US attack on Venezuela 2026: निकोलस मादुरो का आखिरी इंटरव्यू, तेल और ड्रग्स पर ट्रंप को दिया था शांति प्रस्ताव

क्या निकोलस मादुरो को आभास हो गया था कि काल उनके दरवाजे पर खड़ा है? अपने आखिरी इंटरव्यू में एक तरफ उन्होंने ट्रंप को तेल और ड्रग्स पर समझौते का लालच दिया, वहीं दूसरी ओर उनकी कार की पिछली सीट पर 'No War, Yes Peace' की टोपी रखी थी। आखिर उस सुलह की कोशिश का खूनी अंत कैसे हुआ?

US attack on Venezuela 2026

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

जनवरी 3, 2026

US attack on Venezuela 2026: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने वेनेजुएला पर किए गए एयरस्ट्राइक के बाद दावा किया कि वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया एडेला फ्लोरेस अब अमेरिकी सैनिकों के कब्जे में हैं। ट्रंप ने पहले भी कई बार मादुरो को सत्ता से हटाने की योजना का संकेत दिया था और उन्होंने यह भी चेतावनी दी थी कि वेनेजुएला में ग्राउंड ऑपरेशन की संभावना पर विचार हो सकता है।

US attack on Venezuela 2026: मादुरो का बयान, अमेरिका से बातचीत के लिए तैयार

वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो ने गुरुवार (1 जनवरी 2026) को अपने आखिरी इंटरव्यू में कहा कि वह अमेरिका से मादक पदार्थों की तस्करी और तेल संबंधित मुद्दों पर बातचीत करने के लिए तैयार हैं। मादुरो ने कहा कि अमेरिका वेनेजुएला में सरकार बदलने के लिए दबाव बना रहा है और इसके पीछे वेनेजुएला के विशाल तेल भंडार पर नियंत्रण हासिल करने की योजना है। उन्होंने बताया कि यह दबाव अगस्त से ही बढ़ा, जब अमेरिकी सेना ने कैरिबियाई सागर में अपनी तैनाती बढ़ाई थी।

US attack on Venezuela 2026: अमेरिकी सेना की कार्रवाई: 30 से ज्यादा हमले और 100 से ज्यादा मौतें

अमेरिका की सेना पिछले तीन महीनों से कैरेबियाई सागर और पूर्वी प्रशांत क्षेत्र में उन जहाजों को निशाना बना रही है, जिन पर ड्रग्स की तस्करी का शक है। इस दौरान अब तक 30 से अधिक हमले किए गए हैं, जिसमें 100 से ज्यादा लोग मारे जा चुके हैं। अमेरिका ने दावा किया है कि इस कार्रवाई का उद्देश्य ड्रग तस्करी पर काबू पाना है, लेकिन इसके परिणामस्वरूप दोनों देशों के बीच तनाव और बढ़ गया है।

वेनेजुएला का आरोप, अमेरिका का सैन्य हमला स्वतंत्रता को खतरे में डाल रहा

वेनेजुएला सरकार ने डोनाल्ड ट्रंप की सरकार की कड़ी आलोचना करते हुए इस हमले को एक गंभीर सैन्य हमला बताया है। वेनेजुएला के अधिकारियों का कहना है कि यह हमला उनके देश के रणनीतिक संसाधनों, खासकर तेल और खनिजों पर कब्जा करने की कोशिश का हिस्सा है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि अमेरिका का उद्देश्य वेनेजुएला की राजनीतिक स्वतंत्रता को खत्म करना है।

मादुरो का रिएक्शन, राष्ट्रीय आपातकाल की घोषणा

इस हमले के बाद वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो ने राष्ट्रीय आपातकाल घोषित कर दिया और सभी राष्ट्रीय रक्षा योजनाओं को लागू करने का आदेश दिया। उन्होंने यह भी कहा कि अब उन्हें अपने नागरिकों के अधिकारों को निलंबित करने और सेना की भूमिका को बढ़ाने का अधिकार प्राप्त हो गया है। मादुरो ने बयान में कहा, “आज बोलिवर, मिरांडा और हमारी आज़ादी की भावना को ध्यान में रखते हुए, वेनेजुएला के लोग एक बार फिर हमलों के खिलाफ अपनी स्वतंत्रता की रक्षा करने के लिए उठ खड़े होंगे।”

वेनेजुएला के लोग सड़क पर उतरने के लिए तैयार

मादुरो ने अपने बयान में जनता से आह्वान किया कि वेनेजुएला के लोग, जो हमेशा से स्वतंत्रता की रक्षा के लिए खड़े रहे हैं, एक बार फिर इस हमले के खिलाफ अपनी आज़ादी की रक्षा के लिए सड़कों पर उतरें। वेनेजुएला सरकार ने यह भी चेतावनी दी कि अगर अमेरिका की कार्रवाई जारी रहती है, तो देश की सुरक्षा और स्वतंत्रता को खतरा हो सकता है।यह घटनाक्रम वेनेजुएला और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव को दर्शाता है। अमेरिका द्वारा किए गए एयरस्ट्राइक और इसके बाद मादुरो के खिलाफ उठाए गए कदम, दोनों देशों के बीच सैन्य और कूटनीतिक विवाद को और गहरा सकते हैं।

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