Uttarakhand News: उत्तराखंड में आगामी चुनावों को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने अपनी राजनीतिक गतिविधियां तेज कर दी हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार, 22 अक्टूबर 2026 को देहरादून स्थित भाजपा मुख्यालय में पार्टी के अभियान की घोषणा की। मुख्यमंत्री के मुताबिक, भाजपा नवंबर में ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ नाम से यात्रा निकालेगी। इस अभियान के तहत प्रदेश की सभी 70 विधानसभा सीटों तक पहुंचने की योजना है। पार्टी का उद्देश्य अपने राजनीतिक संदेश को जनता तक पहुंचाना और कांग्रेस के आरोपों का जवाब देना है।
Uttarakhand News: उत्तराखंड में भाजपा की पदयात्रा, 22 अक्टूबर से 5
श्रीनगर से देहरादून तक होंगे बड़े पैदल मार्च
मुख्यमंत्री धामी ने बताया कि अभियान के तहत 31 अक्टूबर को श्रीनगर में बड़े स्तर पर पैदल मार्च आयोजित किया जाएगा। इसके बाद 2 नवंबर को देहरादून में विशाल मार्च निकाला जाएगा, जिसमें 10 हजार से अधिक लोगों के शामिल होने की उम्मीद जताई गई है। तीन नवंबर को रुद्रपुर में भी पैदल मार्च आयोजित करने की योजना है। इन कार्यक्रमों के बाद अभियान को राज्य के सभी 13 जिलों तक ले जाने की तैयारी है। भाजपा इसे प्रदेशव्यापी जनसंपर्क अभियान के रूप में आगे बढ़ाएगी।
कांग्रेस की न्याय यात्रा के दिन भाजपा का ऐलान

मुख्यमंत्री की यह घोषणा ऐसे समय हुई, जब विपक्षी कांग्रेस ने उत्तराखंड में अपनी ‘न्याय यात्रा’ शुरू की। दोनों दलों के अभियानों को राज्य में राजनीतिक मुकाबले के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। भाजपा जहां लोकतंत्र और राजनीतिक व्यवस्था से जुड़े मुद्दों को उठाने की तैयारी में है, वहीं कांग्रेस अपनी यात्रा के माध्यम से जनता के बीच पहुंचने की कोशिश कर रही है। आने वाले दिनों में दोनों दलों के कार्यक्रमों और बयानों से राज्य का राजनीतिक माहौल और सक्रिय होने की संभावना है।
राहुल गांधी और कांग्रेस पर धामी का निशाना
मीडिया से बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस चुनावों में हार के बाद लोकतांत्रिक संस्थाओं पर सवाल उठा रही है। धामी ने कहा कि विपक्ष के नेता को अपने पद की गरिमा का ध्यान रखना चाहिए। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर कांग्रेस की ओर से लगाए गए आरोपों पर भी सवाल उठाए। मुख्यमंत्री के अनुसार, कांग्रेस कई राज्यों में चुनाव हार चुकी है और उसे अपनी राजनीतिक असफलताओं की जिम्मेदारी लेनी चाहिए।
लोकतंत्र और चुनावी हार को लेकर सियासी बहस
धामी ने कहा कि कांग्रेस अपनी नाकामियों का दोष लोकतांत्रिक व्यवस्था पर डाल रही है। उन्होंने दावा किया कि जनता ने कई राज्यों में कांग्रेस को सत्ता से बाहर किया है। मुख्यमंत्री के बयान भाजपा और कांग्रेस के बीच चुनावी प्रक्रिया तथा लोकतांत्रिक संस्थाओं को लेकर जारी राजनीतिक बहस को दर्शाते हैं। हालांकि, चुनावी प्रक्रिया से जुड़े आरोपों और दावों का आकलन संबंधित तथ्यों तथा आधिकारिक जानकारी के आधार पर किया जाना जरूरी है।
Gen Z को लेकर मुख्यमंत्री ने क्या कहा?

युवाओं की भूमिका पर चर्चा करते हुए धामी ने नई पीढ़ी को जागरूक और जानकारी रखने वाली पीढ़ी बताया। उन्होंने कहा कि उन्हें देश और उत्तराखंड का भविष्य युवाओं के हाथों में सुरक्षित नजर आता है। मुख्यमंत्री ने विरोध प्रदर्शनों के दौरान युवाओं के इस्तेमाल और अनुचित भाषा को लेकर भी चिंता जताई। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक कार्यक्रमों में मर्यादा बनाए रखना जरूरी है। भाजपा के इस अभियान का असर कितना होगा और कांग्रेस की न्याय यात्रा के मुकाबले पार्टी को कितना जनसमर्थन मिलेगा, यह आने वाले दिनों में स्पष्ट होगा।
Uttarakhand News: सीएम धामी का युवाओं को संदेश, डिग्री और पैकेज नहीं संस्कार बनाएंगे पहचान










