Zohran Mamdani NYC Mayor: न्यूयॉर्क शहर के नवनियुक्त मेयर जोहरान ममदानी ने कार्यभार संभालते ही कुछ ऐसे बड़े नीतिगत बदलाव किए हैं, जिसने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कूटनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। अपने कार्यकाल के पहले ही दिन ममदानी ने पूर्व मेयर द्वारा जारी उन कार्यकारी आदेशों को रद्द कर दिया, जो इजरायल के संरक्षण और यहूदी विरोध की परिभाषा से संबंधित थे। इस कदम के बाद इजरायल सरकार ने उन पर ‘एंटीसेमिटिज्म’ (यहूदी विद्वेष) को बढ़ावा देने का गंभीर आरोप लगाया है। यह विवाद ऐसे समय में आया है जब न्यूयॉर्क अपनी नई राजनीतिक पहचान की ओर बढ़ रहा है।
Zohran Mamdani NYC Mayor: विवादास्पद आदेश और इजरायल की तीखी प्रतिक्रिया
मेयर ममदानी ने शपथ लेने के कुछ ही घंटों के भीतर पूर्व मेयर एरिक एडम्स के दो प्रमुख निर्देशों को वापस ले लिया। पहला आदेश शहर की सरकारी एजेंसियों को इजरायल का बहिष्कार (Boycott) करने से रोकता था, जबकि दूसरा आदेश ‘IHRA’ द्वारा दी गई एंटीसेमिटिज्म की उस व्यापक परिभाषा को लागू करता था, जिसके तहत इजरायल की कुछ आलोचनाओं को भी यहूदी विरोधी माना जाता था। इस फैसले पर इजरायल के विदेश मंत्रालय ने ‘X’ (पूर्व में ट्विटर) पर कड़ी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि ममदानी ने अपने पद के पहले ही दिन “नफरत की आग में पेट्रोल छिड़कने” का काम किया है।
Zohran Mamdani NYC Mayor: ममदानी का बचाव: अभिव्यक्ति की आजादी और प्रभावी सुरक्षा
शुक्रवार को आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में 34 वर्षीय ममदानी ने अपने इस साहसी फैसले का मजबूती से बचाव किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि शहर के कई यहूदी संगठनों ने भी पुराने आदेशों की व्यापक परिभाषा पर चिंता जताई थी, क्योंकि यह स्वस्थ आलोचना और नागरिक अधिकारों को बाधित कर सकती थी। ममदानी ने तर्क दिया कि एक नए मेयर के पास मौजूदा नीतियों की समीक्षा करने और उन्हें बदलने का संवैधानिक अधिकार होता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि उनकी प्रशासन यहूदियों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है, लेकिन वे ऐसे तरीके अपनाएंगे जो वास्तव में व्यावहारिक और न्यायपूर्ण हों।
ऐतिहासिक शपथ ग्रहण: न्यूयॉर्क को मिला पहला दक्षिण एशियाई मेयर
जोहरान ममदानी ने गुरुवार को न्यूयॉर्क सिटी के 112वें मेयर के रूप में शपथ ली, जो अपने आप में एक ऐतिहासिक क्षण था। वह न्यूयॉर्क के इतिहास के पहले मुस्लिम मेयर, पहले दक्षिण एशियाई मूल के मेयर और पिछले एक सदी में सबसे युवा मेयर बन गए हैं। उनका शपथ ग्रहण समारोह आधी रात को एक निजी कार्यक्रम में संपन्न हुआ, जिसमें उनकी मां प्रसिद्ध फिल्म निर्माता मीरा नायर और पिता शिक्षाविद महमूद ममदानी मौजूद थे। ममदानी ने इस अवसर को अपने जीवन का सबसे बड़ा सम्मान और विशेषाधिकार बताया।
चुनावी वादे और वैचारिक पृष्ठभूमि
ममदानी एक ‘डेमोक्रेटिक सोशलिस्ट’ विचारधारा के नेता हैं। उनके चुनाव प्रचार का मुख्य केंद्र बिंदु न्यूयॉर्क जैसे महंगे शहर में जीवन-यापन की लागत को कम करना और आम नागरिकों को आर्थिक राहत पहुँचाना था। वह न केवल अपनी प्रगतिशील आर्थिक नीतियों के लिए जाने जाते हैं, बल्कि मानवाधिकारों और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के प्रबल समर्थक भी रहे हैं। उनके इस शुरुआती फैसले से संकेत मिलते हैं कि उनका प्रशासन विदेश नीति और नागरिक अधिकारों के प्रति पूर्ववर्ती प्रशासन की तुलना में काफी अलग दृष्टिकोण रखेगा।
आगे की राह और चुनौतियां
मेयर के रूप में ममदानी की यह शुरुआत बेहद चुनौतीपूर्ण रही है। एक तरफ जहाँ उन्हें शहर की बेतहाशा महंगाई और अपराध जैसी आंतरिक समस्याओं से निपटना है, वहीं दूसरी तरफ इजरायल जैसे सहयोगियों के साथ पैदा हुए इस कूटनीतिक तनाव को भी प्रबंधित करना होगा। यह देखना दिलचस्प होगा कि वह न्यूयॉर्क की विविधता को बनाए रखते हुए अपने प्रगतिशील एजेंडे को कैसे आगे बढ़ाते हैं।
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