स्मार्टफोन इंडस्ट्री पर संकट: IDC बोला– 2026 में सबसे बड़ी गिरावट तय

अमेरिकी मार्केट इंटेलिजेंस कंपनी, इंटरनेशनल डेटा कॉरपोरेशन (IDC) ने चेतावनी दी है कि स्‍मार्टफोन मार्केट इस साल 2026 में अबतक की सबसे बड़ी गिरावट देखेगा। इसकी वजह मेमोरी और रैम की कीमतों में बढ़ोतरी को बताया गया है, जिससे स्‍मार्टफोन्‍स महंगे हो रहे हैं। आईडीसी ने कहा है कि स्‍मार्टफोन कंपनियों का शिपमेंट यानी डिवाइस की शिपिंग 10 साल से भी ज्‍यादा समय के निचले स्‍तर को देखने वाली है। हाल ही में देखा गया है कि स्‍मार्टफोन कंपनियों ने अपने तमाम प्रोडक्‍ट्स की कीमतों को बढ़ाया है। सैमसंग की A और F सीरीज के पुराने मॉडलों में 1 हजार

Wrriten By :

Editor

Published On :

फ़रवरी 27, 2026

Advertisements
728x90 Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital.jpg

अमेरिकी मार्केट इंटेलिजेंस कंपनी, इंटरनेशनल डेटा कॉरपोरेशन (IDC) ने चेतावनी दी है कि स्‍मार्टफोन मार्केट इस साल 2026 में अबतक की सबसे बड़ी गिरावट देखेगा। इसकी वजह मेमोरी और रैम की कीमतों में बढ़ोतरी को बताया गया है, जिससे स्‍मार्टफोन्‍स महंगे हो रहे हैं। आईडीसी ने कहा है कि स्‍मार्टफोन कंपनियों का शिपमेंट यानी डिवाइस की शिपिंग 10 साल से भी ज्‍यादा समय के निचले स्‍तर को देखने वाली है।

हाल ही में देखा गया है कि स्‍मार्टफोन कंपनियों ने अपने तमाम प्रोडक्‍ट्स की कीमतों को बढ़ाया है। सैमसंग की A और F सीरीज के पुराने मॉडलों में 1 हजार रुपये तक बढ़ोतरी हुई है। यह सब मेमोरी चिप्‍स और रैम की कीमत बढ़ने की वजह से हो रहा है। दिग्‍गज कंपनी वेस्‍टर्न डिजिटल (WD) ने हाल ही में बताया था कि उसके पास अगले 1 साल के मेमोरी चिप्‍स के ऑर्डर आ गए हैं।

12.9% घट सकता है स्‍मार्टफोन श‍िपमेंट
IDC की रिपोर्ट (REF.) के अनुसार, इस साल स्मार्टफोन शिपमेंट में 12.9% फीसदी की कमी देखने को मिल सकती है। इसके कुल स्‍मार्टफोन्‍स की शिपिंग 1.12 अरब यूनिट रहने की उम्मीद है। रिपोर्ट में कहा गया है कि इस गिरावट के कारण सबसे ज्‍यादा प्रभावित होंगे, सस्‍ते एंड्रॉयड स्‍मार्टफोन बनाने वाले मैन्‍युफैक्‍चरर्स।

छोटी कंपनियां कर रहीं बड़ा संघर्ष
इस रिपोर्ट में बताया गया है कि स्‍मार्टफोन मार्केट में कीमतें बढ़ने से छोटी कंपनियां बड़ा संघर्ष कर रही हैं। वह मार्केट से बाहर हो रही हैं। वहीं, ऐपल और सैमसंग जैसे दिग्‍गज अपना मार्केट शेयर बनाए हुए हैं। इसकी एक वजह यह हो सकती है कि प्रीमियम सेगमेंट में यूजर कुछ हजार के अंतर को गंभीरता से नहीं लेता। 20 हजार रुपये की प्राइस रेंज में थोड़ी सी बढ़ोतरी भी मुश्किल पैदा कर देती है।

कहां परेशानी झेलेंगी कंपनियां? एनाल‍िस्‍ट ने बताया
IDC की रिपोर्ट में एनालिस्ट्स ने बताया है कि कॉम्‍पोनेंट की लागत बढ़ने से स्‍मार्टफोन कंपनियों का मार्जिन कम होगा। उन्‍हें इसका बोझ अपने ग्राहकों पर डालना होगा। और कीमत बढ़ने से डिमांड कमजोर हो रही है। आईडीसी की रिपोर्ट कहती है कि अपने प्रीमियम स्‍मार्टफाेन्‍स की बदौलत ऐपल और सैमसंग जैसी कंपनियां इस मुसीबत का सामना करने के लिए बेहतर तरीके से तैयार हैं।

Leave a Comment

2