
Uttar Pradesh Police: उत्तर प्रदेश में साइबर अपराध पर लगाम लगाने के लिए पुलिस की कार्रवाई जारी है। पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) राजीव कृष्ण ने बताया कि पिछले एक साल में साइबर अपराध से जुड़े मामलों में विभिन्न बैंकों में 635 करोड़ रुपये फ्रीज कराए गए हैं। उनके अनुसार, इस कार्रवाई से हजारों लोगों की धनराशि सुरक्षित रखने में मदद मिली है। पुलिस स्मृति दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में डीजीपी ने पुलिस की प्राथमिकताओं और अपराध नियंत्रण से जुड़े प्रयासों की जानकारी दी।
अपराध नियंत्रण के लिए तय की गईं 10 प्राथमिकताएं
डीजीपी राजीव कृष्ण ने कहा कि अपराध और अपराधियों के प्रति कतई बर्दाश्त नहीं करने की नीति के तहत पुलिस के कामकाज में सुधार के लिए 10 प्राथमिकताएं निर्धारित की गई हैं। इनमें छोटे अपराधों पर नियंत्रण, संगठित अपराध में शामिल गिरोहों के खिलाफ कार्रवाई और माफिया पर शिकंजा कसना शामिल है। पुलिस का उद्देश्य अपराधों पर प्रभावी रोक लगाने के साथ कानून-व्यवस्था को मजबूत करना और आम लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

साइबर ठगी से जुड़े पैसों को सुरक्षित रखने पर जोर
साइबर अपराध के मामलों में 635 करोड़ रुपये फ्रीज कराना पुलिस की प्रमुख उपलब्धियों में शामिल बताया गया। साइबर ठगी के मामलों में समय रहते बैंक खातों में मौजूद धनराशि पर रोक लगाना पीड़ितों के पैसे को आगे ट्रांसफर होने से बचाने में मदद कर सकता है। डीजीपी ने कहा कि इस कार्रवाई से हजारों लोगों की रकम सुरक्षित रखने में सहायता मिली। हालांकि, फ्रीज कराई गई रकम और पीड़ितों को वास्तव में वापस लौटाई गई रकम अलग-अलग आंकड़े हैं।
सड़क हादसों और मौतों में कमी का दावा
डीजीपी ने सड़क सुरक्षा के लिए किए जा रहे प्रयासों का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि ‘जीरो फैटेलिटी डिस्ट्रिक्ट’ पहल सहित विभिन्न उपायों के कारण 2025 की पहली छमाही की तुलना में 2026 की पहली छमाही में सड़क दुर्घटनाओं में नौ प्रतिशत और दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों में 10 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई। उनके मुताबिक, इन प्रयासों से एक हजार से अधिक लोगों की जान बचाने में मदद मिली। सड़क सुरक्षा के उपायों में दुर्घटनाओं की रोकथाम और लोगों में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाना महत्वपूर्ण है।

नशे की तस्करी के खिलाफ अभियान तेज
नशीले पदार्थों की तस्करी पर कार्रवाई की जानकारी देते हुए डीजीपी ने कहा कि वर्ष 2026 में अब तक छह हजार से अधिक तस्करों को गिरफ्तार किया गया है। इस दौरान 36 हजार किलोग्राम से ज्यादा मादक पदार्थ जब्त किए गए और 26 गिरोहों का भंडाफोड़ किया गया। उन्होंने बताया कि पुलिस तस्करी में शामिल लोगों की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं है, बल्कि उनके नेटवर्क, अवैध कमाई और तस्करी में इस्तेमाल होने वाले साधनों पर भी कार्रवाई कर रही है।
पुलिस स्मृति दिवस पर शहीद जवानों को श्रद्धांजलि
हर साल 21 अक्टूबर को पुलिस स्मृति दिवस उन पुलिसकर्मियों की याद में मनाया जाता है, जिन्होंने देश की रक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के दौरान अपने प्राण न्योछावर कर दिए। इस अवसर पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में शहीद पुलिसकर्मियों को श्रद्धांजलि अर्पित की। उन्होंने शहीद जवानों के परिवारों से मुलाकात कर उनका हाल जाना और हर संभव सहायता का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में पुलिस के योगदान, शहीदों के बलिदान और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के प्रयासों पर जोर दिया गया।











