Patna TRE-4 Protest: पटना में TRE-4 अभ्यर्थियों पर लाठीचार्ज! विज्ञापन में देरी से फूटा गुस्सा, सड़कों पर उतरे हजारों छा

पटना में TRE-4 शिक्षक भर्ती के नोटिफिकेशन की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे अभ्यर्थियों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया। 46,595 पदों पर प्रस्तावित इस भर्ती के विज्ञापन में हो रही देरी से छात्र नाराज हैं। जानें क्या है पूरा विवाद और कब तक जारी हो सकता है विज्ञापन।

Patna TRE-4 Protest

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

मई 8, 2026

Patna TRE-4 Protest: बिहार की राजधानी पटना एक बार फिर शिक्षक अभ्यर्थियों के प्रदर्शन से रणक्षेत्र बन गई। शुक्रवार को हजारों की संख्या में अभ्यर्थी शिक्षक भर्ती परीक्षा (TRE-4) के नोटिफिकेशन में हो रही देरी के खिलाफ सड़कों पर उतरे। पटना कॉलेज से बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) कार्यालय की ओर कूच कर रहे प्रदर्शनकारियों पर पुलिस ने जेपी गोलंबर के पास बल प्रयोग किया, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया।

अभ्यर्थियों का आक्रोश और पुलिस की कार्रवाई

बताते चले कि, शुक्रवार सुबह पटना की सड़कों पर हजारों उम्मीदवारों का सैलाब उमड़ पड़ा। अपनी मांगों को लेकर नारेबाजी कर रहे ये अभ्यर्थी जैसे ही जेपी गोलंबर के पास पहुंचे, वहां पहले से तैनात भारी पुलिस बल ने बैरिकेडिंग कर उन्हें रोकने का प्रयास किया। प्रदर्शनकारियों द्वारा बैरिकेड हटाने की कोशिश किए जाने पर पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। इस अचानक हुई कार्रवाई से अफरा-तफरी मच गई और कई छात्र घायल हो गए। पुलिस का कहना है कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए भीड़ को तितर-बितर करना आवश्यक था।

नोटिफिकेशन में देरी से संकट में भविष्य

आपको बता दे कि, प्रदर्शन में शामिल अभ्यर्थियों का आरोप है कि सरकार और प्रशासन उन्हें केवल आश्वासन दे रहे हैं। कई छात्रों ने भावुक होकर बताया कि वे कर्ज लेकर और जमीन गिरवी रखकर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं, लेकिन भर्ती प्रक्रिया में निरंतर देरी से उनका भविष्य अंधकारमय होता जा रहा है। छात्रों ने साफ कहा कि जब तक सरकार आधिकारिक विज्ञापन जारी नहीं करती, उनका आंदोलन थमेगा नहीं।

‘गुमराह करने वाली बयानबाजी’ का आरोप

अभ्यर्थियों की नाराजगी का मुख्य कारण BPSC द्वारा पूर्व में किए गए वादे हैं। प्रदर्शनकारियों ने याद दिलाया कि परीक्षा नियंत्रक ने 16 अप्रैल को स्पष्ट रूप से कहा था कि TRE-4 का विज्ञापन तीन-चार दिनों के भीतर आ जाएगा और आवेदन प्रक्रिया 25 अप्रैल के आसपास शुरू हो जाएगी। हालांकि, 8 मई बीत जाने के बाद भी कोई नोटिफिकेशन जारी नहीं हुआ है, जिससे युवाओं में प्रशासन के प्रति विश्वास की कमी आई है और वे खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं।

46 हजार से अधिक पदों पर होनी है बहाली

TRE-4 के अंतर्गत कुल 46,595 पदों पर शिक्षकों की नियुक्ति प्रस्तावित है। शिक्षा विभाग ने इसके लिए संशोधित प्रस्ताव BPSC को भेजा है, जिसे अब वार्षिक कैलेंडर का हिस्सा बनाया गया है। संभावित कार्यक्रम के अनुसार, यह परीक्षा 22 से 27 सितंबर 2026 के बीच आयोजित की जा सकती है, जिसके परिणाम नवंबर में आने की उम्मीद है। इस बार की भर्ती प्रक्रिया की खास बात यह है कि इसमें ‘डोमिसाइल नीति’ को कड़ाई से लागू किया जाएगा, जो बिहार के मूल निवासियों के लिए बड़ा अवसर होगा।

पिछली भर्तियों का रिकॉर्ड और नई नियुक्तियां

गौरतलब है कि बीते दो वर्षों में बिहार सरकार ने TRE-1, TRE-2 और TRE-3 के माध्यम से करीब 2.27 लाख शिक्षकों की सफल नियुक्ति की है। TRE-4 के माध्यम से कक्षा 1 से 12 तक के शिक्षकों के अलावा कल्याण विभागों में भी खाली पड़े पदों को भरा जाना है। हालांकि, पिछली सफलताओं के बावजूद, वर्तमान देरी ने आगामी भर्ती को लेकर संशय पैदा कर दिया है, जिसे दूर करने के लिए अभ्यर्थी अब आर-पार की लड़ाई के मूड में हैं।