Aaj Ka Mausam: 14 जून 2026 को दक्षिण-पश्चिम मॉनसून लगातार आगे बढ़ रहा है और देश के कई हिस्सों में मौसम का स्वरूप बदलता दिखाई दे रहा है। हालांकि, मौसम विशेषज्ञों के अनुसार इस अवधि में कुल वर्षा सामान्य से कम रहने की संभावना है। पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव के कारण उत्तर-पश्चिमी क्षेत्रों में नमी बनी हुई है, जबकि पूर्वी और उत्तर-पूर्वी राज्यों में अच्छी बारिश के आसार हैं। कई इलाकों में गर्मी और उमस अभी भी लोगों को परेशान कर सकती है।
दिल्ली-एनसीआर में राहत भरा मौसम
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में पिछले कुछ दिनों से मौसम अपेक्षाकृत सुहावना बना हुआ है। भारतीय मौसम विभाग के अनुसार आगामी चार दिनों तक भीषण गर्मी से राहत मिलने की उम्मीद है। 14 जून को अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 24 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है। दिनभर आंशिक रूप से बादल छाए रह सकते हैं और कुछ स्थानों पर गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।
15 जून को तापमान 39/25 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है। वहीं 16 जून को अधिकतम तापमान 40 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रह सकता है। 17 और 18 जून को भी तापमान लगभग इसी स्तर पर बना रहेगा। मौसम विभाग ने फिलहाल किसी प्रकार की गंभीर चेतावनी जारी नहीं की है। मौसम में आए बदलाव के कारण वायु गुणवत्ता में भी सुधार दर्ज किया गया है।
उत्तरी भारत में गर्मी और हल्की बारिश के संकेत

दिल्ली, उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान के अधिकांश हिस्सों में गर्म और शुष्क मौसम बना रहेगा। अधिकतम तापमान 37 से 42 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है। कुछ स्थानों पर पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से हल्की बारिश और गरज-चमक देखने को मिल सकती है। लू का प्रभाव पहले की तुलना में कम हुआ है, लेकिन उमस लोगों को परेशान कर सकती है।
पहाड़ी राज्यों में बारिश की संभावना
जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय रहने के कारण मौसम नम बना रहेगा। इन क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है, जबकि ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी भी हो सकती है। कुछ स्थानों पर भारी वर्षा को लेकर चेतावनी जारी की गई है।
पूर्वी भारत में मॉनसून का असर
पश्चिम बंगाल, बिहार, झारखंड और ओडिशा में मॉनसून की सक्रियता बढ़ रही है। इन राज्यों में मध्यम बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना बनी हुई है। कई क्षेत्रों में भारी वर्षा भी हो सकती है, जिससे तापमान में गिरावट और मौसम में ठंडक महसूस की जा रही है।
उत्तर-पूर्वी राज्यों में भारी वर्षा का अनुमान
असम, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय और आसपास के क्षेत्रों में मॉनसून पूरी तरह सक्रिय है। यहां सामान्य से अधिक बारिश दर्ज की जा सकती है। मौसम विभाग ने कई इलाकों में भारी बारिश और गरज-चमक वाले तूफानों की संभावना जताई है।
मध्य और पश्चिमी भारत का मौसम
मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र के कुछ हिस्सों में मॉनसून धीरे-धीरे आगे बढ़ रहा है। यहां हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, लेकिन कुल वर्षा सामान्य से कम रहने की संभावना है। राजस्थान और गुजरात में गर्मी का प्रभाव बना रहेगा, हालांकि तटीय क्षेत्रों में हल्की बारिश और उमस देखने को मिल सकती है।
दक्षिण भारत में मॉनसून पूरी तरह सक्रिय
केरल, कर्नाटक, तमिलनाडु, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में मॉनसून अच्छी स्थिति में है। इन राज्यों में कई स्थानों पर भारी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना है। विशेष रूप से तेलंगाना के कुछ जिलों में थंडरस्टॉर्म को लेकर अलर्ट जारी किया गया है।
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