UP News: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को टाटा मोटर्स के लखनऊ प्लांट से 10 लाखवें वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। 34 वर्षों की इस शानदार यात्रा को मुख्यमंत्री ने मील का पत्थर बताते हुए कहा कि यह उपलब्धि दर्शाती है कि उत्तर प्रदेश अब वैश्विक स्तर पर विनिर्माण और आपूर्ति का प्रमुख केंद्र बन चुका है। उन्होंने जोर देकर कहा कि यह सफलता केवल एक शुरुआत है और प्रदेश का औद्योगिक विकास अब नई ऊंचाइयों को छुएगा।
‘ट्रस्ट’ का प्रतीक बना टाटा मोटर्स

बताते चले कि, मुख्यमंत्री ने टाटा समूह की सराहना करते हुए कहा कि भारतीयों के लिए ‘टाटा’ शब्द ‘भरोसे’ (Trust) का पर्यायवाची बन गया है। सुई से लेकर हवाई जहाज तक, देश के सशक्तिकरण में टाटा का योगदान अतुलनीय है। योगी आदित्यनाथ ने याद किया कि कैसे टाटा की बसों ने पीढ़ी दर पीढ़ी लोगों को सफर कराया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि टाटा मोटर्स का निवेश केवल एक व्यापारिक समझौता नहीं है, बल्कि उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई उड़ान देने की प्रतिबद्धता है।
56 फीसदी वर्कफोर्स के साथ उभरता नया यूपी
राज्य की ताकत का जिक्र करते हुए सीएम ने कहा कि 25 करोड़ की आबादी वाले उत्तर प्रदेश में 56 फीसदी कार्यबल (Workforce) मौजूद है। यह विशाल मानव संसाधन अब केवल कागजों तक सीमित नहीं है, बल्कि धरातल पर औद्योगिक क्रांति ला रहा है। स्किल्ड वर्कफोर्स और सरकार की सहायक नीतियों के कारण निवेशक अब यूपी को अपनी पहली पसंद बना रहे हैं, जिससे राज्य की जीडीपी और रोजगार के अवसरों में भारी वृद्धि हुई है।
एक्सप्रेसवे प्रदेश के रूप में यूपी की नई पहचान
पुराने समय की चुनौतियों को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले प्रदेश में सुरक्षा का संकट था और बुनियादी ढांचा बदहाल था। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि पहले यह पहचानना मुश्किल होता था कि सड़क में गड्ढा है या गड्ढे में सड़क। लेकिन आज स्थिति पूरी तरह बदल चुकी है। वर्तमान में भारत के कुल एक्सप्रेसवे का 55 प्रतिशत हिस्सा अकेले उत्तर प्रदेश में है, जो सुगम यातायात और बेहतर लॉजिस्टिक्स की गारंटी देता है।
गंगा एक्सप्रेसवे और एयरपोर्ट्स का बढ़ता जाल
आने वाले समय के विजन को साझा करते हुए योगी आदित्यनाथ ने घोषणा की कि 600 किलोमीटर लंबे गंगा एक्सप्रेसवे का लोकार्पण इसी महीने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किया जाएगा। इसके साथ ही देश के कुल एक्सप्रेसवे में यूपी का योगदान 60 फीसदी हो जाएगा। उन्होंने विमानन क्षेत्र में हुई प्रगति पर भी प्रकाश डाला और बताया कि जहां 9 साल पहले केवल दो क्रियाशील हवाई अड्डे थे, वहीं आज 16 एयरपोर्ट सक्रिय हैं। हाल ही में जेवर में भारत के सबसे बड़े एयरपोर्ट का उद्घाटन इस विकास यात्रा का स्वर्णिम अध्याय है।
उत्तर प्रदेश में औद्योगिक बदलाव की बयार
मुख्यमंत्री ने अंत में कहा कि पिछली सरकारों में न तो नियत साफ थी और न ही कोई ठोस नीति, जिसके कारण उद्यमी निवेश से डरते थे। आज प्रदेश में ‘कानून का राज’ और ‘पारदर्शी नीतियों’ ने निवेशकों के मन में विश्वास पैदा किया है। टाटा मोटर्स की यह 10 लाख वाहनों की उपलब्धि इसी सुरक्षित और प्रगतिशील माहौल का परिणाम है। उत्तर प्रदेश अब रुकने वाला नहीं है, बल्कि औद्योगिक आसमान की ऊंचाइयों को छूने के लिए तैयार है।









