Abhijeet Dipke: “मुझे और मेरे परिवार को मिली धमकियां…” CJP फाउंडर अभिजीत दिपके के बड़े खुलासे से गरमाई सियासत

CJP फाउंडर अभिजीत दिपके ने बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाते हुए दावा किया है कि उन्हें पार्टी में शामिल होने के लिए धमकियां दी जा रही हैं। उन्होंने छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई को लेकर गृह मंत्री अमित शाह के इस्तीफे की मांग की है और राहुल गांधी के बयानों का समर्थन करते हुए सरकार पर तीखा प्रहार किया है।

Abhijeet Dipke

Wrriten By :

Neha Mishra

Published On :

जुलाई 30, 2026

Abhijeet Dipke: सेंटर फॉर जस्टिस एंड पीस (CJP) के फाउंडर अभिजीत दिपके ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर गंभीर और तीखे आरोप लगाए हैं। उन्होंने दावा किया है कि उन्हें और उनके परिवार को लगातार कई बार धमकियां दी गई हैं कि वे बीजेपी में शामिल हो जाएं, अन्यथा उनके परिवार के लिए परिणाम अच्छे नहीं होंगे। दिपके ने तंज कसते हुए कहा कि यह बेहद आश्चर्य की बात है कि वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के पोते की उम्र के हैं, लेकिन इसके बावजूद वे लोग उनसे इतने ज्यादा डर गए हैं कि धमकियों पर उतर आए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी को देश के युवाओं, शिक्षा प्रणाली या रोजगार जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों से कोई लेना-देना नहीं है, उन्हें सिर्फ और सिर्फ सत्ता चाहिए।

बीजेपी पर अपराधियों के स्वागत का आरोप

इसी कड़ी में आगे, अपने तीखे बयानों को जारी रखते हुए अभिजीत दिपके ने कहा कि आज की स्थिति में बीजेपी में केवल बलात्कारियों और अपराधियों का ही स्वागत किया जाता है और पार्टी में उन्हीं की पूछ होती है। इसका उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि एक तरफ कुलदीप सिंह सेंगर जैसे पूर्व बीजेपी विधायक का इतिहास सब जानते हैं, तो दूसरी तरफ वर्तमान शिक्षा मंत्रियों के बयानों को देखिए जो बलात्कारियों के जेल से छूटने पर उनके स्वागत को सही ठहराते हैं। उन्होंने सवाल उठाया कि ऐसे लोग देश की शिक्षा व्यवस्था और भविष्य तय करेंगे।

छात्रों पर पैलेट गन चलाने के मामले में अमित शाह की भूमिका पर सवाल

देश के मौजूदा हालात पर बात करते हुए दिपके ने कहा कि आज देश के युवाओं, उनकी शिक्षा, रोजगार और देश से जुड़े तमाम बुनियादी मुद्दों के लिए केवल विपक्ष को ही नहीं, बल्कि पूरे देश को एकजुट होने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जो भी संगठन या नेता युवाओं और देश के हितों के साथ खड़ा है, सीजेपी उसके साथ है। उन्होंने कहा कि उन्हें राहुल गांधी का बयान पूरी तरह सही लगता है। दिल्ली पुलिस सीधे तौर पर गृह मंत्री अमित शाह के अधीन आती है, इसलिए छात्रों पर पैलेट गन का इस्तेमाल उनकी जानकारी के बिना संभव ही नहीं है।

अमित शाह के इस्तीफे की मांग

दिपके ने सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि जिन बंदूकों और पैलेट गन का इस्तेमाल आतंकवादियों से मुकाबला करने के लिए किया जाना चाहिए था, उनका इस्तेमाल आज देश के शांतिपूर्ण छात्रों पर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस क्रूर कार्रवाई के कारण कई छात्रों की आंखों की रोशनी चली गई है और वे अस्पताल में भर्ती हैं। उन्होंने कड़े शब्दों में कहा कि अगर छात्रों पर पैलेट गन बिना गृह मंत्री अमित शाह की जानकारी के चलाई गई है, तो वे किस बात के गृह मंत्री या देश के चाणक्य कहलाते हैं? ऐसी स्थिति में नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए उन्हें अपने पद से इस्तीफा दे देना चाहिए।