Punjab News: VIP पर हमले की साजिश नाकाम, पाकिस्तान से आए हथियारों का खुलासा

जालंधर. भाजपा नेता मनोरंजन कालिया के घर ग्रेनेड हमले की साजिश रचने वाले बब्बर खालसा इंटरनेशनल (बीकेआइ) के आतंकी नेटवर्क के पकड़े गए आरोपितों ने बताया कि उनके पास से बरामद पिस्टल पाकिस्तानी तस्कर ने अपने किसी साथी को भेजकर उपलब्ध करवाई थी, जो जालंधर में ही मिले थे। सीआइए स्टाफ ने आतंकी कुलबीर सिंह सिद्ध के जिन दो शार्प शूटरों को गिरफ्तार किया था, उनको तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। जांच में सामने आया है कि जालंधर सहित पटियाला व अमृतसर में वीआइपी निशाने पर थे। शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि आरोपितों से

Wrriten By :

Editor

Published On :

जुलाई 31, 2026

Advertisements
728x90 Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital.jpg

जालंधर.

भाजपा नेता मनोरंजन कालिया के घर ग्रेनेड हमले की साजिश रचने वाले बब्बर खालसा इंटरनेशनल (बीकेआइ) के आतंकी नेटवर्क के पकड़े गए आरोपितों ने बताया कि उनके पास से बरामद पिस्टल पाकिस्तानी तस्कर ने अपने किसी साथी को भेजकर उपलब्ध करवाई थी, जो जालंधर में ही मिले थे।

सीआइए स्टाफ ने आतंकी कुलबीर सिंह सिद्ध के जिन दो शार्प शूटरों को गिरफ्तार किया था, उनको तीन दिन के पुलिस रिमांड पर लिया गया है। जांच में सामने आया है कि जालंधर सहित पटियाला व अमृतसर में वीआइपी निशाने पर थे। शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि आरोपितों से बरामद दोनों पिस्टल पाकिस्तान में बैठे आतंकियों के नेटवर्क के जरिए उपलब्ध कराए गए थे। जांच एजेंसियां इस बात की भी पड़ताल कर रही हैं कि हथियार सीमा पार से किस चैनल के जरिए पंजाब तक पहुंचे।

एक महीने से रख रहे थे VIP व्यक्तियों की गतिविधियों पर नजर
गिरफ्तार आरोपितों की पहचान नकोदर के गांव मुज्जफरपुर निवासी विशाल कुमार और मानवजीत सिंह के रूप में हुई है। दोनों करीब एक महीने से जालंधर के दो प्रमुख वीआइपी व्यक्तियों की गतिविधियों पर नजर रख रहे थे। उनकी दिनचर्या, आवागमन के रास्ते और सुरक्षा व्यवस्था की रेकी पूरी की जा चुकी थी। यदि समय रहते दोनों गिरफ्तार नहीं होते तो किसी बड़ी टारगेट किलिंग की वारदात से प्रदेश का माहौल बिगड़ सकता था।

अमृतसर और पटियाला में वारदात की सौंपी गई थी जिम्मेदारी
पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि जालंधर के अलावा आरोपितों को अमृतसर और पटियाला में भी दो अलग-अलग वारदात को अंजाम देने की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। इन घटनाओं के पीछे आतंकी संगठन का मकसद पंजाब में भय और अस्थिरता का माहौल पैदा करना था। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि इन शहरों में संभावित निशाने कौन थे और साजिश किस स्तर तक पहुंच चुकी थी।

पुलिस कमिश्नर सतिंदर सिंह ने बताया कि सूचना के आधार पर डीसीपी इन्वेस्टिगेशन मनप्रीत सिंह ढिल्लों की निगरानी में एसीपी अमरबीर सिंह और सीआइए स्टाफ प्रभारी सुरिंदर सिंह की टीम ने भगत सिंह कालोनी के पास दोनों आरोपितों को काबू लिया। तलाशी के दौरान उनके कब्जे से दो पिस्टल और कारतूस बरामद किए गए। थाना डिवीजन नंबर 1 में संगठित अपराध और आतंकवादी गतिविधियों से संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है।

2