UP New DGP: IPS एल.वी. एंटनी देव कुमार बने यूपी के नए स्थायी DGP, राज्यपाल ने लगाई मुहर

यूपी पुलिस को मिला नया बॉस! 1994 बैच के अनुभवी आईपीएस अधिकारी एल.वी. एंटनी देव कुमार उत्तर प्रदेश के नए स्थायी पुलिस महानिदेशक (DGP) नियुक्त किए गए हैं।

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

मार्च 21, 2026

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UP New DGP: उत्तर प्रदेश की कानून-व्यवस्था को लेकर एक बड़ा प्रशासनिक बदलाव सामने आया है। राज्य सरकार ने प्रदेश में पिछले चार वर्षों से चली आ रही ‘कार्यवाहक’ डीजीपी (DGP) की व्यवस्था को समाप्त करते हुए स्थायी पुलिस महानिदेशक के पद पर नियुक्ति को हरी झंडी दे दी है। 1994 बैच के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी एल.वी. एंटनी देव कुमार को इस गरिमामय पद की जिम्मेदारी सौंपी गई है। राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने उनके नाम पर अपनी आधिकारिक स्वीकृति दे दी है, जिससे प्रदेश पुलिस को अब एक स्थायी नेतृत्व मिल गया है।

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नियुक्ति और वेतनमान का विवरण

अपर मुख्य सचिव संजय प्रसाद द्वारा जारी आधिकारिक आदेश के अनुसार, एल.वी. एंटनी देव कुमार की यह पदोन्नति 1 मार्च 2026 से प्रभावी मानी जाएगी। गृह विभाग द्वारा जारी आदेश (संख्या- 247/छःपुसे-2-2026) के तहत उन्हें पे-मैट्रिक्स लेवल-16 (वेतनमान ₹2,05,400 – ₹2,24,400) पर प्रोन्नति दी गई है। हालांकि उनके प्रमोशन का आदेश जारी हो चुका है, लेकिन उनकी विशिष्ट तैनाती का आदेश अलग से जारी किया जाएगा।

कार्यवाहक व्यवस्था का अंत

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में साल 2022 से ही पुलिस महानिदेशक के पद पर स्थायी नियुक्ति नहीं हुई थी और कार्यवाहक अधिकारियों के भरोसे ही विभाग चल रहा था। इससे पहले राजीव कृष्ण कार्यवाहक डीजीपी के रूप में अपनी सेवाएं दे रहे थे, जिन्होंने प्रशांत कुमार के सेवानिवृत्त होने के बाद यह कार्यभार संभाला था। लंबे समय से विपक्ष और प्रशासनिक हलकों में कार्यवाहक डीजीपी की नियुक्ति को लेकर सरकार पर सवाल उठाए जा रहे थे। देव कुमार की नियुक्ति के साथ ही अब इन राजनीतिक और कानूनी चर्चाओं पर विराम लग गया है।

कौन हैं एल.वी. एंटनी देव कुमार?

मूल रूप से तमिलनाडु के तिरुनेलवेली के रहने वाले एल.वी. एंटनी देव कुमार एक बेहद अनुभवी और कुशल पुलिस अधिकारी माने जाते हैं।

शिक्षा: उन्होंने राजनीति विज्ञान और इतिहास विषयों में स्नातक और परास्नातक (MA) की शिक्षा प्राप्त की है।

अनुभव: डीजीपी बनने से पहले वह एडीजी (रूल्स एंड मैनुअल) के पद पर तैनात थे। इसके अतिरिक्त, उन्होंने सीबीसीआईडी (CB-CID), एसएसएफ (SSF), और पर्सनल (Personnel) जैसे महत्वपूर्ण विभागों में भी अपनी काबिलियत साबित की है।

बैच: वह 1994 बैच के उत्तर प्रदेश कैडर के आईपीएस अधिकारी हैं।

चुनौतियां और कार्यकाल का सवाल

नए डीजीपी के सामने आने वाले समय में कई बड़ी चुनौतियां खड़ी हैं। प्रदेश में आगामी पंचायत चुनाव और कई विधानसभा सीटों पर होने वाले उपचुनाव के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखना उनकी प्राथमिकता होगी। हालांकि, एक तकनीकी पेंच यह भी है कि देव कुमार की 60 वर्ष की आयु के अनुसार उनकी सेवा अवधि 28 मई 2026 को समाप्त हो रही है। ऐसे में प्रशासनिक गलियारों में यह चर्चा तेज है कि क्या सरकार उन्हें सेवा विस्तार (Extension) देगी या यह नियुक्ति केवल कुछ महीनों के लिए ही है।

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