
नई दिल्ली
मक्का और मदीना में करीब 4,000 भारतीय उमरा यात्रियों के फंसे होने का मामला सामने आया है. AIMIM प्रमुख और हैदराबाद के सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने इस मामले में केंद्र सरकार से तत्काल दखल देने की मांग की है. उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट कर कहा कि इंडिगो, अकासा एयर और एअर इंडिया की उड़ानें रद्द होने के कारण भारतीय जायरीन सऊदी अरब में फंस गए हैं।
असदुद्दीन ओवैसी ने डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (DGCA) से अपील की कि इन एयरलाइंस को बड़े विमानों के संचालन की विशेष अनुमति दी जाए, ताकि ज्यादा से ज्यादा यात्रियों को भारत वापस लाया जा सके. उन्होंने कहा कि अगर ऐसा करना संभव नहीं है, तो फंसे हुए जायरीन को वापस लाने के लिए विशेष उड़ानों का इंतजाम किया जाना चाहिए।
'ट्रैवल एजेंटों ने जायरीन को अकेला छोड़ा'
ओवैसी ने आरोप लगाया कि कई भारतीय जायरीन को उनके ट्रैवल एजेंटों ने अकेला छोड़ दिया है. उन्होंने कहा कि ऐसे लोगों को तत्काल मदद और जरूरी सुविधाएं मुहैया कराने की जरूरत है. ओवैसी ने केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रिजिजू, विदेश मंत्री एस. जयशंकर और वरिष्ठ अधिकारियों को टैग करते हुए उनसे मामले में हस्तक्षेप करने की अपील की।
मिडिल ईस्ट में तनाव से उड़ानें प्रभावित
यह मामला मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच सामने आया है. सऊदी अरब में विमानन ढांचे को निशाना बनाकर ड्रोन और मिसाइल हमलों की खबरों के बाद भारतीय एयरलाइंस ने सुरक्षा कारणों से अपनी उड़ानों पर रोक बढ़ा दी है. इंडिगो और अकासा एयर ने रियाद, जेद्दा, दम्माम और मदीना के लिए उड़ानें रद्द की हैं, जबकि एयर इंडिया ने भी सुरक्षा आकलन के आधार पर अपने परिचालन को रोका है।
ऐसे में जायरीन की सुरक्षित वापसी को लेकर चिंता बढ़ गई है. ओवैसी ने सरकार से जल्द हस्तक्षेप कर फंसे हुए भारतीयों की मदद करने और उनकी वापसी का इंतजाम करने की मांग की है।











