Sonam Wangchuk Hunger Strike: लद्दाख के शिक्षा सुधारक और पर्यावरणविद् सोनम वांगचुक का जंतर-मंतर पर जारी अनशन अब 17वें दिन में प्रवेश कर चुका है। उनकी बिगड़ती स्वास्थ्य स्थिति और 8.5 किलो वजन घटने की खबर ने न केवल आम जनता बल्कि बॉलीवुड हस्तियों को भी झकझोर कर रख दिया है। स्वरा भास्कर, जीनत अमान, शबाना आजमी और प्रकाश राज जैसे कई दिग्गज कलाकारों ने वांगचुक के साहस को सलाम करते हुए केंद्र सरकार से उनकी मांगों पर तत्काल बातचीत शुरू करने की अपील की है।
‘हमें आपकी जरूरत है, हमें छोड़कर मत जाइए’
बताते चले कि, सोनम वांगचुक के आंदोलन के प्रति बॉलीवुड का समर्थन लगातार बढ़ रहा है। अभिनेत्री सोनी राजदान ने वांगचुक के लिए एक भावुक कविता साझा की और उनसे अनशन समाप्त करने का आग्रह किया, वहीं जीनत अमान ने प्रशासन पर निशाना साधते हुए कहा कि राष्ट्र को अपने ऐसे होनहार व्यक्तियों की उपेक्षा नहीं करनी चाहिए। शबाना आजमी ने वांगचुक को ‘अन्याय के खिलाफ सच्ची आवाज’ बताया, जबकि प्रकाश राज ने छात्रों के अधिकारों के लिए खुलकर अपनी बात रखी। इन सितारों के अलावा रुबीना दिलैक, सोनाक्षी सिन्हा, अभय देओल और नसीरुद्दीन शाह जैसे कलाकारों ने भी वांगचुक के प्रति अपनी एकजुटता दिखाई है।
दीपिका पादुकोण के नाम से फैलाया जा रहा भ्रामक दुष्प्रचार
इस बीच सोशल मीडिया पर अभिनेत्री दीपिका पादुकोण के नाम से एक कथित इंस्टाग्राम स्टोरी का स्क्रीनशॉट तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल पोस्ट में दावा किया गया है कि अभिनेत्री ने सोनम वांगचुक का समर्थन किया और बाद में उसे डिलीट कर दिया। हालांकि, गहन पड़ताल से यह स्पष्ट हो गया है कि यह दावा पूरी तरह से आधारहीन और मनगढ़ंत है। दीपिका पादुकोण के किसी भी आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल पर ऐसी कोई स्टोरी या पोस्ट नहीं पाई गई है। यह स्पष्ट है कि किसी शरारती तत्व ने जानबूझकर अभिनेत्री की छवि खराब करने के लिए इस फर्जी स्क्रीनशॉट का निर्माण किया है।
फैंस का पलटवार
फेक पोस्ट के वायरल होते ही दीपिका के प्रशंसक बचाव में उतर आए हैं और ट्रोलर्स पर जमकर निशाना साध रहे हैं। फैंस का मानना है कि अभिनेत्री के खिलाफ यह नफरत फैलाने की एक सोची-समझी साजिश है। सोशल मीडिया उपयोगकर्ताओं ने कड़ी नाराजगी जताते हुए इसे बेहद ‘घटिया हरकत’ बताया है। फैंस ने ट्रोलर्स को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि प्रेग्नेंसी के नाजुक दौर से गुजर रही अभिनेत्री के बारे में ऐसी झूठी खबरें फैलाना न केवल अनैतिक है, बल्कि अत्यंत निंदनीय भी है।










