Sambhal Violence: संभल हिंसा का मास्टरमाइंड शारिक साठा अब होगा कंगाल, पुलिस ने शुरू की घर की कुर्की

संभल हिंसा के मुख्य आरोपी और मास्टरमाइंड शारिक साठा पर प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। दुबई से हिंसा का जाल बुनने वाले इस अपराधी की करोड़ों की संपत्ति आज कुर्क की जा रही है। 69 मुकदमों के आरोपी साठा को भगोड़ा घोषित कर अब इंटरपोल के जरिए पकड़ने की तैयारी है।

Sambhal Violence

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

जनवरी 21, 2026

Sambhal Violence: संभल के दीपा सराय इलाके में आज गहमागहमी का माहौल है। शाही जामा मस्जिद सर्वे के दौरान भड़की हिंसा के मुख्य आरोपी शारिक साठा की संपत्तियों पर आज पुलिस का ‘डंडा’ चलने वाला है। प्रशासन ने न केवल उसे भगोड़ा घोषित किया है, बल्कि उसकी अरबों की काली कमाई को जब्त करने की तैयारी भी पूरी कर ली है।

Sambhal News: संभल में जमीन के नीचे मिला ‘मिनी पावर स्टेशन’, 60 घरों में जल रही थी फ्री बिजली; अधिकारी रह गए दंग!

आरोपी की चल-अचल संपत्ति पर पुलिसिया कार्रवाई

मिली जानकारी के अनुसार संभल पुलिस आज बुधवार, 21 जनवरी को शारिक साठा के दीपा सराय स्थित आवास और अन्य संपत्तियों को कुर्क करने की कार्यवाही अंजाम दे रही है। अदालत ने 13 जनवरी को ही इस कुर्की के लिए अपनी मुहर लगा दी थी। पूर्व में प्रशासन ने गैंगस्टर एक्ट 14ए के तहत साठा की 267 वर्गमीटर जमीन को पहले ही अपने कब्जे में ले लिया था। चूँकि नोटिस की मियाद पूरी हो चुकी है, इसलिए अब पुलिस उसकी अन्य कीमती वस्तुओं और अचल संपत्तियों को जब्त करने के लिए मौके पर मौजूद है।

कुख्यात अपराधी शारिक साठा का काला चिट्ठा

आपको बता दे कि, शारिक साठा कोई मामूली अपराधी नहीं है; वह अपराध की दुनिया का एक बड़ा नाम है। उसके विरुद्ध हत्या, आर्म्स एक्ट और संभल दंगों सहित कुल 69 गंभीर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, वह एक अंतरराष्ट्रीय स्तर का ऑटो लिफ्टर (वाहन चोर) भी है। कोतवाली पुलिस ने हाल ही में उस पर चार लोगों की हत्या के पृथक मामले दर्ज किए हैं। वर्तमान में वह इन सभी मामलों में फरार चल रहा है और कानून की गिरफ्त से दूर है।

दुबई से रची गई संभल हिंसा की साजिश

एसआईटी (SIT) की जांच रिपोर्ट में एक चौंकाने वाला खुलासा हुआ है। रिपोर्ट के अनुसार, शारिक साठा संभल में मौजूद नहीं था, बल्कि वह दुबई (UAE) में बैठकर इंटरनेट के जरिए अपने गुर्गों (गुलाम और मुल्ला अफरोज) को निर्देश दे रहा था। पुलिस का आरोप है कि हिंसा के दौरान अवैध हथियारों की सप्लाई और भीड़ को उकसाने का काम साठा के इशारे पर ही हुआ था। उसे ‘भगोड़ा’ घोषित करने के साथ-साथ प्रशासन अब इंटरपोल के माध्यम से ‘रेड कॉर्नर नोटिस’ जारी करवाने की कोशिश कर रहा है ताकि उसे भारत प्रत्यर्पित किया जा सके।

जामा मस्जिद सर्वे के दौरान भड़का उन्माद

संभल में हिंसा की शुरुआत तब हुई जब स्थानीय अदालत के निर्देश पर शाही जामा मस्जिद का वैज्ञानिक सर्वे किया जा रहा था। इसे महज एक तात्कालिक घटना नहीं, बल्कि एक सुनियोजित और संगठित साजिश माना जा रहा है। इस हिंसक टकराव में पत्थरबाजी और आगजनी के बीच चार युवकों की जान गई थी, जबकि 29 पुलिसकर्मी और अधिकारी गंभीर रूप से घायल हुए थे। साठा पर आरोप है कि उसने इस धार्मिक मुद्दे का फायदा उठाकर शहर का माहौल बिगाड़ने की गहरी साजिश रची थी।

अपराधियों और दंगाइयों को सख्त संदेश

संभल प्रशासन की इस कार्रवाई से साफ है कि हिंसा फैलाने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा। शारिक साठा की संपत्तियों पर की जा रही यह कुर्की की कार्रवाई अन्य अपराधियों के लिए एक नजीर पेश करेगी। पुलिस महानिरीक्षक और स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि जब तक साठा आत्मसमर्पण नहीं करता या उसे गिरफ्तार नहीं कर लिया जाता, तब तक उसकी आर्थिक कमर तोड़ने की यह प्रक्रिया जारी रहेगी।

Sambhal News: बुलडोजर के खौफ से ग्रामीणों ने खुद ही तोड़ी मस्जिद, जानें क्या है पूरा मामला