UP Panchayat Chunav: उत्तर प्रदेश में आगामी पंचायत चुनावों की तैयारियों के बीच राज्य निर्वाचन आयोग ने गुरुवार को त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की अंतिम मतदाता सूची जारी कर दी है। इस सूची के जारी होने के साथ ही पंचायत चुनाव की प्रक्रिया को लेकर नई गतिविधियां तेज होने की उम्मीद है। आयोग की ओर से जिलावार प्रकाशित की गई इस सूची में मतदाताओं को पहली बार 9 अंकों का विशेष पहचान नंबर भी आवंटित किया गया है।
UP पंचायत चुनाव वोटर लिस्ट जारी
बताते चले कि, राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा जारी अंतिम मतदाता सूची के अनुसार प्रदेश में कुल 40.19 लाख मतदाताओं की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। आयोग ने व्यापक सत्यापन और आपत्तियों के निस्तारण के बाद सूची को अंतिम रूप दिया है। जानकारी के मुताबिक इस बार करीब 1.81 करोड़ नए मतदाताओं को सूची में शामिल किया गया है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में मतदान प्रतिशत बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।
मतदाता सूची संशोधन अभियान के बाद हटाए गए 1.41 करोड़ नाम
अंतिम मतदाता सूची तैयार करने के दौरान निर्वाचन आयोग ने व्यापक जांच और सत्यापन अभियान चलाया था। इस प्रक्रिया में ऐसे मतदाताओं के नाम हटाए गए जो पात्रता की शर्तों को पूरा नहीं करते थे या जिनकी जानकारी अद्यतन नहीं थी। आयोग के आंकड़ों के अनुसार लगभग 1.41 करोड़ मतदाताओं के नाम सूची से हटाए गए हैं। अधिकारियों का कहना है कि इससे मतदाता सूची अधिक सटीक और पारदर्शी बनेगी।
जिलावार पंचायत चुनाव मतदाता सूची जारी
हालांकि आयोग ने जिलावार अंतिम मतदाता सूची ऑनलाइन उपलब्ध करा दी है, लेकिन कई जिलों से सूची डाउनलोड न होने की शिकायतें सामने आई हैं। बताया जा रहा है कि तकनीकी खामियों के कारण वेबसाइट पर अधिक ट्रैफिक होने से मतदाताओं को सूची डाउनलोड करने में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। निर्वाचन आयोग ने तकनीकी टीम को समस्या के समाधान के निर्देश दिए हैं।
18 दिसंबर 2025 को प्रकाशित हुई थी प्रारंभिक मतदाता सूची
गौरतलब है कि राज्य निर्वाचन आयोग ने 18 दिसंबर 2025 को पंचायत चुनाव के लिए अनंतिम मतदाता सूची जारी की थी। इसके बाद दावे और आपत्तियां आमंत्रित की गई थीं। प्राप्त शिकायतों और सुझावों की जांच के बाद अंतिम सूची को तैयार कर सार्वजनिक किया गया है। आयोग का दावा है कि इस प्रक्रिया से मतदाता सूची को अधिक विश्वसनीय बनाया गया है।
9 अंकों का वोटर पहचान नंबर देगा नई सुविधा
इस बार पंचायत चुनाव में प्रत्येक मतदाता को 9 अंकों का विशेष पहचान नंबर दिया गया है। निर्वाचन आयोग का मानना है कि इससे मतदाता पहचान प्रक्रिया अधिक आसान होगी और चुनावी व्यवस्थाओं में पारदर्शिता आएगी। यह कदम चुनावी रिकॉर्ड को डिजिटल रूप से व्यवस्थित करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
ओबीसी आरक्षण विवाद के चलते फिलहाल टले पंचायत चुनाव
उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव की अंतिम मतदाता सूची जारी होने के बावजूद चुनाव कार्यक्रम को लेकर अभी स्थिति पूरी तरह स्पष्ट नहीं है। पंचायतों में ओबीसी आरक्षण से जुड़े मुद्दे पर निर्णय लंबित होने के कारण ग्राम प्रधानों को छह महीने के लिए प्रशासक नियुक्त किया गया है। वहीं इस मामले में हाईकोर्ट में सुनवाई भी जारी है। ऐसे में पंचायत चुनाव की तारीखों का ऐलान आरक्षण संबंधी विवाद के समाधान के बाद ही संभव माना जा रहा है।










