UP Politics: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के ‘चेले-चपाटे’ वाले बयान और उनकी बेटी पर हुई अभद्र टिप्पणी के मामले में भाजपा सरकार को आड़े हाथों लिया है। आगरा में आयोजित एक प्रेस वार्ता के दौरान अखिलेश यादव ने सत्ता पक्ष पर देश में नकारात्मक राजनीति फैलाने का सीधा आरोप लगाया। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि साल 2017 में मुख्यमंत्री बनने से पहले योगी आदित्यनाथ की राष्ट्रीय स्तर पर कोई पहचान नहीं थी और आज भाजपा विपक्ष की छवि खराब करने के लिए हजारों करोड़ रुपये पानी की तरह बहा रही है।
‘भाजपा का पूरा तंत्र केवल दुष्प्रचार पर टिका’
अखिलेश यादव ने सीएम योगी के बयान का जवाब देते हुए कहा कि वे ‘गुरुओं’ के विषय को छेड़ना नहीं चाहते, लेकिन भाजपा का पूरा तंत्र केवल दुष्प्रचार पर टिका है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से विपक्षी नेताओं को बदनाम करने के लिए भारी-भरकम बजट खर्च करती है। सपा प्रमुख ने कहा कि उत्तर प्रदेश की जनता अब इस नकारात्मक राजनीति को समझ चुकी है और इसका करारा जवाब देने के लिए तैयार है।
‘BJP की नीतियां केवल बड़े पूंजीपतियों को फायदा पहुंचा रही’
प्रेस वार्ता के दौरान अखिलेश यादव ने आर्थिक मोर्चे पर सरकार को घेरते हुए कहा कि भाजपा की नीतियां केवल बड़े पूंजीपतियों को फायदा पहुंचा रही हैं। उन्होंने दावा किया कि वर्तमान शासनकाल में छोटे व्यापारी और हस्तशिल्पी पूरी तरह बर्बाद हो चुके हैं, जबकि देश की बुनियाद यही छोटे कारोबारी हैं जिनसे करोड़ों परिवारों की आजीविका चलती है। सपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि सरकार कारीगरों को मजदूर बनाने पर तुली हुई है।
समाजवादी पार्टी की नई सुरक्षा नीति
अखिलेश यादव ने घोषणा की कि भविष्य में समाजवादी सरकार बनने पर कानून-व्यवस्था को दुरुस्त किया जाएगा और हफ्ता वसूली करने वालों पर तत्काल कार्रवाई होगी। छोटे दुकानदारों और वेंडर्स के लिए ‘वेंडर सुरक्षा हेल्पलाइन’ की शुरुआत की जाएगी। इसके तहत यदि कोई व्यापारी प्रताड़ना का वीडियो सबूत भेजता है, तो 48 घंटे के भीतर प्राथमिकी (FIR) दर्ज की जाएगी। साथ ही, पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए बाजारों में तैनात संबंधित कर्मचारियों के लिए बॉडी कैमरा पहनना अनिवार्य कर दिया जाएगा।
प्रदेश में सरकारी परीक्षाओं के पेपर लीक मामले और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़
सपा प्रमुख ने युवाओं का मुद्दा उठाते हुए आरोप लगाया कि उत्तर प्रदेश में जानबूझकर पेपर लीक कराए जा रहे हैं ताकि सत्ता पक्ष के करीबी लोगों को पिछले दरवाजे से दाखिला और नौकरियां दिलाई जा सकें। उन्होंने तंज कसा कि जो सरकार खुद को ‘विश्व गुरु’ बनाने का दावा करती है, वह एक अदद प्रतियोगी परीक्षा की शुचिता बनाए रखने में पूरी तरह नाकाम साबित हुई है। आगामी चुनावों में युवाओं को रोजगार देना उनकी पार्टी की सर्वोच्च प्राथमिकता होगी।
आगामी विधानसभा चुनाव की रणनीति
आगामी राजनीतिक जंग के लिए अखिलेश यादव ने साफ किया कि ‘इंडिया गठबंधन’ उत्तर प्रदेश की सभी 403 सीटों पर मजबूती से चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहा है। उन्होंने ‘पीडीए’ (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) के नारे को आगे बढ़ाते हुए कहा कि प्रेम और अपनत्व के जरिए इस सामाजिक ताने-बाने को और मजबूत किया जाएगा। बहुजन समाज के नेताओं से संपर्क साधा जा रहा है ताकि आगरा, मथुरा और हाथरस समेत पूरे प्रदेश में बड़ा राजनैतिक परिवर्तन लाया जा सके।










