Pune Building Collapse: पुणे में बारिश के बीच इमारत धराशायी, कई लोगों की जान खतरे में

महाराष्ट्र के पुणे जिले के पिंपरी-चिंचवड़ (मोशी) में भारी बारिश के बीच एक इमारत गिर गई है, जिसके मलबे में कम से कम 15 लोगों के फंसे होने की आशंका है।

Pune Building Collapse

Wrriten By :

Nivedita Kasaudhan

Published On :

जुलाई 8, 2026

Pune Building Collapse: महाराष्ट्र में मानसून की मार के बीच एक बेहद दर्दनाक और बड़ा हादसा सामने आया है। पुणे जिले के पिंपरी-चिंचवड़ औद्योगिक क्षेत्र के मोशी इलाके में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के दौरान एक इमारत अचानक ताश के पत्तों की तरह ढह गई। अधिकारियों से मिली प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, इस मलबे के नीचे कम से कम 15 लोगों के दबे होने की गंभीर आशंका जताई जा रही है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और राहत दल की टीमें मौके पर पहुंच गई हैं और मलबे से लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए युद्ध स्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है।

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कैसे हुआ यह भीषण हादसा?

यह दिल दहला देने वाली घटना मोशी कचरा डिपो (Garbage Depot) के पास स्थित एक इमारत में हुई। नगर निगम और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा दी गई शुरुआती जानकारी के मुताबिक, पुणे और उसके आसपास के इलाकों में पिछले कुछ दिनों से रिकॉर्ड-तोड़ और लगातार भारी बारिश हो रही है।

इस मूसलाधार बारिश के कारण मोशी कचरा डिपो में मौजूद कचरे का एक बहुत बड़ा हिस्सा और विशाल ढेर भारी हो गया और अचानक खिसककर पास की इस इमारत पर आ गिरा। कचरे और मिट्टी के इस जबरदस्त दबाव को इमारत झेल नहीं सकी और भरभराकर जमींदोज हो गई। हादसे के वक्त इमारत के भीतर कई लोग मौजूद थे, जिन्हें संभलने तक का मौका नहीं मिला।

घटनास्थल पर पहुंचीं आपातकालीन टीमें, घेराबंदी शुरू

हादसे की भयावहता को देखते हुए पिंपरी-चिंचवड़ नगर निगम (PCMC), स्थानीय पुलिस, फायर ब्रिगेड और अन्य आपातकालीन सेवा वाली एजेंसियों की टीमें तुरंत हरकत में आईं और मोशी इलाके में घटनास्थल पर पहुंच गईं। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस ने पूरे प्रभावित इलाके की घेराबंदी (Cordoned Off) कर दी है, ताकि राहत कार्य में कोई बाधा न आए। मलबे से निकाले जा रहे घायलों को तुरंत चिकित्सा सहायता देने के लिए मौके पर कई एम्बुलेंस तैनात की गई हैं, जो उन्हें पास के अस्पतालों में पहुंचा रही हैं।

अधिकारियों का कहना है कि मलबे को हटाने और फंसे हुए लोगों की सही संख्या की पुष्टि करने में कुछ समय लग सकता है, क्योंकि भारी बारिश और कचरे की दुर्गंध के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ में जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त

इस हादसे ने पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ क्षेत्र में बारिश के बाद पैदा हुए गंभीर हालातों को एक बार फिर उजागर कर दिया है। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण:

निचले इलाकों में जलभराव: शहर के अधिकांश निचले रिहायशी और कमर्शियल इलाकों में पानी भर गया है, जिससे बाढ़ जैसी स्थिति पैदा हो गई है।

सड़कों पर भारी जाम: जलजमाव के कारण पुणे और पिंपरी-चिंचवड़ की प्रमुख सड़कों पर गाड़ियों के पहिए थम गए हैं और मीलों लंबा ट्रैफिक जाम लग गया है।

कर्मचारियों को परेशानी: पिंपरी-चिंचवड़ एक बड़ा इंडस्ट्रियल हब है, इसलिए लगातार हो रही इस बारिश से फैक्ट्रियों में काम करने वाले नौकरीपेशा लोगों और आम नागरिकों को दफ्तर और घर आने-जाने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे बहुत जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकलें और जलजमाव वाले व कमजोर निर्माण वाले इलाकों से दूर रहें। फिलहाल पूरी ताकत मलबे में दबी जिंदगियों को सुरक्षित बचाने में लगाई जा रही है।

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