Suryakumar Yadav : भारत और न्यूजीलैंड के बीच खेली जा रही पांच मैचों की टी20 अंतरराष्ट्रीय सीरीज का पांचवां और अंतिम मुकाबला तिरुवनंतपुरम के ग्रीनफिल्ड इंटरनेशनल स्टेडियम में खेला जाएगा। इस मैच पर क्रिकेट प्रेमियों की खास नजर रहने वाली है, क्योंकि भारतीय टीम के कप्तान सूर्यकुमार यादव के पास इस मुकाबले में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करने का सुनहरा मौका होगा। टीम इंडिया पहले ही इस सीरीज को अपने नाम कर चुकी है और फिलहाल 3-1 से आगे चल रही है। ऐसे में यह मैच भारत के लिए दबाव रहित लेकिन रिकॉर्ड के लिहाज से बेहद अहम साबित हो सकता है।
कप्तान सूर्यकुमार यादव की शानदार फॉर्म
सूर्यकुमार यादव ने इस सीरीज के जरिए अपनी जबरदस्त फॉर्म में वापसी की है। पहले टी20 मैच में जल्दी आउट होने के बाद उन्होंने जोरदार वापसी करते हुए अगले दो मुकाबलों में लगातार अर्धशतक जमाए। उनकी आक्रामक बल्लेबाजी और बेहतरीन स्ट्राइक रेट ने न्यूजीलैंड के गेंदबाजों को खासा परेशान किया है। मौजूदा सीरीज में सूर्या चार मैचों में 179 रन बना चुके हैं और सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजों की सूची में शीर्ष पर बने हुए हैं।
टी20 इंटरनेशनल में 3000 रन पूरे करने से सिर्फ 33 रन दूर
पांचवें टी20 मुकाबले में अगर सूर्यकुमार यादव 33 रन बना लेते हैं, तो वह टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में अपने 3000 रन पूरे कर लेंगे। ऐसा करने वाले वह भारत के तीसरे बल्लेबाज बन जाएंगे। इससे पहले केवल रोहित शर्मा और विराट कोहली ही यह उपलब्धि हासिल कर सके हैं। रोहित शर्मा के नाम टी20 इंटरनेशनल में 4231 रन दर्ज हैं, जबकि विराट कोहली ने 4188 रन बनाए हैं।
सबसे तेज 3000 रन बनाने वालों की लिस्ट में शामिल होने का मौका
सूर्यकुमार यादव ने अब तक 103 टी20 इंटरनेशनल मैचों की 97 पारियों में 2967 रन बनाए हैं। अगर वह इस मैच में 3000 रन पूरे कर लेते हैं, तो वह सबसे तेज 3000 रन बनाने वाले बल्लेबाजों की सूची में संयुक्त रूप से पांचवें स्थान पर पहुंच जाएंगे। इस उपलब्धि के साथ वह ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान एरॉन फिंच की बराबरी कर लेंगे, जिन्होंने 98 पारियों में 3000 रन पूरे किए थे।
टी20 इंटरनेशनल में सबसे तेज 3000 रन का रिकॉर्ड
टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट में सबसे तेज 3000 रन बनाने का रिकॉर्ड पाकिस्तान के मोहम्मद रिजवान के नाम दर्ज है। उन्होंने महज 79 पारियों में यह मुकाम हासिल किया था। इस सूची में विराट कोहली और बाबर आजम संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर हैं, जिन्होंने 81 पारियों में 3000 रन पूरे किए। वहीं यूएई के मोहम्मद वसीम ने 84 पारियों में यह उपलब्धि हासिल की थी।
कप्तानी में भी सूर्या ने छोड़ी मजबूत छाप
सिर्फ बल्लेबाजी ही नहीं, बल्कि कप्तानी के मोर्चे पर भी सूर्यकुमार यादव ने शानदार प्रदर्शन किया है। उनकी अगुआई में भारतीय टीम ने पहले ही सीरीज जीत ली है और युवा खिलाड़ियों को भी खुद को साबित करने का भरपूर मौका मिला है। अब सभी की नजरें आखिरी मुकाबले पर टिकी हैं, जहां सूर्या अपने नाम एक और बड़ा रिकॉर्ड दर्ज कर सकते हैं और सीरीज को यादगार बना सकते हैं।









