US Iran Ceasefire: अमेरिका और ईरान के बीच पिछले 40 दिनों से लगातार युद्ध जारी है, ऐसे में ट्रंप ने बीते दिन ईरान को उड़ा देने की धमकी दी, जिसने अब दुनियाभर में हड़कंप मचाकर रखा है। इसी बीच युद्धविराम को लेकर भारत सरकान की पहली प्रतिक्रिया सामने आई है। बुधवार, 8 अप्रैल 2026 को भारत के विदेश मंत्रालय ने बयान जारी कर इस सीजफायर का स्वागत किया। मंत्रालय ने कहा कि यह कदम पश्चिम एशिया में स्थायी शांति स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण हो सकता है।
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युद्ध के प्रभाव और वैश्विक चिंता
विदेश मंत्रालय ने अमेरिका-ईरान और इजरायल के बीच पिछले एक महीने से भी ज्यादा समय तक चल रहे संघर्ष के दौरान हुए सभी नुकसान पर अपनी चिंता जताई है। मंत्रालय ने बताया कि इस युद्ध के चलते पूरी दुनिया में ऊर्जा आपूर्ति और व्यापार नेटवर्थ बाधित हुए हैं, जिससे आम नागरिकों को गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ा है। भारत ने उम्मीद जताई है कि अब स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के माध्यम से ऊर्जा आपूर्ति और वैश्विक व्यापार का प्रवाह सुचारू रूप से जारी रहेगा।
ईरान में भारतीय नागरिकों के लिए सुरक्षा सलाह

सीजफायर की घोषणा के बाद भारत ने अपने नागरिकों को ईरान से तुरंत सुरक्षित रूप से बाहर निकलने की सलाह दी है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि ईरान में मौजूद भारतीय नागरिक अपने स्थानीय दूतावास के संपर्क में रहें और दूतावास द्वारा सुझाए गए मार्गों का पालन करके सुरक्षित निकलें।
भारतीय दूतावास की एडवाइजरी
बताते चलें कि, तेहरान स्थित भारतीय दूतावास ने बुधवार को एक विस्तृत एडवाइजरी जारी की। इसमें कहा गया कि 7 अप्रैल को पहले दी गई सलाहै और हाल के घटनाक्रमों को ध्यान में रखते हुए, ईरान में मौजूद भारतीय नागरिकों को दूतावास के साथ तालमेल बनाए रखना चाहिए और सुझाए गए मार्गों के माध्यम से ही देश छोड़ना चाहिए।
दूतावास ने स्पष्ट किया कि किसी भी अंतरराष्ट्रीय जमीनी सीमा तक जाने की कोशिश बिना पहले से सलाह और तालमेल किए नहीं की जानी चाहिए। साथ ही, नागरिकों के लिए आपातकालीन नंबर भी साझा किए गए हैं ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत मदद मिल सके।
भारत की कूटनीतिक दृष्टि
विदेश मंत्रालय के बयान से इस बात की पुष्टी होती है कि भारत युद्धविराम को लेकर सकारात्मक दृष्टिकोण रखता है और क्षेत्रीय स्थिरता के लिए इसे एक पॉजीटिव कदम मानका है। भारत की नीति हमेश से ही संघर्षों को बातचीत और कूटनीति के जरिए हल करने की रही है।
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