Shashi Tharoor का बयान, Rahul Gandhi ईमानदार नेता हैं, उनके खिलाफ टिप्पणी का समर्थन नहीं

कांग्रेस में 'सब ठीक है' का नया अध्याय: क्या शशि थरूर और राहुल गांधी के बीच की कड़वाहट अब इतिहास बन चुकी है? जानिए 120 मिनट की उस गुप्त बैठक के बाद थरूर ने कैसे राहुल गांधी को एक 'ईमानदार नेता' बताकर न केवल पार्टी के भीतर अपनी वफादारी साबित की, बल्कि उन तमाम अटकलों पर भी विराम लगा दिया जिनमें उनके भाजपा में जाने की चर्चा हो रही थी।

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

जनवरी 30, 2026

Shashi Tharoor: कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने शुक्रवार को राहुल गांधी को लेकर अपना रुख साफ करते हुए कहा कि उन्होंने कभी भी पार्टी नेता राहुल गांधी के खिलाफ किसी भी तरह की गलत या आपत्तिजनक टिप्पणी का समर्थन नहीं किया है। थरूर ने जोर देकर कहा कि उनके विचारों को गलत संदर्भ में पेश किया गया और वे राहुल गांधी के राजनीतिक मूल्यों और सार्वजनिक बयानों के साथ पूरी तरह सहमत हैं।

सांप्रदायिकता और नफरत की राजनीति के खिलाफ राहुल की आवाज

शशि थरूर ने कहा कि राहुल गांधी लगातार सांप्रदायिकता, नफरत और समाज को बांटने वाली राजनीति के खिलाफ मजबूती से बोलते रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज के राजनीतिक माहौल में, जहां ध्रुवीकरण बढ़ता जा रहा है, राहुल गांधी की यह भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। थरूर के मुताबिक, इसी वजह से देश के कई हिस्सों में लोग राहुल गांधी से जुड़ाव महसूस करते हैं और उनकी बातों को गंभीरता से सुनते हैं।

ईमानदारी को बताया राहुल गांधी की सबसे बड़ी ताकत

कांग्रेस सांसद ने राहुल गांधी की ईमानदारी की खुलकर तारीफ करते हुए कहा कि वे एक सच्चे और ईमानदार नेता हैं। थरूर ने कहा कि राजनीति में मतभेद स्वाभाविक होते हैं, लेकिन ईमानदारी और मूल्यों पर आधारित राजनीति दुर्लभ होती जा रही है। राहुल गांधी इस मामले में अलग पहचान रखते हैं और जनता के बीच भरोसे की भावना पैदा करते हैं।

गलत बयानों से खुद को किया अलग

शशि थरूर ने यह भी स्पष्ट किया कि राहुल गांधी के खिलाफ किसी भी तरह की नकारात्मक टिप्पणी या आलोचना से उनका कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने कहा कि अगर किसी ने उनके बयान को इस तरह से पेश किया है, जिससे यह लगे कि वे राहुल गांधी की आलोचना कर रहे हैं, तो वह पूरी तरह गलत है। थरूर ने दो टूक कहा कि इस मुद्दे पर उनकी कोई अलग राय नहीं है।थरूर के इस बयान को कांग्रेस के भीतर एकता के संकेत के रूप में देखा जा रहा है। हाल के दिनों में पार्टी नेतृत्व और वरिष्ठ नेताओं के बयानों को लेकर कई तरह की अटकलें लगाई जा रही थीं। ऐसे में थरूर का यह बयान स्पष्ट करता है कि कांग्रेस के भीतर राहुल गांधी के नेतृत्व और उनके विचारों को लेकर समर्थन कायम है।

कांग्रेस की राजनीति में राहुल गांधी की भूमिका

शशि थरूर ने अप्रत्यक्ष रूप से यह भी संकेत दिया कि राहुल गांधी पार्टी की विचारधारा के प्रमुख स्तंभ हैं। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी की राजनीति सामाजिक सद्भाव, समावेशिता और लोकतांत्रिक मूल्यों पर आधारित है। यही कारण है कि वे लगातार देश के अहम मुद्दों पर खुलकर अपनी बात रखते हैं, चाहे वह महंगाई हो, बेरोजगारी हो या सामाजिक तनाव।राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, शशि थरूर का यह बयान ऐसे समय में आया है, जब विपक्षी दल कांग्रेस के भीतर मतभेदों को उभारने की कोशिश कर रहे हैं। थरूर के स्पष्ट और संतुलित बयान से यह संदेश जाता है कि पार्टी के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी के साथ खड़े हैं और उनके खिलाफ किसी भी तरह की गलत व्याख्या को स्वीकार नहीं किया जाएगा।

राहुल गांधी को लेकर एकजुटता का संकेत

कुल मिलाकर, शशि थरूर का बयान राहुल गांधी के समर्थन और कांग्रेस पार्टी में एकजुटता का मजबूत संदेश देता है। उन्होंने यह साफ कर दिया है कि राहुल गांधी के खिलाफ किसी भी नकारात्मक टिप्पणी का समर्थन करना उनके सिद्धांतों के खिलाफ है और वे राहुल की सोच, संघर्ष और ईमानदारी के साथ पूरी तरह सहमत हैं।