Delhi Fire News: दिल्ली में हाल ही में हुए भीषण होटल अग्निकांड में बचाव दल ने साहस का परिचय देते हुए 47 लोगों को मौत के मुंह से बाहर निकाल लिया। हादसे के वक्त दमकल कर्मियों और स्थानीय पुलिस ने युद्धस्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया और इमारत में फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने में सफलता हासिल की। यदि समय रहते यह त्वरित कार्रवाई न होती, तो जान-माल का नुकसान और भी अधिक हो सकता था। वर्तमान में दिल्ली अग्निशमन सेवा इस पूरी घटना की बारीकी से जांच कर रही है ताकि आग लगने के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके।
मैक्स हॉस्पिटल में जारी है 15 मरीजों का उपचार
इस हादसे में झुलसे लोगों को तत्काल प्रभाव से साकेत स्थित मैक्स हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। मिली जानकारी के अनुसार, वर्तमान में कुल 15 मरीज वहां उपचाराधीन हैं, जिनमें से 13 विदेशी नागरिक बताए जा रहे हैं। डॉक्टरों की टीम ने बताया कि गंभीर रूप से झुलसे जो मरीज पहले वेंटिलेटर पर थे, उनकी स्थिति अब स्थिर बनी हुई है। उनके स्वास्थ्य में धीरे-धीरे सुधार के संकेत दिख रहे हैं, जो डॉक्टरों और परिजनों के लिए राहत की बात है। अस्पताल प्रशासन घायलों को सर्वोत्तम चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रयासरत है।
होटल की पांच मंजिलों में फैली आग
दिल्ली अग्निशमन सेवा के अधिकारियों के मुताबिक, आग की लपटें इतनी तीव्र थीं कि उन्होंने देखते ही देखते होटल के बेसमेंट, ग्राउंड फ्लोर और ऊपर की सभी पांचों मंजिलों को अपनी चपेट में ले लिया। भीषण आग के कारण पूरी इमारत को भारी नुकसान पहुंचा है और अंदर का अधिकांश ढांचा जलकर राख हो गया है। आग की भयावहता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इमारत का कोई भी कोना सुरक्षित नहीं बचा था। फिलहाल दमकल विभाग ने स्थिति पर पूरी तरह काबू पा लिया है, लेकिन होटल परिसर को फिलहाल सील कर दिया गया है ताकि सुरक्षा मानकों की जांच की जा सके।
आरोपी हिरासत में, रिमांड पर पूछताछ जारी
इस पूरे अग्निकांड के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ दिल्ली पुलिस ने सख्त रुख अपनाते हुए मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस ने मामले में संलिप्त आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और अब उन्हें रिमांड पर लेकर पूछताछ की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि होटल प्रबंधन की ओर से बरती गई लापरवाही और सुरक्षा नियमों के उल्लंघन की जांच की जा रही है। आरोपियों से आगे की कानूनी कार्रवाई के तहत यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि क्या शॉर्ट सर्किट के अलावा भी कोई अन्य कारण था, जिसके चलते इतनी बड़ी त्रासदी हुई। पुलिस ने आश्वासन दिया है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।










