
Tripura BSF Attack : त्रिपुरा के बॉक्सानगर में भारत-बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय सीमा के पास बीएसएफ (BSF) के जवानों पर तस्करों के एक गिरोह ने हमला कर दिया। इस घटना में तीन जवान घायल हो गए हैं। बताया जा रहा है कि तस्करों ने जवानों को घेरकर लाठी-डंडों से बेरहमी से पीटा और उनके हथियार छीनने की भी कोशिश की। इतना ही नहीं, हमलावरों ने बीएसएफ के वाहन में भी तोड़फोड़ की। घटना की जानकारी मिलते ही आशाबाड़ी से बीएसएफ की अतिरिक्त टुकड़ी मौके पर पहुंची, जिसके बाद आरोपी वहां से फरार हो गए। पुलिस अब हमलावरों की तलाश में जुटी है।
तस्करी का सामान ले जा रहे युवक को पकड़ने के बाद हुआ विवाद
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, घटना की शुरुआत सुबह करीब 9 बजे हुई। भारत-बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय सीमा पर गेट नंबर 174 और 175 के पास कंटीले तारों की बाड़ के नजदीक बीएसएफ के जवानों ने तस्करी का सामान लेकर जा रहे एक युवक को देखा। जवानों ने उसका पीछा किया और हेफजुर रहमान नाम के कथित तस्कर को पकड़ लिया। इसके बाद जवान रहीमपुर काटामुडा चौकी की ओर से बॉक्सानगर जा रहे थे। इसी दौरान पकड़े गए युवक के परिजनों और कथित तस्करी गिरोह के अन्य सदस्यों ने जवानों को निशाना बना लिया।
लाठी-डंडों से जवानों की पिटाई, हथियार छीनने की भी कोशिश
आरोप है कि तस्करों के परिजनों और उनके साथियों ने जवानों को रास्ते में घेर लिया। इसके बाद उनके साथ मारपीट शुरू कर दी गई। हमलावरों ने लाठी-डंडों से जवानों पर हमला किया और उनके हथियार छीनने का प्रयास किया। अचानक हुए इस हमले में तीन बीएसएफ जवान घायल हो गए। हमलावरों ने जवानों की गाड़ी को भी नुकसान पहुंचाया। घटना की सूचना मिलते ही बीएसएफ की अतिरिक्त टीम आशाबाड़ी से घटनास्थल पर पहुंची। सुरक्षाबलों की मौजूदगी बढ़ते ही आरोपी मौके से भाग निकले। पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां मामले की जांच कर रही हैं।
घायल जवानों को अस्पताल में कराया गया भर्ती
हमले में घायल हुए तीनों जवानों को पहले बॉक्सानगर अस्पताल ले जाया गया। उनकी स्थिति को देखते हुए बाद में उन्हें बेहतर इलाज के लिए अगरतला के एक सरकारी अस्पताल में रेफर कर दिया गया। फिलहाल जवानों का उपचार किया जा रहा है। वहीं, घटना के बाद सीमावर्ती इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सतर्कता बढ़ा दी गई है। पुलिस आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए तलाश अभियान चला रही है।
मुख्यमंत्री माणिक साहा ने की हमले की कड़ी निंदा
बीएसएफ जवानों पर हुए हमले को लेकर त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने इस घटना की निंदा करते हुए अधिकारियों को दोषियों के खिलाफ तत्काल और सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री ने साफ कहा कि सुरक्षा बलों के खिलाफ हिंसा किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी और कानून के मुताबिक आरोपियों को सजा मिलनी चाहिए।
CM ने X पर जताई नाराजगी, दोषियों पर कार्रवाई के निर्देश
मुख्यमंत्री माणिक साहा ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर पोस्ट कर कहा कि आशाबाड़ी में उपद्रवियों के एक समूह द्वारा बहादुर बीएसएफ जवानों पर किया गया हमला बेहद निंदनीय है। सुरक्षा बलों के खिलाफ हिंसा की ऐसी घटनाएं पूरी तरह अस्वीकार्य हैं। उन्होंने कहा कि संबंधित अधिकारियों को दोषियों के खिलाफ त्वरित और कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि देश की सुरक्षा में तैनात जवान सर्वोच्च सम्मान और सुरक्षा के हकदार हैं।
बांग्लादेश के साथ 856 किलोमीटर लंबी सीमा साझा करता है त्रिपुरा
गौरतलब है कि त्रिपुरा की सीमा बांग्लादेश से करीब 856 किलोमीटर तक लगती है। इस सीमा पर तस्करी और अवैध गतिविधियों को रोकने के लिए बीएसएफ के जवान लगातार निगरानी करते हैं। ऐसे में बॉक्सानगर में जवानों पर हुआ हमला सीमा सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंता पैदा करता है। अब देखना होगा कि पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां आरोपियों को कब तक गिरफ्तार कर पाती हैं।











