Ulhasnagar Firing: ठाणे के उल्हासनगर में सरेराह अंधाधुंध फायरिंग, दो की मौत से मचा हड़कंप

महाराष्ट्र के ठाणे जिले के उल्हासनगर (कैलास कॉलोनी चौक) में हफ्ता वसूली और पुरानी रंजिश के चलते करीब 10 से 12 हमलावरों ने दो सगे भाइयों अनिल चौहान और अमन चौहान पर अंधाधुंध फायरिंग कर दी। इस खूनी खेल में दोनों की मौत हो गई, जबकि उनके काका गंभीर रूप से घायल हैं।

Ulhasnagar Firing

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

मई 22, 2026

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Ulhasnagar Firing:  महाराष्ट्र के ठाणे जिले के अंतर्गत आने वाले उल्हासनगर से एक बेहद सनसनीखेज और रूह कंपा देने वाली वारदात सामने आई है। यहां के उल्हासनगर कैंप 5 स्थित कैलास कॉलोनी इलाके में शाम के समय बीच सड़क पर सरेआम अंधाधुंध फायरिंग की गई। शुरुआती जानकारियों के मुताबिक, यह खूनी खेल दो गुटों के बीच चल रहे एक पुराने और गंभीर विवाद के चलते खेला गया। देखते ही देखते दोनों गुटों के अपराधी तत्व आमने-सामने आ गए और पूरे इलाके को गोलियों की तड़तड़ाहट से दहला दिया।

चश्मदीदों के अनुसार, हमलावरों ने बैक-टू-बैक करीब सात राउंड ताबड़तोड़ फायरिंग की। इस भीषण गोलीबारी में दो लोगों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि एक अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया है। इस दुस्साहसिक वारदात के बाद से ही पूरे क्षेत्र में दहशत और भारी तनाव का माहौल व्याप्त है, जिसे देखते हुए प्रशासन ने मौके पर भारी पुलिस बल तैनात कर दिया है।

पुरानी रंजिश का खूनी अंजाम

इस रोंगटे खड़े कर देने वाले घटनाक्रम के पीछे अंबरनाथ गांव और कैलास कॉलोनी चौक के कुछ स्थानीय बदमाशों के बीच लंबे समय से चली आ रही पुरानी दुश्मनी (गैंगवार) बताई जा रही है। इसी रंजिश के प्रतिशोध में बदमाशों ने घात लगाकर इस जानलेवा हमले को अंजाम दिया और एक के बाद एक कई गोलियां दागीं। इस अंधाधुंध फायरिंग की चपेट में आने से अनिल हरकेश चौहान और अमन चौहान नामक दो युवकों की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, उनके साथ मौजूद अर्जुन सूरजबली चौहान नामक व्यक्ति गोलियां लगने से लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़ा और गंभीर रूप से जख्मी हो गया। सरेराह हुई इस गोलीबारी की सूचना मिलते ही हिललाइन पुलिस स्टेशन के वरिष्ठ अधिकारी और भारी संख्या में पुलिस कर्मचारी बिना वक्त गंवाए तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे।

गंभीर रूप से घायल अर्जुन चौहान निजी अस्पताल में रेफर, हालत नाजुक

पुलिस टीम ने स्थानीय लोगों की मदद से तुरंत सभी हताहतों को उल्हासनगर के मध्यवर्ती (सेंट्रल) अस्पताल पहुंचाया। जहां डॉक्टरों ने अनिल और अमन को मृत घोषित कर दिया, वहीं अर्जुन चौहान की हालत बेहद चिंताजनक और नाजुक बनी हुई थी। अस्पताल के डॉक्टरों ने अर्जुन के शरीर से गोलियां निकालने और उसकी जान बचाने के लिए प्राथमिक उपचार दिया, लेकिन स्थिति नियंत्रण से बाहर होने के कारण उसे बेहतर और उन्नत चिकित्सा के लिए तुरंत एक नजदीकी निजी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में रेफर कर दिया है, जहां वह इस समय वेंटिलेटर पर जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहा है।

खौफ के साए में कैलास कॉलोनी

इस सरेआम हुई भीषण हत्या और गोलीबारी की घटना के बाद से कैलास कॉलोनी और उसके आसपास के पूरे उल्हासनगर इलाके में डर, खौफ और जबरदस्त तनाव का माहौल बना हुआ है। व्यापारी और स्थानीय नागरिक सुरक्षा को लेकर बेहद डरे हुए हैं। स्थिति की संवेदनशीलता और किसी भी संभावित हिंसक प्रतिक्रिया को रोकने के लिए पुलिस प्रशासन ने पूरे संवेदनशील क्षेत्र में अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है और दंगा नियंत्रण वाहनों को तैनात किया है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने खुद कमान संभाल रखी है और कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए लगातार गश्त की जा रही है।

फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही हैं विशेष पुलिस टीमें

हिललाइन पुलिस ने घटनास्थल को पूरी तरह सील कर दिया है और फोरेंसिक विशेषज्ञों की मदद से वहां से कारतूसों के खोखे और अन्य महत्वपूर्ण वैज्ञानिक सबूत जुटाए जा रहे हैं। इसके साथ ही, हमलावरों की पहचान सुनिश्चित करने के लिए कैलास कॉलोनी चौक और आसपास की दुकानों व घरों में लगे सभी सीसीटीवी (CCTV) कैमरों की फुटेज को गहराई से खंगाला जा रहा है। वारदात को अंजाम देने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार होने में कामयाब रहे। पुलिस उपायुक्त के निर्देश पर आरोपियों की जल्द से जल्द धरपकड़ के लिए पुलिस की कई विशेष क्राइम ब्रांच टीमें गठित कर संभावित ठिकानों पर छापेमारी के लिए रवाना की गई हैं।

दिनदहाड़े हुई इस सनसनीखेज वारदात से कानून-व्यवस्था पर खड़े हुए बड़े सवाल

उल्हासनगर जैसे व्यस्त और घनी आबादी वाले इलाके में दिनदहाड़े और सरेआम हुई इस सात राउंड फायरिंग की वारदात ने एक बार फिर स्थानीय कानून-व्यवस्था और पुलिस के इकबाल पर बेहद गंभीर सवालिया निशान खड़े कर दिए हैं। सरेराह इस तरह हथियारों का प्रदर्शन और हत्या की घटना से आम जनता में असुरक्षा की भावना पैदा हो गई है। पुराने विवाद और आपसी रंजिश से जुड़े इस जानलेवा हमले के पीछे की असली मुख्य वजह क्या थी, क्या यह किसी गैंगवार का हिस्सा है, और इस साजिश में कौन-कौन से बड़े चेहरे शामिल हैं, पुलिस इन सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर बेहद गहराई और मुस्तैदी से जांच कर रही है। अधिकारियों का दावा है कि जल्द ही सभी दोषियों को सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।

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