Matua Thakurbari : बंगाल में चुनाव प्रचार के बीच मतुआ ठाकुरबाड़ी पहुंचे पीएम मोदी, साझा की तस्वीरें

पश्चिम बंगाल में चुनावी पारा सातवें आसमान पर है और इसी बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अचानक उत्तर 24 परगना के ठाकुरनगर स्थित मतुआ ठाकुरबाड़ी पहुँच गए। यहाँ उन्होंने मतुआ समुदाय के आराध्य श्री श्री हरिचांद ठाकुर को नमन किया। आखिर इस दौरे के पीछे का असली संदेश क्या है और क्यों विपक्ष में खलबली मची है?

Wrriten By :

Chandan Das

Published On :

अप्रैल 26, 2026

Advertisements
728x90 Uttar Pradesh Police Mission Shakti Digital.jpg

Matua Thakurbari :  पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के निर्णायक मोड़ पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को उत्तर 24 परगना जिले के प्रसिद्ध मतुआ ठाकुर मंदिर में हाजिरी लगाई। पीएम मोदी ने मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना की और मतुआ समुदाय के आध्यात्मिक गुरुओं, श्री श्री हरिचंद ठाकुर और श्री श्री गुरुचंद ठाकुर को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (पूर्व में ट्विटर) पर अपनी इस यात्रा की तस्वीरें साझा करते हुए लिखा कि इन महान गुरुओं के आदर्श और शिक्षाएं आज भी हमारे समाज को नई दिशा दे रहे हैं और मानवता का मार्ग आलोकित कर रहे हैं। इस यात्रा के माध्यम से पीएम ने मतुआ समुदाय की धार्मिक भावनाओं और उनके सामाजिक योगदान को सम्मान दिया।

‘बोरो मां’ की यादें हुईं ताजा: पुरानी यात्रा और आशीर्वाद का किया जिक्र

प्रधानमंत्री ने मंदिर दर्शन के दौरान अपनी एक पुरानी और भावनात्मक तस्वीर भी साझा की, जिसमें वे मतुआ समुदाय की दिवंगत और श्रद्धेय मातृशक्ति ‘बोरो मां’ के साथ नजर आ रहे हैं। उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा कि आज मंदिर परिसर में मौजूद रहकर उन्हें अपनी पिछली यात्रा और बोरो मां के साथ बिताए वे पल याद आ गए, जब उन्हें उनका स्नेह और आशीर्वाद मिला था। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ‘बोरो मां’ के साथ अपनी यादें ताजा कर पीएम मोदी ने मतुआ मतदाताओं के साथ एक गहरा भावनात्मक जुड़ाव स्थापित करने की कोशिश की है, जो बंगाल चुनाव में किंगमेकर की भूमिका निभाते हैं।

https://x.com/narendramodi/status/2048339033382908364?ref_src=twsrc%5Etfw%7Ctwcamp%5Etweetembed%7Ctwterm%5E2048339033382908364%7Ctwgr%5Ec407a1b0b8eac526a14ed2e66845d529e0adcba9%7Ctwcon%5Es1_c10&ref_url=https%3A%2F%2Fndtv.in%2Findia%2Fwest-bengal-assembly-elections-2026-pm-modi-visits-matua-thakur-temple-election-campaign-in-bengal-11411326

शरणार्थी परिवारों को मोदी की गारंटी: नागरिकता और हक देने का किया वादा

बनगांव में आयोजित ‘विजय संकल्प सभा’ को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने शरणार्थी परिवारों, विशेषकर मतुआ-नामशूद्र समुदाय के लोगों के लिए बड़े वादे किए। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि उनकी सरकार हर शरणार्थी परिवार के साथ खड़ी है। पीएम ने भरोसा दिलाया, “आपको भारत की नागरिकता भी मिलेगी और एक पक्का घर (एड्रेस) भी। आपको वे सभी सरकारी दस्तावेज और अधिकार दिए जाएंगे, जो देश के किसी भी अन्य नागरिक को मिलते हैं।” उन्होंने कहा कि विपक्ष चाहे कितना भी भ्रम फैला ले, लेकिन शरणार्थियों को उनका वाजिब हक दिलाने से कोई ताकत नहीं रोक सकती।

घुसपैठियों को अंतिम चेतावनी: ’29 अप्रैल तक देश छोड़ें, वरना खदेड़े जाएंगे’

प्रधानमंत्री ने चुनावी रैली के मंच से अवैध घुसपैठियों के खिलाफ अब तक का सबसे सख्त रुख अपनाया। उन्होंने डंके की चोट पर चेतावनी देते हुए कहा कि जो लोग अवैध तरीके से सीमा पार कर बंगाल में घुसे हैं और फर्जी दस्तावेजों के सहारे यहां रह रहे हैं, उनके पास 29 अप्रैल तक का समय है। पीएम मोदी ने कड़े लहजे में कहा, “4 मई के बाद भाजपा की सरकार हर घुसपैठिए को चुन-चुनकर बाहर निकालेगी।” उन्होंने ममता बनर्जी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि अब टीएमसी की तुष्टीकरण की राजनीति किसी भी अवैध घुसपैठिए को सुरक्षा प्रदान नहीं कर पाएगी।

https://x.com/narendramodi/status/2048339299352052070?ref_src=twsrc%5Etfw%7Ctwcamp%5Etweetembed%7Ctwterm%5E2048339299352052070%7Ctwgr%5Ec407a1b0b8eac526a14ed2e66845d529e0adcba9%7Ctwcon%5Es1_c10&ref_url=https%3A%2F%2Fndtv.in%2Findia%2Fwest-bengal-assembly-elections-2026-pm-modi-visits-matua-thakur-temple-election-campaign-in-bengal-11411326

मां-माटी-मानुष के नारे पर प्रहार: टीएमसी के ‘पाप’ गिनाए

अपने संबोधन के अंत में पीएम मोदी ने टीएमसी के प्रसिद्ध नारे ‘मां-माटी-मानुष’ की वर्तमान स्थिति पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि 15 साल पहले इसी नारे के दम पर सत्ता में आने वाली ममता बनर्जी आज इन शब्दों का जिक्र करने से भी कतराती हैं। प्रधानमंत्री ने आरोप लगाया कि टीएमसी की निर्मम नीतियों ने बंगाल की ‘मां’ को आंसू दिए हैं, यहां की ‘माटी’ को सिंडिकेट और घुसपैठियों के कब्जे में दे दिया है और ‘मानुष’ को बेकारी के कारण दूसरे राज्यों में पलायन करने पर विवश कर दिया है। उन्होंने कहा कि अगर टीएमसी इन शब्दों को दोहराएगी तो जनता को उनके पुराने वादे और वर्तमान पाप याद आ जाएंगे।

Read More:  Kedarnath Yatra 2026: बाबा केदार के दरबार में रिकॉर्ड भीड़, तीन दिनों में लाखों भक्त पहुंचे

2