Rahul Gandhi Auto Drivers Meeting: ऑटो ड्राइवर की वर्दी में दिखे राहुल गांधी, दिल्ली में चालकों के साथ किया लंच

कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शुक्रवार को दिल्ली के बंगाली मार्केट में ऑटो-रिक्शा चालकों के साथ मुलाकात की। उन्होंने ऑटो-ड्राइवर की वर्दी पहनकर चालकों के साथ लंच किया और उनकी समस्याओं को ध्यान से सुना। राहुल गांधी ने बढ़ती सीएनजी कीमतों और महंगाई के कारण चालकों को हो रही परेशानियों पर चर्चा की और उन्हें संसद में उठाने का आश्वासन दिया।

Rahul Gandhi Auto Drivers Meeting

Wrriten By :

Aanchal Singh

Published On :

मई 29, 2026

Rahul Gandhi Auto Drivers Meeting: कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने शुक्रवार को सेंट्रल दिल्ली के बंगाली मार्केट इलाके में ऑटो-रिक्शा चालकों के साथ एक विशेष मुलाकात की। इस दौरान राहुल गांधी ने न केवल चालकों की समस्याओं को धैर्यपूर्वक सुना, बल्कि खुद ऑटो-ड्राइवर की यूनिफॉर्म पहनकर उनके साथ जमीन पर बैठकर दोपहर का भोजन भी किया। टोडरमल रोड के पास स्थित पार्क में करीब आधे घंटे तक चले इस अनौपचारिक संवाद का उद्देश्य आम आदमी और विशेषकर परिवहन क्षेत्र से जुड़े लोगों के दैनिक संघर्षों को करीब से समझना था।

पेट्रोल-डीजल और सीएनजी की कीमतों का बोझ

यद्यपि राहुल गांधी और चालकों के बीच हुई विस्तृत बातचीत के सभी बिंदुओं का खुलासा नहीं हुआ है, लेकिन यह स्पष्ट है कि चर्चा का मुख्य केंद्र बढ़ती महंगाई रही। राहुल गांधी पिछले काफी समय से सीएनजी, पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों को लेकर केंद्र सरकार पर हमलावर रहे हैं। उनका मानना है कि ईंधन की कीमतों में हो रही भारी वृद्धि ने ऑटो चालकों की कमर तोड़ दी है और उनके लिए परिवार का भरण-पोषण करना एक बड़ी चुनौती बन गया है। उन्होंने पहले भी चुनाव प्रचार के दौरान आगाह किया था कि ईंधन की कीमतें आम जनता के बजट को प्रभावित करेंगी।

तेल और गैस की कीमतों में उछाल

बीते कुछ दिनों में ईरान-अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव और मिडिल ईस्ट में अस्थिरता के कारण वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में भारी उछाल आया है। इसका सीधा असर दिल्ली-एनसीआर में भी देखने को मिल रहा है। इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड (IGL) ने हाल ही में सीएनजी की कीमतों में लगातार बढ़ोतरी की है। महज कुछ दिनों के भीतर कई बार सीएनजी के दाम बढ़ाए गए हैं, जिससे ऑटो चालकों की दैनिक कमाई का एक बड़ा हिस्सा ईंधन खर्च में जा रहा है। बढ़ती कीमतों का यह सिलसिला आम नागरिकों के साथ-साथ सार्वजनिक परिवहन सेवा प्रदाताओं के लिए भी चिंता का विषय बना हुआ है।

जनता के बीच राहुल गांधी की अनूठी कार्यशैली और जमीनी जुड़ाव

राहुल गांधी का यह ‘जन-जुड़ाव’ कार्यक्रम कोई पहली बार नहीं देखा गया है। इससे पहले नवंबर 2025 में बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान उन्होंने बेगूसराय में स्थानीय मछुआरों के साथ तालाब में उतरकर मछली पकड़कर सुर्खियाँ बटोरी थीं। उस दौरान उनका पारंपरिक तरीके से मछली पकड़ने वाला वीडियो सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुआ था। आम नागरिकों के बीच जाकर उनकी समस्याओं को करीब से महसूस करने की यह शैली राहुल गांधी की नई राजनीतिक रणनीति का हिस्सा मानी जा रही है, जो उन्हें जनता के सीधे संपर्क में लाने का कार्य कर रही है।

संसद में गूंजेगी ऑटो चालकों की समस्या?

राजनीतिक पर्यवेक्षकों का मानना है कि राहुल गांधी का ऑटो चालकों के साथ यह संवाद केंद्र सरकार पर दबाव बनाने की एक सोची-समझी कोशिश है। बढ़ती महंगाई और ईंधन की कीमतों में हो रही वृद्धि के खिलाफ वे लगातार आम जनता की आवाज बन रहे हैं। ऑटो चालकों से प्राप्त इन फीडबैक को वे आगामी सत्रों में संसद के पटल पर रखने और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने इस मुद्दे को उठाने की तैयारी में हैं, ताकि परिवहन क्षेत्र की इन विकट समस्याओं का कोई स्थायी समाधान निकल सके।