईं। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए ट्रैवलर के चालक वीरेंद्र को हिरासत में ले लिया है। पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि क्या चालक को नींद की झपकी आई थी या ओवरस्पीडिंग के कारण वह नियंत्रण खो बैठा।
जांच के घेरे में लापरवाही और ओवरस्पीडिंग
विजयनगर थाना पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है। शुरुआती जांच में हादसे की मुख्य वजह ट्रैवलर की अत्यधिक रफ्तार बताई जा रही है। हालांकि, पुलिस इस बिंदु पर भी गौर कर रही है कि एक्सप्रेसवे की मुख्य लेन पर थार खड़ी करना नियमों का उल्लंघन था, जिससे यह हादसा और भयावह हो गया। एक्सप्रेसवे पर बिना किसी आपात स्थिति के वाहन रोकना प्रतिबंधित है।
पिछले हादसों से सबक नहीं
दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर यह कोई पहली बड़ी दुर्घटना नहीं है। पिछले साल जुलाई में भी इसी तरह का एक दर्दनाक हादसा हुआ था, जहाँ एक अनियंत्रित मोटरसाइकिल डिवाइडर से टकरा गई थी और उस पर सवार तीन युवकों (जीवन ज्योति, सुमित और आदित्य) की मौत हो गई थी। उस मामले में भी सीसीटीवी फुटेज से पता चला था कि बाइक की रफ्तार बहुत तेज थी।
लगातार हो रहे ये हादसे चेतावनी हैं कि एक्सप्रेसवे पर तेज रफ्तार के साथ-साथ सड़क नियमों का पालन करना कितना अनिवार्य है। पुलिस ने यात्रियों से अपील की है कि वे मुख्य लेन पर वाहन खड़ा न करें और निर्धारित गति सीमा का कड़ाई से पालन करें।









