UP Heat Wave Alert: सावधान! यूपी में लू का कहर शुरू, दोपहर 12 से 3 बजे तक बाहर न निकलने की सलाह

उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी और हीटवेव का खतरा बढ़ गया है। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, अगले 5 दिनों में तापमान में 4 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी हो सकती है। प्रशासन ने सुरक्षा के मद्देनजर विस्तृत एडवाइजरी जारी की है। जानें लू से बचने के लिए क्या खाएं, क्या न करें और आपातकालीन स्थिति में क्या कदम उठाएं।

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

अप्रैल 21, 2026

UP Heat Wave Alert: उत्तर प्रदेश में चिलचिलाती धूप और गर्म हवाओं का प्रकोप शुरू हो गया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) और मौसम केंद्र लखनऊ के ताजा अनुमानों के अनुसार, आने वाले दिनों में प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में हीटवेव (लू) की स्थिति और भी गंभीर हो सकती है। इसे देखते हुए जिला आपदा विशेषज्ञ ने आम जनमानस के लिए एक विस्तृत एडवाइजरी जारी की है, ताकि लोग स्वास्थ्य संबंधी खतरों से बच सकें।

मौसम विभाग की भविष्यवाणी

मौसम केंद्र के पूर्वानुमान के मुताबिक, अगले पांच दिनों के दौरान राज्य में गर्मी का सितम बढ़ेगा। अधिकतम तापमान में धीरे-धीरे 2 से 4 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की जा सकती है। हालांकि, इस चढ़ते पारे के बाद तापमान में लगभग 2 डिग्री की मामूली गिरावट की उम्मीद है। वहीं, न्यूनतम तापमान में अगले 48 घंटों तक स्थिरता बनी रहेगी, लेकिन उसके बाद इसमें 2-3 डिग्री का उछाल आने की संभावना है। पिछले 24 घंटों के आंकड़ों पर गौर करें तो पूर्वी उत्तर प्रदेश के कुछ इलाकों में पहले ही लू (Heatwave) अपना असर दिखा चुकी है।

लू से बचाव के उपाय

जिला आपदा विशेषज्ञ ने लोगों को सलाह दी है कि वे धूप में निकलते समय खुद को पूरी तरह कवर रखें। हीट स्ट्रोक से सुरक्षा के लिए हमेशा अपने साथ छाता, टोपी या गमछा रखें। कपड़ों के चुनाव में सावधानी बरतें; केवल हल्के रंग के और फुल आस्तीन वाले सूती कपड़े ही पहनें। यदि आपका कार्यक्षेत्र बाहर है, तो समय-समय पर गीले कपड़े से अपने चेहरे, सिर और गर्दन को पोंछते रहें ताकि शरीर का तापमान नियंत्रित रहे।

शरीर में पानी की कमी को रोकने हेतु तरल पदार्थों का सेवन

भीषण गर्मी में डिहाइड्रेशन से बचने के लिए खान-पान पर विशेष ध्यान देना अनिवार्य है। प्राकृतिक पेय और ताजे फल लू से लड़ने में सबसे मददगार साबित होते हैं। लोगों को अधिक से अधिक मात्रा में लस्सी, नींबू पानी, छाछ, आम का पन्ना और गन्ने के रस जैसे पेय पदार्थों का सेवन करना चाहिए। भोजन में खीरा, ककड़ी और तरबूज जैसे मौसमी फलों को शामिल करें। ताज़ा और हल्का भोजन ही करें ताकि पाचन तंत्र पर अतिरिक्त दबाव न पड़े।

हीटवेव के लक्षण दिखने पर क्या करें?

यदि किसी व्यक्ति को चक्कर आना, सिरदर्द, उल्टी, मांसपेशियों में ऐंठन या तेज बुखार जैसे लक्षण महसूस हों, तो इसे नजरअंदाज न करें। आपातकालीन चिकित्सा सहायता के लिए तुरंत छायादार स्थान पर आराम करें। कपड़ों को ढीला करें और पंखे या कूलर का सहारा लें। यदि पीड़ित व्यक्ति होश में है, तो उसे ठंडा पानी पिलाएं और उसके पैर ऊपर करके लिटा दें। गंभीर स्थिति होने पर तुरंत 108 एम्बुलेंस सेवा को कॉल करें या नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से संपर्क करें।

दोपहर की धूप और इन आदतों से बनाएं दूरी

प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि दोपहर 12:00 बजे से 3:00 बजे के बीच जब धूप सबसे तीखी होती है, तब अनावश्यक बाहर निकलने से बचें। वर्जित खाद्य पदार्थ और आदतें जैसे कि अधिक तेल-मसाले वाला भोजन, उच्च प्रोटीन युक्त डाइट और बासी खाने से परहेज करें। चाय, कॉफी और शराब का सेवन कम करें क्योंकि ये शरीर को निर्जलित (Dehydrate) कर सकते हैं। साथ ही, बच्चों और पालतू जानवरों को कभी भी बंद वाहनों में अकेला न छोड़ें, क्योंकि बंद गाड़ी के भीतर का तापमान जानलेवा स्तर तक पहुँच सकता है।