Crude Oil Price: डोनाल्ड ट्रंप के संबोधन के बाद तेल की कीमतों में उछाल, वैश्विक शेयर बाजार में दिखी गिरावट

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के कड़े संबोधन के बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में 4% से अधिक का भारी उछाल आया है, जिससे ब्रेंट क्रूड $106 प्रति बैरल के पार पहुंच गया। ट्रम्प द्वारा युद्ध जारी रखने और तेल ठिकानों पर हमले की चेतावनी के बाद दुनिया भर के शेयर बाजारों में भारी गिरावट दर्ज की गई।

Crude Oil Price

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

अप्रैल 2, 2026

Crude Oil Price: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने राष्ट्र के नाम प्रसारित अपने संबोधन में कहा कि,32 दिनों के अमेरिकी सैन्य अभियान के बाद ईरान वास्तव में अब खतरा नहीं रहा है।ट्रम्प ने ईरान को खुली धमकी दी है कि अगर ईरान शिपिंग के लिए होर्मुज स्ट्रेट को फिर से नहीं खोलता है तो वह ईरान के परमाणु संयंत्रों पर हमला करेंगे।उन्होंने यह दावा किया कि,अमेरिका ने ईरान की नौसेना और वायु शक्ति को बुरी तरह तबाह कर दिया है।

अमेरिकी राष्ट्रपति का देश के नाम संबोधन

ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका ने ईरान के बैलिस्टिक मिसाइल और परमाणु कार्यक्रमों को अमेरिकी सेना ने बुरी तरह से क्षतिग्रस्त कर दिया है।हालांकि ट्रंप ने अपने पूरे संबोधन में संघर्ष के खत्म होने के बारे में नहीं बताया लेकिन इस बात की ओर इशारा किया कि ऊर्जा और तेल से जुड़े लक्ष्यों पर अमेरिका हमले जारी रख सकता है।ट्रम्प का यह संबोधन अमेरिकी जनता को आश्वस्त करने की कोशिश था जो युद्ध के चलते आर्थिक दबाव और बढ़ती ईंधन कीमतों से चिंतित है।

संबोधन के बाद तेल की कीमतो में उछाल

वहीं अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ईरान युद्ध पर राष्ट्रीय संबोधन के बाद तेल की कीमतों में 4 प्रतिशत से अधिक का उछाल आया है,जबकि एशियाई शेयर बाजारों में गिरावट देखी गई।ट्रम्प ने साफ किया है कि,अमेरिका आने वाले हफ्तों में ईरान पर हमले जारी रखेगा जिसमें ऊर्जा और तेल ठिकाने भी शामिल हैं।इस बयान के तुरंत बाद अंतरराष्ट्रीय बाजार में तेल की कीमतें 4 प्रतिशत से ज्यादा उछल गईं।

वैश्विक शेयर बाजार में आई गिरावट

ब्रेंट क्रूड करीब 106 डॉलर प्रति बैरल और WTI क्रूड 104 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुंच गया।खास बात यह है कि,इससे पहले दिन में कीमतों में गिरावट देखी गई थी लेकिन ट्रम्प के संबोधन के बाद बाजार ने तेजी पकड़ ली।घोषणा के बाद टोक्यो का निक्केई 225 सूचकांक 1.4 प्रतिशत गिरकर 53,004.81 पर,दक्षिण कोरिया का कोस्पी 3.4 प्रतिशत गिरकर 5,292.36 पर और हांगकांग का हैंग सेंग 0.8 प्रतिशत गिरकर 25,082.59 पर आ गया।

युद्ध का यूरोप की अर्थव्यवस्था पर दिखा असर

वहीं,International Energy Agency ने चेतावनी दी है कि सप्लाई में बाधा का असर अब यूरोप की अर्थव्यवस्था पर दिखना शुरू हो गया है। तेल बाजार इस समय पूरी तरह भू-राजनीतिक तनाव के असर में है और जब तक हालात सामान्य नहीं होते कीमतों में इसी तरह उतार-चढ़ाव जारी रहने की आशंका बनी हुई है।

ईरान के राष्ट्रपति का अमेरिकी जनता के लिए पत्र

उधर ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने संयुक्त राज्य अमेरिका के लोगों के लिए एक खुला पत्र जारी किया है,जिसमें उन्होंने मध्य पूर्व में लंबे समय तक चलने वाली शत्रुता को चुनौती दी है और वाशिंगटन पर आरोप लगाया है कि….वह वास्तविक ‘अमेरिका फर्स्ट’ रणनीति का पालन करने के बजाय इजराइल के लिए एक प्रॉक्सी के रूप में काम कर रहा है।

वैश्विक तेल बाजारों में दिखाई दे रही अस्थिरता

पेजेश्कियन ने कहा कि ऐसे कार्यों से क्षेत्रीय अस्थिरता पैदा होती है, मानवीय और आर्थिक नुकसान बढ़ता है और दीर्घकालिक असंतोष की नींव पड़ती है। इस पत्र के माध्यम से उन्होंने अमेरिका के लोगों से पूछा है ऐसे युद्ध से वास्तव में किन अमेरिकी हितों की पूर्ति हो रही है जिसने पहले ही वैश्विक तेल बाजारों और आपूर्ति श्रृंखलाओं को बाधित कर दिया है।